Extraordinary Communication Skills - By Sandeep Maheshwari I Hindi

In this Hindi motivational session, the speaker stresses that communication skill is the single most essential ability for success in any field—whether a job, business, or personal relationships. He argues that techniques alone are insufficient; true mastery comes from deeply understanding the person you are speaking to. The talk walks through the process of observation, active listening, and unbiased perception, illustrating with everyday examples such as a shopkeeper‑customer interaction, family arguments, and sales scenarios. Key practices highlighted include: pausing before speaking, asking open‑ended questions, matching the interlocutor’s emotional tone, using body language (smile, eye contact), and maintaining honest intention. The speaker repeatedly emphasizes that without genuine intent and empathy, even the most polished techniques fail, and that developing these habits transforms a person into an “extraordinary communicator” capable of influencing and connecting with anyone.
Chapters
आप चाहे जॉब करो, चाहे बिजनेस करो, एक स्किल ऐसी है जो आपके अंदर होनी ही चाहिए। उसके बिना आप लाइफ में आगे नहीं बढ़ सकते। वो है कम्युनिकेशन स्किल। सब मानते हैं इस बात को? Yes or no? Yes. ये एक ऐसी क्वालिटी है जो आज नहीं तो कल आपको अपने अंदर डेवलप करनी ही पड़ेगी। फिर चाहे आपको नौकरी चाहिए, चाहे छोकरी चाहिए। दोनों ही केस में भैया बहुत काम आएगा। अब अब कुछ लोग मैं देख रहा हूँ अलर्ट हो गए। जो यहाँ पे थोड़े लॉन्डन लपाड़े नजर आ रहे हैं ना? उन्होंने कहा हाँ ये काम की बात आई है। नौकरी तो मेरे पिताजी लगवा देंगे। कुछ भी करोगे तो वो चाहिए ही चाहिए है, उसको इंप्रूव करना ही होगा। तो अगर मैं आपसे लोगों से पूछता हूँ कि अगर अपनी कम्युनिकेशन स्किल्स को आपको एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी बनाना है, ऐसी कि जो भी आपसे मिले, आपसे बात करे, वो आपका हो जाए या आपकी हो जाए? ऐसा कैसे होगा? सर पहले तो लूपहोल Very nice। और बताइए। सर हर नए individual से मिलने पे हमें कुछ और progress करनी चाहिए कि हम और अच्छे तरीके से अपने आप को express कर पाएं उसके सामने। But express करते कैसे हैं? पहले उस इंसान को जानना चाहिए जो हमारे सामने है, मतलब जानना चाहिए in the sense कि जैसे वो सामने आता है तो हमें पता होना चाहिए कि उसका उसका motive क्या है हमसे बात करने मतलब कि हमको सामने वाले को समझना होगा। The biggest quality for extraordinary communication skills, इससे बड़ा और कुछ हो नहीं सकता। मतलब कि understanding। अगर communication skills को मेरे को एक word में समाप्त करना हो, एक है techniques। आप internet पे जाओगे या इधर-उधर books पढ़ोगे, आपको techniques मिलेंगी कि अपनी communication skills को ना ऐसे improve कर लो। बट रियल लाइफ से आप देखोगे उसका कोई डायरेक्ट कनेक्शन नहीं है क्योंकि अगर आपको नहीं समझ आ रहा कि सामने वाले को आपसे क्या चाहिए तो आप चाहे कितने भी एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी कम्युनिकेटर हो फेल हो जाओगे मैं आपको एक रियल लाइफ एग्जांपल देता हूँ कि कोई सेल्समैन है उसकी बात करने का स्ट लेकिन आप मांग कुछ और रहे हो, आपको दिखा कुछ और रहा है। होते हैं ऐसे? हाँ, आप एक स्टोर में गए, आप जा करके उसको समझा रहे हो, भैया देखो मेरको ये चाहिए, ये चाहिए। हनी मैडम ये अभी लाया। ओ लाया अंदर से पांच मिनट लगा करके, मतलब आपका पांच मिनट ख़राब करे, होता है ऐसा? अंदर से चार चीज होता है हम्म कि दो लोग हैं अब ये बड़ा सिंपल सा एग्जांपल है आप लोग सब रिलेट करोगे घर में माँबाप की लड़ाई हो रही है दोनों एक दूसरे को यही बोल रहे हैं तुम समझो तो सही मैं कह क्या रहा हूँ आपको समझ आ रहा है मैं बोल क्या रही हूँ मैं बोल कुछ रही हूँ आप कुछ और बोल रहे हो किसी समझ आ रहा है डे टू डे लाइफ से रिलेट कर पा रहे हो इन सब चीजों को तो यहाँ पर कम्युनिकेशन की कोई गुंजाइश ही नहीं है क्या हो रहा होगा आपस में आर्गुमेंट हो रहा होगा कॉन्फ्लिक्ट हो रहा होगा यही होता है जो भी बंदे आर्गुमेंट्स कर रहे हैं समझ जाओ उनकी कम्युनिकेशन स्किल जीरो है जो जितन उस डिस्कशन का जो ट्रैक है उसको चेंज कर देगा। सामने वाले बंदे से एग्री कर जाएगा। The moment you agree, सामने वाले से एग्री कर गए, आर्गुमेंट खत्म। देख रहे हो ये छोटे-छोटे न्यूएंसेस हैं कि आपकी एक शॉप है या आप कहीं पे जॉब करते हो, कोई क्लाइंट आपके पास में आया, उसने आकर के आपके प्रोडक्ट के बार अब आपके पास दो ऑप्शंस हैं। एक तो ये उससे आर्गुमेंट करो, वो आर्गुमेंट कभी जीत पाओगे? नहीं। वो अपने पॉइंट को प्रूफ करेगा, आप अपने पॉइंट ऑफ़ व्यू को प्रूफ करोगे। इसका मतलब आपकी कम्युनिकेशन स्किल्स कैसी हैं? जीरो। जीरो है, बिल्कुल रद्दी है। क्योंकि आप यहाँ से बढ़-बढ़ कर फिर भी agreed हाँ जो आप कह रहे हो सही है अब कैसे argue करेगा वो बंदा सोचो समझ रहे हो मैं समझ सकता हूँ कि आप क्या कह रहे हो I understand I agree लेकिन एक track change किया आपने लेकिन मैं एक बार समझना चाहूँगा आप कहे क्या रहे हो और किस base पे कह रहे हो उससे पूछना शुरू किया अब क्या हो रहा है यहाँ पे आर्गुमेंट हो रहा है या डिस्कशन हो रहा है? अगर ये आप समझ पाओ तो कम्युनिकेशन अच्छी हो सकती है। तो कम्युनिकेशन का स्कोप है, नहीं तो कम्युनिकेशन का कोई स्कोप नहीं। अब समझने के लिए क्या करना पड़ेगा? बताओ जी, जवाब दो। ऑब्जर्व करना पड़ेगा। ऑब्जर्व करना क्या ह तो बोलने से पहले देखना कि वो क्या कर रहा है, उसके बाद कैसे समझना कि आखिर उसका माइंडसेट किस तरीके का है और उससे क्या बातें कर सकते हैं जो उसका रिप्लाई अच्छा मिलेगा। You should think before you speak. You should reconcile your thoughts and then come to a conclusion. Right. You should reconcile your thoughts. You should observe. But my question is very simple. My question is what is observation? Conscious. कभी सोचते हैं हम? Deeply सोचो। एकदम से बोलूँगा। यही हमारी प्रॉब्लम है। हम बोलते बहुत जल्दी-जल्दी हैं, चीजों को समझते नहीं हैं deeply। कभी हमने समझने की कोशिश करी? What is observation? आप मुझे देख रहे हो, सुन रहे हो, क्या इतना ही काफी है? इसको observation कहेंगे? इसको listening कहेंगे? एक extraordinary listening कहेंगे? क्योंकि आप मुझे देख तो रहे हो, मुझे सुन तो रहे हो, लेकिन अपने अंदर ही अंदर कुछ सोच रहे हो। क्या कि मेरे सेशन देख रहे होते हो, उसमें मैं कुछ बोल रहा होता हूँ और अपने मनी मन क्या सोच रहे होते हो, हाँ ये जो बनदा बोल रहा है वो तो ठीक है लेकिन इसको पता नहीं है मेरे माबाब कैसे हैं आता है माइडवे? हाँ Observation means अब इसको ध्यान से समझना। Observation means being unbiased, जैसे एक scientist होता है। एक scientist को समझना है किसी चीज़ को। मानलो skin को समझना है कि skin क्या है? तो अब observe करने के दो तरीके हैं। एक तो है from a layman's perspective। वो कैसे देखेगा skin काली है, गोरी है, skin अच्छी है, बुरी है? ये स्किन इंडियन की है, ये स्किन फिरंगी की है, व्हाटेवर इट इज़। हीज़ नॉट कंसर्न्ड अबाउट द स्किन। इसका टेक्सचर ऐसा है, इसका टेक्सचर वैसा है। ये नहीं, सिर्फ देखना। आपको ये तक समझना होता है कि सामने वाला जो बंदा है, वो बोल तो रहा है, but एक्चुअल में वो क्या चाहता है? ज आप क्या कहोगे भैया पचास का देना है दे दे, जबकि आप मनीमन क्या सोच रहे हो सौ में भी बुरा नहीं है। मुझे तो पसंद आ गया है, लेकिन आप क्या कह रहे हो पचास रुपए? तो अब अगर वो शॉपकीपर नहीं समझ पाया इस खेल को, तो शायद वो पचास में दे देगा आपको या साठ में दे देगा, कॉस्ट टू कॉस्ट दे द तो उसको कुछ और चाहिए, यानी कि आप अगर वो शॉपकीपर हो, आपको कुछ और चाहिए, आपको सौ रुपए चाहिए, सामने वाला आपको पचास रुपए दे रहा है, आपकी कॉस्ट साठ रुपए है, अब क्या करोगे? वो किया जो सामने वाला चाहता है, तो आप मारे गए। वो किया जो मैं चाहता हूँ, तभी बीच का रास्ता नहीं न तच करूँ ना तो वो ये है कि आपको क्वेश्चंस पूछने होंगे सामने वाले से जैसे ही सामने वाला कोई बोलता है कुछ भी बात कर रहा होता है चाहे वो फ्रेंड्स के बीच में हो रही है रिलेटिव्स के बीच में हो रही है पेरेंट्स के साथ हो रही है ऑफिस में कलीग्स के बीच में हो रही है बिजनेस में आपके क्लाइंट और हमने अजूम कर लिया कि हाँ हमको समझ आ गया है इतनी जल्दी नहीं समझ आता है समझना पड़ता है सामने वाले ने कोई बात बोली तो उससे पूछना है कि आप ऐसा क्यों बोल रहे हो मतलब और थोड़ा इंट्रेस के साथ में है ना specially जो थोड़े बड़े बूढ़े relatives होते हैं एक के बाद एक अच्छा ये क्या कर रहे हो वो क्या कर रहे हो नहीं नहीं समझ में कुछ नहीं आ रहा है उनको बोलो जो पहले का मैंने जवाब दिया था समझ आया नहीं नहीं वो छोड़ो ये दूसरा मैंने रटे हुए हैं सारे के सारे questions और जिससे मिलेंगे सबसे एक जैसे questions प यानी कि आपकी इंटेंशन है कि मुझे जेनुइनली इससे जा करके बात करनी है, समझना है। तो आपकी बॉडी लैंग्वेज कैसी होगी? लगाओ दिमाग। कभी नोट किया है दो लोगों के बीच में कॉन्वर्सेशन हो रही होती है, वो सामने से कुछ बोल रहा होता है और वो इधर-उधर देख रहा होता है, है ना? मतलब वो इर्रिट सामने वाला बंदा और खुंदक में आ जाएगा। तो उसको क्या करना है? अगर वो कुछ नेगेटिव भी बोल रहा है, आपको कोई कुछ नेगेटिव भी बोल रहा है, तब भी आप इंटरेस्ट के साथ सुन रहे हो। हॉनेसली बता रहा हूँ, मुझे इस तरह की फीडबैक ज़्यादा अच्छे लगते हैं। ऐसे करके आप बोल सकते हैं सामने समझा, रिपीट किया। जैसे आप एक शॉपकीपर हो, आपके पास में कोई आया है कुछ लेने के लिए, तो उसने पहले आपको समझाया, पहले आपने अच्छे से समझा, फिर रिपीट किया। क्या अच्छा आप यही कह रहे हैं ना? समाप्त कर दिया। क्यों उन्होंने तीन-चार चीजें बताई? क्या यही तीन-चार चीजें हैं जो आप कह रहे नहीं तो आप सिर्फ बेचने की कोशिश कर रहे हो। इस दुनिया में हर कोई अपना पॉइंट ऑफ़ व्यू बेचने की कोशिश कर रहा है। ये बहुत बड़ी गड़बड़ है। बीच में आपको पॉज देना सीखना है, बहुत इम्पोर्टेंट है। पॉज से क्या लगता है सामने वाले को? कि इस बंदे को समझ आ रहा है कि मैं बोल क्या रहा ह With interest, तो आपकी communication अच्छी होगी अपने father के साथ में या उधर से उन्होंने कुछ बोला और इधर से आपने immediately react कर दिया। नहीं बाबा वो तो कुछ पता ही नहीं। हो गई बात? किस इंसान को ये बात आप बोल रहे हो? जिस इंसान के हाथ में आपका ultimately पूरा का पूरा future है। उन्होंने अगर आपको पैसा नहीं दिया, वो करने के लिए जो आप करना कोई बाहर का बंदा आकर के आपको देगा, भीख पागल हो गए क्या करोगे? अपने आप को अलग मत समझो उनसे। वो आपके लिए चाहते कुछ अच्छा ही है, but हमें ये लग रहा है कि जो मैं सोच रहा हूँ वही सही है। ऐसा नहीं है। तो जैसे-जैसे ये कम्युनिकेशन होने लग जाएगी, जैसे-जैसे बातचीत होने लग जाएगी, उनसे अच्छा और कौन सोच सकता है आपके बारे में? ये सोचने वाला पॉइंट है। हम क्या सोचते हैं कि जो मैं सोच रहा हूँ वही सही है? हो सकता है genuinely जो आप सोच रहे हो अपने लिए, वो बिल्कुल ही गलत हो। और वो आपको सही सलाह दे रहे हो, लेकिन आप सुन ही नहीं रहे हो। आप अपनी पूरी लाइफ को खराब करने व उनकी गट फिल करेंगे कि ये सही नहीं है तो अगर आपके बीच में कम्यूनिकेशन अच्छा होगा तो आप किसी भी लेवल पे बैट करके उनसे कुछ भी बात कर सकते हो कम्यूनिकेशन स्किल्स का जो एसेंस है वो क्या है अंडरस् तो इसका मतलब क्या है? देखो कितने बेसिक्स हैं ये चीजें। कि अगर आपको किसी से कम्युनिकेशन शुरू करनी है, आप किसी नए ऑफिस में गए हो जॉब करने के लिए या किसी कॉलेज में गए हो, नए आप कहीं पर गए हो, वहाँ पे किसी को दोस्त बनाना है, तो आपको क्या करना है? गंदी सी शकल बना करके वहाँ पे रखनी ह या फिर आपको पहले देखे, ठीक है? कुछ सेकंड्स का पॉज लें और फिर एक स्मайл पास करें। फर्क समझ आ रहा है? That means आपको देखे, अब ये लड़कियों के साथ में नहीं करना नहीं तो बड़े जूते पड़ जाएंगे। क्योंकि ये भी सोचना है कि कहाँ करना है, कहाँ नहीं करना है। कि सामने वाला बंदा चाहता भी है कि आप बहुत पिटाई हो जाएगी। तो ऐसी हरकतें नहीं करनी हैं, but एक ऑफिस में आप गए हो, एक कॉलेज में आप गए हो, जहाँ पे आपकी क्लास में कुछ और भी स्टूडेंट्स हैं, वो भी चाहते हैं आपसे बात करना, आप भी चाहते हो उनसे बात करना, तो वहाँ पे इस तरीके से आप बात कर सकते हैं। समझ आ रहा है? इसकी डेप Smile pass कर रहे हो, कुछ pause दे करके। ऐसे नहीं हाय। ये तो पागल है, ये पागल। वो पूरे साल आपके आसपास नहीं बैठेगा। ठीक है, ये तो पागल आ गया कोई। अब उसको भी artificially नहीं करना है कि ऐसे देखा serious हो गया, हाय। ये ये हरकतें नहीं कर रही हैं, मतलब you need to feel it from inside। मतलब किसी को देखा, hi, how are you? All good? Yeah. तो जैसे ही आपने हर किसी एक स्माइल पास करी, तो आपके बीच का जो गैप है, वो मानलो पहले हंड्रेड था, तो वो सीधा दस पे आ गया। गैप कवर हो गया। That means you are showing कि मेरे को आपको देखकर के खुशी हुई। ऐसा नहीं कि मैं पहले से ही खुश था, या फिर कि मुझे आपको देखकर के भी खुशी नहीं हुई। आप इतने गए गुजरे हो। तो कम्युनिकेशन स्किल्स पकड़ में आ रही है ना ऐसे समझना होता है कि मुझे क्या चाहिए उसके अलावा आपको क्या चाहिए कि सामने वाला जो बंदा है वो पहले आपकी बात को समझे आपको सुने फिर कुछ बोले और आपको क्या अच्छा लगता है कि सामने वाला जो बंदा है वो जो आप बोल रहे हो उसमें इंटरेस्ट शो करे कि कल मैं वहाँ पर ना उस कॉन्सर्ट में गई थी। हाँ, ठीक है कॉन्सर्ट। सही है? हम्म। उसका दूसरा ऑप्शन क्या हो सकता है? कि सामने वाले ने आकर के आपको बताया कल मैं उस कॉन्सर्ट में गई थी। अच्छा कौन सा कॉन्सर्ट था? कहाँ पर था यार? मेरे को तो पता ही नहीं था इसके। समझ गए? These are called open-ended questions। एक होते कि सामने लेने आकर के बोला कि भाई कल मैंना उस कॉन्सर्ट में गई थी अच्छा ये हूँ को हूँ करना बंद कर दो ये हूँ की बड़ी बीमारी है लोगों के अंदर नोट किया है कभी कॉन्वर्सेशन को खत्म करना ना हूँ हूँ करना शुरू कर दो ये कहाँ पे काम आएगा कोई ऐसा बंदा हो आपकी कॉलोनी में या आपके सर कि मतलब वो आकर के आपको बस तंगी करेंगे, तो वहाँ पर क्या करना है? वो वाइल्ड है वो, वो एक्साइटमेंट। लेकिन जहाँ पर आप चाहते हो कि आपकी एक रिलेशनशिप बने, वहाँ पर एक गड़बड़ नहीं करनी है। सामने वाला बंदा अगर एक्साइटमेंट से बोल रहा है, तो उसके मूड को आपको मैच करना है। वो दुख जीरो है सामने वाला बंदा एक्साइटेड है और आपने क्या किया आप नहीं भी हो एक्साइटेड लेकिन आपने अपना एक्साइटमेंट लेवल थोड़ा सा बढ़ा दिया उसके लिए उसने कहा कल मैं उस कॉन्सर्ट में गई थी अच्छा कौन सा कॉन्सर्ट है मेरे को पता ही नहीं था इतना साफ ने बोला उसने बताया वहाँ पे ना ये समझ गए? तो ऑसम से वो कहीं और निकल जाएगी। इसको क्लूज बोलते हैं। क्या बिल्ड करते जा रहे हो उस कॉन्वर्सेशन को? इसको बोलते हैं कॉन्वर्सेशन को बिल्ड करना, कॉन्वर्सेशन को कंट्रोल करना। एंड में पंद्रह-बीस मिनट तक ये डिस्कशन होगा, फिर उसके बाद में सामने वाला बंदा कहेगा यार बड़ा मजा और उसको मजा आया आपके साथ कॉन्वर्सेशन में, तो आपकी प्रमोशन होगी या नहीं होगी? समझ गए ना? ये लाइफ है। ऐसे हमको समझना होता है कि कोई क्लाइंट आया तो उसको किस तरीके से हैंडल करना है, क्या बोलना है। ऐसी और बहुत सारी छोटी-छोटी चीजें हैं कम्युनिकेशन स्किल्स को और बेटर बनाने के लिए। सब तो वो आपके साथ में जुड़ गए। अगर इस तरीके से आप कर पाओ, तो आप एक extraordinary communicator बन सकते हो। और अगर आप एक extraordinary communicator बन सकते हो, तो आप किसी को भी रहा चलते बंदे को भी अपना बना सकते हो, बंदी को भी अपना बना सकते हो। इसमें सबसे important चीज क्या है? ये सब मैंने बोल तो दिया है। इसमें सबसे important क्या है? आपकी intention। अगर मेरी ये बातें सुन करके आप सिर्फ इसलिए इसको प्रैक्टिस कर रहे हो, आपका मोटिव कोई खराब है, लेकिन बाहर से दिखाने की कोशिश कर रहे हो, तो सामने वाला बंदा पकड़ जाएगा। मतलब अपनी इंटेंशंस हमेशा सही रखनी है। हॉनेस्टी, मोस्ट इम्पोर्टेंट। कम्युनिकेशन स्किल्स में इससे बड़ी चीज और क्या उस बंदे को लेकर के खराब नहीं है तो आपकी आंखों में दिखेगा सामने वाले को समझ आ जाएगा वो vibrations उसको पकड़ में आ जाएगी वो feel कर लेगा वो कहेगा कि हाँ यार ये जो बंदा है ना ये इन सारी techniques को use तो कर रहा है लेकिन ultimately मेरे अच्छे के लिए कर रहा है clear हो गया ना जो चीज मैंने बोली है अगर इसको पूरे को आवाज थोड़ी सी कम लग रही है। आवाज नहीं है जी सर। नहीं आ रही ना? देखो क्या चक्कर। देखो लाइव सेशन में क्या अच्छा होता है। पता नहीं होगा, वीडियो में देखा है ना इस तक? किसी ने लाइव सेशन में टेंग किया है मेरा पहले कभी? No sir. Sir आप चांस ही नहीं देते। अपनी आंखें उधर करो। यार मेरी फोटो पीछे डाल दो। क्या ही फिर ये ब्रांड का बनता है? देख लिया क्या आपने? Yes sir। सब दिल्ली एनसीआर से हैं? कोई बाहर से भी है, जो बाहर से आए हैं? कहाँ से आए हैं? आप sir। आगरा से। आप? बनारस। बनारस से। specially इस सेशन के लिए आए? No sir, यहाँ पे पढ़ते हैं। तो आप मजे ले रहे हो मतलब गर्मी मुझे ही लग रही है या आप लोगों को भी लग रही है या ठंड लग रही है ठंड लग रही है एनर्जी एनर्जी का फर्क है ऐज का फर्क है ऐज डिफरेंस है जनरेशन गैप मैं यंग हूँ कहीं आप पता नहीं क्या सोच रहे हो अपने माइंड में आप में से कितने लोगों ने मेरे ऑलमोस्ट स फेवरेट कौन सा है आपका? The best है sir. The best है sir. ये सब तो बेकार है sir. ये क्या कर रहे हो बैठ करके स्टेडियम में करो sir. हाँ? Fifteen minutes. पंद्रह मिनट रहेंगे। चलो जी, मुबारक हो। Oh. हजार रुपए की ऑक्शन होगा इस सेशन के बाद में आपको पता नहीं है मेरे पास पैसा आता कहाँ से इनसे बताऊँगा थोड़ी सारी बातें वीडियो से