How South facing houses affect our life.

Vaishali Gupta explains how south-facing houses affect life in Vastu Shastra. South is considered tamasic and can bring financial blocks, delayed marriages, work obstacles, and health issues. Vastu remedies like colors, lighting, yantras, and energy-balancing articles can mitigate these effects and bring stability and quick money.
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गुड, मॉर्निंग, इन, वेल्कम, टू, अ, सीरीज, हाउस, फेसिंग, द इम्पेक्ट। अपनी श्रृंखला में मैं आपको बता रही हूं कि आपके घर के फेसिंग का आपके जीवन पर क्या असर पड़ता है। अभी तक हम बहुत सारे डायरेक्शन की बात कर चुके हैं पर आज हम बात करेंगे साउथ के डायरेक्शन की साउथ यानि की दक्षिण जब हम वास्तु शास्त्र में साउथ या दक्षिण दिशा की बात करते हैं तो हम सब कहीं थोड़ा सा डर जाते हैं क्योंकि हमने यह सुना है कि साउथ जो है वास्तव के अनुसार इतने अच्छे रिजल्ट्स लेकर नहीं आते। वास्तु शास्त्र में वैसे साउथ को थोड़ा सा नेगेटिव डायरेक्शन माना जाता है और अगर आप इस डायरेक्शन में अगर आपके घर की फेसिंग है और आप अपने घर को वास्तु लॉजिकली ठीक से बैलेंस नहीं करते हैं तो इसका काफी दुष प्रभाव आपके जीवन पर पड़ सकता है। वास्तु शास्त्र में दक्षिण यानि कि साउथ को नेगेटिव सी एनर्जी की डायरेक्शन माना जाता है और कहा जाता है कि नेगेटिव फिंगगलास्ट्रीम्स की जो 1 एंट्री है वो साउथ के घरों में बहुत ज्यादा होती है और वो हर 1 तरह की समस्याएं ला सकती है। इसी वजह से वास्तु शास्त्र में साउथ को यम स्थान कहा गया है क्योंकि हमारे जीवन में कई तरह की अल्टनेट, कई तरह की हर्ड अब कई तरह के इशूज लेकर आता है वास्तु शास्त्र में और एस्टोलजीमेस को पित्र का स्थान भी कहा गया है। तो आज मैं आपको बताऊंगी कि अगर आपके घर की फेसिंग साउथ है तो आपके जीवन में किस तरह की समस्याएं आने की संभावना हो सकती है। सबसे पहली समस्या जो आपके जीवन में आ सकती है वो है एक्सपेंसिव और फाइनैंसिज का आउट फ्लो। जी हां अगर आपके घर की फेसिंग लक्षण है तो ऐसा हो सकता है कि आपको फाइनेंशियल क्रंच महसूस हो, आपके पैसे के आने वाले स्त्रोत सारे बंद हो जाए और पैसा बाहर जाने के स्त्रोत सारे खुले रहे और आपको ऐसा लगे कि आपके हाथ में कुछ भी नहीं है, आपकी मुट्ठी बिल्कुल खाली है तो साउथ के घरों में फाइनेंस की प्रोब्लम मनी की प्रोब्लम, 1 फाइनेंशियल क्रंच अक्सर देखा गया है। साथ ही साथ अगर आपके घर में कोई मैरिजेबल एज का बच्चा है, आपकी डॉक्टर है या सन है और आपके घर की पेसिंग साउथ की है यानि की एम स्थान की है तो भी ऐसा हो सकता है कि उनकी शादी में डेली आने लगे, आप बार बार रिश्ते देखे और वह बात न बनें। कभी रिजेक्शन उनकी तरफ से आ जाए, कभी आपकी तरफ से आ जाए और कुछ ऐसा हो कि शादी डीले होती चली जाए और शादी में आपकी बात ही न बने। इसके अलावा साउथ के गलों में क्योंकि निगेटिव एनर्जी का भरमार काफी ज्यादा होता है तो ऐसा भी देखा गया है कि जो भी आप करते हैं, जो भी काम आप करते हैं उसमें आपको विग्न और हॉर्डूल्ज आने लगते हैं। आपको लगता है कि जो काम हमारा 10 दिन में खत्म हो जाना चाहिए था वो 10 महीने तक भी खत्म होने नहीं देता और आपको, हर चीज में, हर नए काम में, विग्न परेशानियां, हर किसी न किसी तरह की दिक्कत जो है वो आती रहती है। साउथ के घरों में 1 और समस्या जो देखी जाती है वो हम देखते हैं कि रेजिडेंट्स के अंदर जो है वो देवी पूरण कम होते हैं और राष्ट्रीय प्रवृत्तियां जा बढ़ने लगती है। राक्षी प्रवृत्तियों से मेरा अर्थ है कि नेगेटिव जो क्वालिटीज हैं वर्चूज है वो आपकी पर्सनैलिटी में इनक्रीज होने लगते हैं। साउथ के फेसिंग के घरों में ऐसा भी होता है कि कभी कभी ड्रग्स एडिक्शन की प्रॉब्लम हो सकती है, ड्रिंकिंग की प्रॉब्लम आ सकती है, बैड लैंग्वेज की प्रॉब्लम हो सकती है और साथ ही साथ जो है वो आपकी कंपनी भी खराब हो सकती है। तो साउथ के घरों की ऊर्जा कुछ ऐसी होती है कि वो थोड़ी तामसिक होती है जिसकी वजह से सत्व जो है वो कम्पलीटली मिसिंग चला जाता है और आपके बच्चों में या मेल मेंबर्स में गलत तरीके की आदतें और प्रवृत्तियाँ होने की संभावना जो है वो बढ़ सकती है। तो मेरी बातों से आपको समझ में आ गया होगा कि साउथ की डायरेक्शन जो है वो वास्तु शास्त्र में थोडी सी ट्र और नेगेटिव डिरेक्शन होती है क्योंकि यह आपकी हर तरह की ग्रोथ को रोक सकती है, आपके प्रमोशंस में प्रॉब्लम आ सकती है, आपके फिनांसिज में इशूज आ सकते हैं, आपका इन कमिंग मनी ब्लॉक हो सकता है, शादियों में या चाइल्ड कंसेप्शन में डिले आ सकती है, हर चीज में कहीं न कहीं रुकावट आ सकती है, हेल्थ इशूज भी आ सकते हैं। तो अगर हम चाहें और वास्तु लॉजिकली हमारा ये फेसिंग का घर है तो हम कई तरह की रेमेडीज करके, उपाय करके जो है इस दिशा को बैलेंस कर सकते हैं, ऐसा कर सकते हैं कि इसके पॉजिटिव वर्जिस हमारे जीवन में ज्यादा है, साउथ जो है वो और सेगमेंट का भी स्थान होता है, स्टेबिलिटी का स्थान होता है साथ ही साथ रिलैक्सेशन का भी जोन होता है। तो अगर हम अपने साउथ की फेसिंग को कलर्स से, पेंटिंग से, फिलमेंट से, डिस्प्ले, आर्टिकल से, एनर्जी, बैलेंसिंग से, अगर हम अच्छे से, यंत्रों के द्वारा इसको बैलेंस करें तो इसके जो अच्छे प्रभाव हैं वो भी हमारे जीवन में आ सकते हैं। साउथ के फेसिंग के जो घर है वो अक्सर देखा गया है कि पॉलिटिशंस को, बिल्डर्स को और उन लोगों को जिनका कि मंगल अच्छा होता है, जिनका मंगल योग कारक होता है जैसे कर लगने हैं उनका मंगल योग कारक होता है यह सिंहगलगकाजोहैवो मंगल योग कारक होता है। तो इस तरह के जातकों को, नेटिस को जैव साउथ के घर शूट भी करते हैं और ऐसा भी माना जाता है कि साउथ डायरेक्शन अगर वेल बैलेंस हो तो वो आपकी लाइफ में क्विक मनी और काफी सारा पैसा लेकर के आ सकता है। तो आज मैंने आपको बताया कि अगर आपके घर का जो फेसिंग है, जो फेसिंग है वो साउथ की, यानि की दक्षिण की है तो आपके जीवन में क्या समस्याएं आ सकती हैं और कैसे आप उनको रेटिफाई कर सकते हैं। तो अगर आपको ये वीडियो अच्छा लगा तो इसको जरूर लाइक करे। कमेंट सेक्शन में अपना कमेंट लिख कर हमें भेजें और साथ ही साथ हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब जरूर करे थैंक यू सो मच।










