A devotional address to Shiva invoking the Jyotirlinga's power to ignite inner transformation. The speaker says whatever you desire, Mahadev will answer it, and that the size of your thoughts determines the size of the divine response. You are the lamp, spark, and cracker of this energy.
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महादेव से मेरी यही प्रार्थना है कि यह महादेव जो मेरे सामने बैठा है, इसके संस्कार में जो शक्ति है, जो ज्योतिर लिंग है, उसमें मेरी शक्ति का दिया प्रज्वलित हो, वहाँ पे चिंगारी प्रज्वलित हो। और अगर ये शिवयोगियों के दिए जल गए तो ओह माई गुडनेस हमारी जो मनुष्य स्पीशीज हैं, वो नेक्स्ट एवोलूशन के स्टेज पर पहुँच जाएगी, यही दिया तीसरा दिया है जिसके लिए मैं प्रार्थना करता हूँ। और जितने लोग मेरे सामने बैठे हैं उनको बहुत सारा प्रेम, बहुत सारी शक्ति और देखो, उनकी कृपा से सब कुछ हो ही जाता है। और वही होगा तुम भी देखना तुम सोचो तो सही आवाज नहीं होगी महादेव आवाज दे देगा, दंड नहीं होगा महादेव तुम्हें दंड दे देगा, सफलता नहीं होगी, भर भर कर देगा तुम तुम सोचो तो सही तुम चाहते क्या हो महादेव अगर तुम्हारी चाहत यही होगी की मैगी बना के खा के उबाल लो या पटाखे पोल के किसी को कुछ कर 2 तो फिर महादेव उतना ही करेगा छोटा मोटा तुम बड़ा सोचो और देखो तुम शिवयोगी हो और शिव योगी की लाज तो महादेव हमेशा रखता ही रखता है। तो तुम याद रखना तुम दिया हो मेरे, तुम क्रैकर हो मेरे तुम चिंगारी हो मेरे de।