Haritosh Srivastav outlines principles for self-development and creativity: imagine your 100-year-old self and plan accordingly, focus on big-picture work, say yes to opportunities and figure out the path later, and favor creativity over excessive precision.
Chapters
वो हैं क्रिएटिंग अ हंड्रेड एयर ओल्ड प्लान। आप जब अपने आपको इमैजिन करते हैं सौ साल का, तो जो आप अभी एक्शन ले रहे हैं, क्या वो सौ साल का आपका वर्जन उसके लिए प्राउड करेगा या उसके लिए रिग्रेट करेगा? तो दैट इज कॉनसेप्ट नंबर वन कॉंसेप्ट नंबर टू was the ईगल द माउस आप छोटी छोटी चीजों पर अपना टाइम वेस्ट कर रहे हैं, एनालिसिस पर अनालिसिस पे वेस्ट कर रहे हैं या आप बिग पिक्चर पर वर्क कर रहे हैं। नंबर थ्री वैस the कॉनसेप्ट ऑफ से येस ईवेन इफ यू डोंट नो हाउ यू गो टू से यस टू ओपोर्चुनिटी देन फिगर ट आउट नंबर फोर वाज नो योर स्टोरी टेलर स्टोरी एन लेसेंट स्टोरी। अपनी स्टोरी के बारे में सोचिए, अपनी जर्नी के बारे में सोचिए, लोगों को बताइए और लोगों से सुनिए। एंड पांचवां और फाइनल कांसेप्ट जो मैंने डिस्कस किया वो था क्रिएटिविटी कांड अवाइड प्रीसिसन। क्रिएटिव होने के लिए आपको बहुत सारी चीजें, बहुत सारा प्रीसाइज होने की जरूरत नहीं है। यू कैन बी क्रिएटिव इन योर ओन वे जो ये 22 कांसेप्ट है ये कम्प्लीटली ओपनिंग मेरे लिए मैंने 11 चैप्टर को बहुत इंजॉय किया है। so i hi le recommend and the icing on the cake was ke and।