Safari Day - 3 Padapitham Abhishek

This transcript records a devotional event in Vrindavan (YouTube: "Safari Day - 3 Padapitham Abhishek") featuring kirtan, speeches by goswamis and senior devotees, announcements, and an abhisek (ritual bathing/installation) ceremony for padapitham (charan-chinha) of Chaitanya Mahaprabhu. Key program points: installation of Mahaprabhu charan-chinha across sites (ambition to establish in multiple towns and to complete a major temple in Mayapur by 2026), a large donor list and group photo, mention of a Ganga safari visit in 2004, and references to an earlier announced Bhagavad Gita hand-copying campaign (1 crore people; ~11 lines/day; registration fee ₹333). The tone is devotional and mobilizational, mixing Hindi speeches and English translation.
अरे, कृष्णा, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, रा रे, राम, हरे, हरे, कृष्णा, रे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे, राम, हरे, राम, राम, राम अरे, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे राम, हरे, राम, राम, राम, र, हरि, कृष्ण, कृष्ण, कृष्णा, कृष्णा, रे, आरे, हरे, राम रे, राम, राम, राम, रे, रे, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे, राम, राम, राम, राम, हरे, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे, राम, हरे, राम, राम, राम, रे, हरे, हरे कृष्ण, हरे, कृष्ण, कृष्ण, कृष्णा रे आरे.
हरे.
राम, हरे, राम, राम, राम, हरे, हरे, हरे, कृष्णा, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा अरे, अरे, हरे, राम, हरे, राम, राम, राम, रे, हरे, हरे, कृष्णा, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे राम रे, राम, राम, रामा, रे, हरि, आरेकृशनारि कृषण, कृष्णा, कृषना, रे, हरे, हरे राम, हरे, राम, राम, राम, रे, हरे, हरे किशना बोलो, बोलो बोलो बोलो हरे कृषना र, कृषन, कृष्णा, कृषना, रे, हरे, हरे राम, हरे, राम, राम, राम, हरे, हरे, हरे अरे कृष, ना, रे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, रे, हरे, हरे, राम, हरे, राम, राम, राम, रे, हरे, हरे कृष, ना, हरे, हरे, हरे, रामा, हरे, रामा, रामा, रामा, रे, हरे, हरे, राम, हा रे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा कृषना, रे, हरे, रामा, रामा, रामा, रे, आ रे, हरे कृषना, रे, कृषना, कृष्णा, कृषना, रे, रे, आ रे, हर, रामा, रे, रामा, रामा, रामा, रे, आ, रे बजना, आर गिजना, कृषना, कृष्णा, किनारे, आरे, रामा, हरा, रामा, रामा, रामा, रे, हर कृषना, कृष्णा, कृष्णा कृषना, रामा, रामा, रे, हारे कृष्णा, कृषना, कृषना, कृष्णा, रे, आ रे, हरे, रामा, हरे, रामा, रामा, रामा, हरे रे रे, हरे, हरे, कृष्णा, हरे कृषना कृषना, कृषणा, हारे, हारे हारे रा मा, हरे, रामा, राम, राम, रार, हरे, हार कृष, ना, हारा कृषना, कृशन, कृषना आ, रे, आरे, आरे, रामा, हरे, रामा, रामा, रामा, हरे, हारे हो रामा, रामा होर किश, हर, कृशन कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे राम, राम, राम, हरे, हरे हे, राग रे, कृष्णा, अरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, आरे, हरे, हरे राम, हरे, राम, राम, राम, हरे, हरे, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे, हरे, हरे राम, हरे, राम, राम, राम, हरे, हरे रे, कृष्ण, हरे कृशन, कृष्णा, किशना, हरे, हरे हरे राम, हरे, राम, राम, राम, रा, हारे आरे, हर अरे कृषना, आरा, कृषणा, कृषना शना, आर र रा, हर, राम, रामा, रामा, हरारे.
अरे.
कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, रे, हरे, हरे राम रे, राम, राम, राम अरे, अरे, हरे, कृष्णा, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, आरे, आरे, हरे, राम, हरे, राम, राम, राम, अरे, आरे, हरे, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, अरे, अरे, राम, रे, राम, राम, राम, अरे, अरे, रे कृषना, अर, कृषना, कृष्णा, कृष्णा, हर, आरे, रामा, हरे, रामा, रामा, रामा, हरे रे, हरे, कृष्णा, हरे कृषना बोलो, किशना कृषना, हर, हरे हरे रामा, हरे रामा मारा मारे.
हरे.
हरे कृष्णा, हरे कृष्णा कृष, ना, कृष्णा, हरे, हरे रामा, हरे रामा हमारा मारे आरे, रामा, राम, हरे, कृष्णा, हरे, कृष्णा कृशन, कृषणा, आर, आर, रामो, हरे, रामा, राम, राम, र र, र, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, रे, हरि बोलो राम, हरे, राम आम, मारे आरे, हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा कृष्णा रे आरे राम रे राम मारे आरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा आरे आरे हरे राम रे राम राम राम अरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा आरे आरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे देश लो कृष्णा कृष्णा रे रे अरे राम अरे राम राम राम अरे अरे अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा रे अरे अरे राम अरे राम राम राम अरे अरे हर कृषना हरे कृषना कृष ना ना रे हरे रामा रे राम रामो राम बारे क्रिश ना हारे कृषना क्रिष्णा कृषना र हरे रामा हरे रामा रामा रामा रे आरा किशना हारे किशन कृष्णा कृष नाम हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा हरे हरे हर कृषना हर कृषना कृष्णा कृष्णा अरे हरि हरि राम हरे रामा रामा रामा हरे अरे कृषना हरि किशन कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा हरि हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे रे अरे रान आर रांगा राम राम हरे हरे अरे कृष्णा रे कृष्णा कृषणा कृषणा अरे अरे रे रा और रामा रामा रामा रे आ रे अरे कृषणा हरे कृषना कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हमारे आरेआरे कृष्णा रे कृषणा कृष्णा कृषना हर हरे हरे रामा आरे रामा रामा रामा रे आरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा अरे अरे अरे राम रे राम राम र रे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे आरे कृष्णा हरे कृषना कृष्णा कृष्णा अरे रे रामा रामा रामा रामा रहा बोलो बोलो अरे कृष्णा कृषना कृषना कृषना हरे हरे हरे रामा रे रामा रामा रामा हरे हरे हर हारे आरे के कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा रे हरे हरे रामा रे रा ामा रामा रामा रे हरे हरे के कृषणा आरे कृषणा कृष्णा कृषना हरे ह रे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरी कृष्ण हरी.
कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरि हरि हरि राम.
राम राम हरे हरे मोनिया अच्छा न.
लगेगा.
Are kisna har kisi na कृष्णा कृषना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे.
Krishna रे krishna.
अरे किशना अरे कृषना कृषना कृषना.
रे.
हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे कृष्ण हरे कि कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम रामा राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे मिटाई गोरहरि बोल हर बोल जाया जाय प्रभुपा प्रभु पा प्रभु पा प्रभु पा.
कृष्णा.
2.
वेलकम welcom welcome to this wonderful program which is यह कार्यक्रम है, अब मनुष्य जीवन का.
इस मनुष्य.
जीवन का आज इस कार्य को देखने से उद्धार हो जायगा। ऐसा कार्यक्रम आप लोग देखने वाला है। तो आज के कार्यक्रम में अनेक वरिष्ठ भक्त आयेंगे और सब अपने संग प्रदान करेंगे। सौ, मनी, सीनियर, डीओडी, बी, हेर, टो, गिव, दर, एसोसिएशन, टो, यू, इन दिस, वन्डरफुल, प्रोग्राम, ऑफ़, कोर्स, वी, आर, एक्सपेक्टिंग, व, सफारी, कैप्टन, अवर, चीफ, गेस्ट, जब तक, स्वामी, grमaराजकीओके, सो, बिफोर, भी, स्टार्ट, फेसटिवitसइनद, प्रोग्राम, ही, भक्ति, पुरुषोतम, स्वामी महाराज ही हैज, वेरी, वेरी, इम्पोर्ट, अनॉंसमेंटफॉर, यूँ ये कार्यक्रम शुरू होने के पहले ही भपुरषतस्वामहाराज आपके लिए 1 बहुत महत्वपूर्ण घोषणा करने वाले हैं। आप दोनो कान खोल दीजिए.
थोड़ा जोर साउंड देखते हैं, इधर थोड़ा सुना जाता है, पीछे कुछ भी सुना नहीं जाता है, ठीक है, ठीक है। आप लोग को तो कुछ कुछ मालूम होगा। ये प्रोग्राम किस लिए होता है। बहुत लोग बोलते है, हमको मालूम नहीं क्या प्रोग्राम है। इसलिए हम लोग थोड़ा बतायेंगे क्या है.
काम करेगा टीवी, टीवी.
तो गुरु महाराज ने शिला महाराज संकल्प है जितना जैसा में महापर्व का जितना उनको कैसा, फिर उसको आविष्कार करना, संस्कार करना, प्रभुपाद, ने भक्ति, वेद समिचारिटट्रस्ट करके ट्रस्ट बनाये, का, स्वयं महाराज को जिमादारी चेयरमैन करे तो सब महापुर स्थान को आविष्कार करना सरंखनकरनातो। गुरु महाराज के मन में ऐसा भाव आया, इन्स्पिरेशन आया तो ब्रज जो ब्रह्मण के चैतन जिस दान पर गए, जिस स्थान पर गए, महापुर का चरण स्थापन करेंगे तो भी इधर आ गया, जायेंगे होगा। 1 ऐतिहासिक घटना भी घट रहा है, जो जानने वाला हो रहा है। तो प्रोग्राम अभी शुरू नहीं हुआ, प्रोग्राम शुरू से पहले मैं 1 अनाउंसमेंट घोषणा करने के लिए इधर आया हूँ। देखिये इस साल हम लोग भगवान श्री कृष्ण, चंद्र भगवान का 5250 अविर्भाव तिथि पालन कर रहे। इसलिए गुरु महाराज ने राधा स्टिक तिथि पर उनका 1 नया प्रकल्प का वध किए, गीत लेखन, महाज, गीता पढ़े हुए, गीत सुने हुए, गीता बोले हुए, लेकिन गीता लिखते नहीं तो में गीता लिखना बहुत जरुरी है। 1 करोड़ लोगों को हम लोग गीता लिखाएंगे, इसलिए ये 1 सत्य गीता लेखन महा जज्ञ सारा विश्व भर के ज्ञा चलेगा। तो आप लोगो को 1 किताब दिया जायेगा जिसमें गीता का स्लोक है और अनुवाद है ये 1 किताब दिया जायेगा। हर रोज 200 लोग आप लोग हाथ में लिखेंगे, शो हस्त लिखित, भगवत गीता 1 साल में जब भर जायेगा तो इसको मायापुर राधा, मध्य का चरण में देखे, आपका घर में रखेंगे और इधर गुरु महाराज का साइन रहेगा, जन निवास पर का सिग्नेचर सील रहेगा, आपको सर्टिफिकेट मिलेगा। और ये किताब है इसमें आप लोग हर रोज 11 लाइन, हर 1 स्ट महा मंत्र लिखेंगे जो कम्पलीट हो जाएगा। 1 करोड़ लोगो का हाथ का लेखा महामंत्री किताब टी में रखा जाएगा तो महान हो रहा है, बहुत अर्थ हो रहा है। लेकिन सब लोग कर पाएंगे इसलिए थ्री हंड्रेड, थर्टी थ्री रूपीज रजिस्ट्रेशन फी रखा गया। तो इसका अंत में 1 पेज है। आप समर्पण करेंगे तो हम लोग जैसे हरिनाम करके गुरु को देते है सुस्त रहने के लिए। इसलिए आप लोगो को यह अनुरोध किया जाता है। आप लोग पीछे फॉर्म फिल करके हिंदी, इंग्लिश, बांग्ला जिससे आपको सुविधा होगा। इसको लीजिये और लास्ट पेज में समर्पन है। ये संकल्प करके गुरु महा सुस्त रहेंगे, दीर्घ रहेंगे, हम लोग के साथ रहेंगे। अभी टी खुलने वाला है तो आप लोग सौ प्रार्थन है.
ने.
गीता को.
गुरु.
समर्पण कर दे। हिंदी भाषा बोलने वाला कौन है? जितना है हिंदी, हिंदी में.
हिंदी, हिंदी.
इंगलिश से थैंक यू सो मच। आप लोग सो पर कार्य होगा। मालूम में क्या क्या होना है यह भी गैस जैसा है। तब जो भी कुछ हो हम लोग 1 साथ बैठा है वो वो.
जो.
प्रोग्राम होगा होगा, कुछ नहीं होगा तो हम समता है, मिलता है 1 साथ ही करता है लोगों से कुछ क्या आपका बहुत सा मे आप घर में बैठे रे।
अरे.
तो इधर बारिश के बाद आने वाले हैं, जो आने वाले है, कुछ आ चुके हैं, चुके हैं, भाग चुके हैं और भी अनेक विषय पर आने वाले हैं। और इस वृंदावन के गो स्वामी मंदिर के आचार्य दिन भी यहाँ आने वाले हैं। सब लोग यहाँ आयेंगे देंगे और सब का है सब लोग आयेंगे, उसके बाद सब लोग सब लोग आयेंगे, सब लोग अपने अपने प्रवचन देंगे सुन सकते हैं। उसके बाद ये बहुत अद्भुत अभिषेक का जो कार्यक्रम है यह होगा। अभी माता जी लोग इसको पूरा प्रिपेयर कर रहे हैं तो हमारा इंतज़ार है और इंतेज़ार किसके साथ है। कीटन के साथ है।
कीतम.
शरे जोर से बोले हरे कृष्णा.
हरे हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण महामंत्र की अरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे.
हरे.
राम हरे राम राम राम हरारे आरे क्रिश्ना हरे कृष्ण कृष्णा किशना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा हरे भरे अरे हरे कृषना हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे सारे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण ना कृष्ण हरे भरे हरे राम हरे राम राम राम हरे भरे अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे किशना कृष्णा हरे हरे.
हरे.
राम हरे रामा रामा रामा हरे आ रे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा आरे आरे रा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे आर केशना आरे केशना किशना के हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे किनारे कृशनाकृशनारबरेकशना किशना हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अरे किशन किशन किशना किशना रे अरे अरे राम हरे राम राम राम हरे अरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम ह र अरे क्रृशनािशनाकेशना आज आज हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे हरे कृष्ण का हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे राम राम हरे कृष्ण हरे कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कितना हरे हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम रे हरे हरे कृष्ण हरे कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे भरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम हरे कृष्णा हे कितना हरे कितना कितना अरे अरे अरे राम अरे राम राम राम रे रे.
हरे.
हरे राम हरे राम राम हरे.
हरे.
कृशनाहरेशना क्रिशना क्रिशना आ गए आर हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे राम रे राम राम रे.
रे कितना.
कितना कितना कितना करे आ आगे राम हरे राम राम राम हरे आरआरके रे कृश्णा शना किशना हरे राम हरे राम रामा रामा हरे हरे हरे का ना हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे.
हरे.
हरिके सुना हार के सु कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा हरे कृष्णा.
हरे.
कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृश हर हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे हरे हरे हरे हरे राम राम राम राम हरे हरे हरे हरे हरे हरे राम हरे राम हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे राम हरे जेना हरे हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे का हरे राम दयगोहरबरहरबोहरे बो रे.
हरे.
राम शंकरता की श्री वृंदावन धाम की दौर प्रमानंद रेशा सो.
टुडे वी.
लाइट.
ऑफ व्रिंदावन फॉर, द मोस्ट ऑfिcिल्ऑपaशन ऑफ़ डूइंग अभिषेक ऑफ़ द फुल फ्रेंडस और महाप्रभु। आज हम यहाँ विंदावन में बहुत खुशी से हम सब लोग समेत हुए हैं। क्योंकी महाप्रभु के चरण चिन्ह का अद्भुत अभिषेक होने वाला है। ये जो अभिषेक होने चरणचिन्ह जो है वृंदावन में, जगह जगह में चरण, मंदिर में लगेगा दिस, इस और प्रोग्राम दिस प्रोग्राम हैज। बीन कंसीव प्रीवियस आचार्य भक्ति सिद्धांत सरस्वती ठाकुर थे, वो सोच रहे थे जहाँ जहाँ महाप्रभु के चरण पड़े इस भारत की पुण्य भूमि में, सब जगह में महाप्रभु के चरण चिन्ह होना चाहिए। ये इनकी इच्छा था पुरे भारत भूमि में 100 8 जगह में चरण चिन्न लगाने के लिए उन, लेकिन उनके कारयकाल में कुछ ही दिनों में उतर पाया। अभी हमारे हर उस पावन कार्य को आगे बढ़ाने के लिए, इस चरम की स्थापना करने का कार्यक्रम को अपने हाथ में लिए हैं। is very important program this sioslybybagisdan takur hundred eight futbesesaalindia, now marg mission to sell this fotpisotoerindia and when it could be sold the first of course in the holy land of vrendawenbecause the hole vrendalenegtday the brenden, this are here to happen former। अभिनताओं ने, सब जगह, हम लोग देख रहे हैं, दादाबुरश्यामगुर वृद्धा न ला भ से देख रहे हैं यह पूरा महापुरण, और वहापर गोस्वाम ने इस जगह को पूरा पूरा जागरूक किया था। सो वॉच cytamahaprabu should be there every ver in vrindavan, wherever he went wereeverhis followers the actually found all the holy places, every ved should be there and in this great mission, we have the corporation of all the goswami vrindavan फ्रॉम द वेरियस गोस्वामी टेंपल्स वेरियस आचार्यस देर वल कम हेयर टू पार्टिसिपेट इन दिस वंडरफुल प्रोग्राम इस इस कार्यक्रम में भाग लेने के लिए वृंदावन के गोस्वामी मंदिर के आचार्यगण हमारे जो वरिष्ठ आचार्य सब यहाँ पधार चुके हैं, अभी थोड़ी ही देर में सबको मंच में बुलाया जायेगा, और सबके वाणी सुनने का मौका भी हमको मिलेगा। i will also be hearing from each one of them and now we have his भक्तपुर maharaj, a lady her on stage, can be it is स्वामी महाराज आलसो स्टेज please maharaj please commrepreso we have his gred, har mahatma prb temple सeकrेtryfiscoन करिs्nबोलाrाm temple, we request im to come on stage and address the crowd and also invite all or guest to stage hare krishna brjepadrpita mahotsvkejy सो हाफ.
क्रिष्ण बली राम मंदिर from the core.
Of or hard from the s convindavnmanagment.
We would like to welcome whole heartedly.
His hlinisjipataka, swami maharाgwiththousend, ovdicyplesandalso his holinisभc्tiपुरुष.
Otm swami mharाgehisholines भकत vijay bagavat swamy maharaj and all the shilapropasdcipl shudiprabuandothe and.
Also all the charas from the six.
Goswami temples and all of you।
हरे कृष्णा, हरे कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे.
हरे, हरे राम, हरे राम, राम राम, हरे हरे।
तो इस कौन वृंदावन मैनेजमेंट की तरफ.
से हम आप सब को हार्दिक स्वागत.
करते हैं और विशेष रूप से परम पूज्य जयपताका स्वामी महाराज, जो कि हजारों शिष्यों के साथ वृंदावन पधारे हैं, आज.
के ब्रज पादपीठ महोज सब के लिए और साथ ही साथ में जो यहाँ पर सन्यासी लोग बैठे हैं और शिला.
प्रभुपाद जी के शिष्य लोग बैठे हैं.
और 6 गो स्वामी मंदिर के जो आचार्य गण है, हम सबको हार्दिक स्वागत करते हैं।
हरे कृष्णा, हरे कृष्णा, कृष्णा, कृष्णा, हरे हरे, हरे राम, हरे राम राम राम, हरे, हरे.
हरे krishna सो और फर्स्ट speaker is a very emमिनenकताखार ही ओपन मात वी कैन एक्च्ाली हीर गौर कता गौर कता विल फ्लो फ्रॉम हिस मौत हमारे जो पहले स्पीकर है, जब वो अपने मुंह खोलेंगे तो गौर कता की धारा बहने लगेगी। we invite he soles batipursotmswami maharaj on.
Stage to speak haribol.
There s old be a much later haribol so that he speak with full intosaharibomuh better।
हरे कृष्णा कौनसी भाषा में बताऊँगा.
हिंदी.
इंग्लिश, बांग्ला, जरा बंगला जाने तरा hindi ki बोली हिंदी जाने जानो हिंदी, जान hindi, ज्ञान मेरंधस्यज्ञानंजना सला गया, चक्शुरुनमलितजन तस म, श्री महा नम पदाय कृष्ण प्रस्ठायभुतले, श्रीमति भक्ति वेदांत स्वामी ने इति नामी ने नमस्ते सारस्वती देवे गौर वाणी प्रचार ने निर विशेष सुन्न बादी पस्त देश तारण बंसा कल पतरुभष्षा कृपा सिंधु पतितानंपाबनिभ्य विष्ण नम नम नम मह बदन नया कृष्ण प्रेमा प्रदाय ते कृष्णाय चितन नाम ने गौर से नमह हे कृष्णा करुणा सिंधु दीनबंधु जगत पते गोपेश गोपिका कंत राधाकांत नमस्तुते तब कंचन गौरांगी राधे ब्रिन बनेश्वर बृषभानु सुते देवी प्रणमामि हरिप्रिय जय, श्री कृष्णा चईतन्नप्रभुनिानंदा, श्री दैत गदाधर श्रिवाादेश्री गौरव भक्तवृंद हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे मुकमकरतिबाचलंगपंगलंग तिरिंग जत कृपा महंग बंदे परमानंद माधव गुरु दिन तरणम श्री चयतनश्वरमतो आज से जो अनुष्ठान हो रहा है इस ब्रज धाम में श्री चेतन महापरुु स्थान प्रदर्शन किए थे तो भक्ति रत्नाकर में उस के बारे में वरना किया गया जैसा हरिला प्रभु ने बताया स्लभक्तिसिद्धांत ठाकुर प्रभुपाद का परिकल्पना था इस भारत वर्ष में जो जो स्थान पर चेतन महापुरु ने गए अंतत 100 8 जगह पर चेतन.
करना चाहिए.
हर समय इस बता रहे थे प्रभु बार बताए हम लोग से.
प्लीज कोशिश.
करना चाहिए क्या गए उसी इंटरेस्ट से क्या होगा गोल मंडल में चरित्र महापुर का लीला स्थान का संस्कार किया जायेगा और उसको सुरक्षा किया जाएगा तो उसी जो ट्रस्ट बनाये उसी ट्रस्ट का लाइफ टाइम चेयरमैन शिव स्वामी को सौपा था तो उसी संस्था का ट्रस्ट काउंट से 1 कार्यक्रम चल रहा है महाराज इस समय में अभी में कई जगह पर जो चित्र में लास्तानकिसीकोमाल नहीं था राधा कुंड श्याम कुंड किधर है इत्यादि कर के उस तान को भी आविष्कार किए और उस तान को कैसा हमलोग उन्नति कर पाएंगे उसकी सुरक्षा कर पायेंगे। भिन्न भिन्न कार्यक्रम हो रहा है तो आज वृंदावन में अनुष्ठान हो रहा है। इस दिन पर मेरी 1 बात याद आता है आज से 30 साल पहले की बात है.
तब.
राधा, महाराज सब 11 बहुत बड़ा ग्रुप लेकर इधर वृंदावन आते थे 10 दिन पंद्रह दिन रोक के कथा करते थे, शि लोग को लेके घूमते थे तो 1 समय हमारा हमारा बीरो मीटिंग भी इधर चलता था मैं इस 1 दिन के आप भी साल में 1 बार आए आपका बहुत से शिष्य है आपका सानिध्य प्राप्त नहीं कर सकता है तो वृंदावन में आये 10 15 दिन इधर रोकेंगे और सब लोग आयेंगे सुनेंगे जयपुर गुरु बोले 10 दिन रोकेंगे अरे मैं भी 3 दिन रोका कितना अपराध किया कितना अपराध होगा.
गुरु.
यह वृंदावन धाम राधा रण का धाम इधर रहना इतना आसान नहीं है राधा रण की कृपा होने से होगा और इधर अपराध हो जाएगा तो उससे बहुत हमको नुकसान होगा बोलते थे तो मैं सोचा तो वृंदावन में गुरु साथ में मिलना और चांस नहीं है लेकिन राधा रण का विशेष कृपा है हमारा जिंदगी में 1 बार एटलिस्ट हुआ क्योंकि हर साल हम लोग मायापुर में इकट्ठा होता है। तो 1 बार हमारे मन में विचार आया हमारा नार्थ इंडिया, साउथ इंडिया, वेस्ट इंडिया हर जगह पर से इतने लोग आ नहीं पाता है तो हर साल मायापुर में सिर्फ बंगाली भक्त से मायापुर भर जाता है मैंने सोचा हम लोग ऐसा करेंगे साउथ इंडिया के लिए 1 साल साउथ इंडिया में करेंगे 1 साल एस्ट इंडिया में करेंगे 1 साल नॉर्थ इंडिया में करेंगे तो इधर नॉर्थ इंडिया में हुआ तो नॉर्थ इंडिया के बहुत लोग आये हुए नॉर्थ इंड बहुत लोग आये हुए। सिर्फ नॉर्थ इंडिया नहीं मिडल्ट से सिंगापुर में मिलता हूँ कनाडा से अमेरिका से बहुत जगह पर गुरु मार्ग हर साल सफर, हर साल गुरु महाराज ने सफरी भक्तों को जाता है थटीफॉटीकंटरिकल भक्तों को लेकर घूमते थे 23 साल सौ भक्तों के लिए गुरु आये पंद्रह दीन रोकेंगे आज वृंदावन अनुष्टान हुआ काल गोवर्धन जायेंगे 57 दिन उधर रोकेंगे, फिर 57 दिन इधर रोकेंगे, यह राधा की विशेष कृपा है हम लोग गुरु महार को साथ में लेकर हो पाये तो गुरु मार तो ऐसा आने वाला नहीं है वो जो सफर ही करता है ऐसा धाम यात्रा का सफर नहीं है इतना प्रचार प्रोग्राम रखता है बहुत से प्रचार होता है तो बहुत मैं तो मजाक से बोलता हूँ ये सफर नहीं है सफरिंग प्रोग्राम है रिलैक्स गुरु महाराज का लाइफ में रिलेक्स रिलैक्स करेंगे वार्ड नहीं थोड़ा सफरिंग थोड़ा रिलैक्स कर धाम दर्शन कर नहीं प्रोग्राम नहीं होने से खुद नहीं जायेंगे। तो गुरु महाराज ने 10 दिन के लिए राजी हुए क्योंकि उनका मन का विलास था में 22 जगह पर चेतन और महा पूर्ण दर्शन करने के लिए कि वो चेतन पात रखा गया और लोग लोग आये हुए तो लोग बहुत लोग परमिशन दिए हुए सुन्दर सुन्दर पाधपिटस्थापन किया जायेगा। 2 लोग सफर में रहेंगे, कल से शुरू होगा आप लोग भी जा पायेंगे गुरु महाराज स्वास्थ्य के कारण हर जगह पर जा नहीं पायेंगे, इधर भी स्थापन होगा, पूजा न होगा उसको लेकर जायेंगे तो उनका मुख से करेंगे। अंत में मैं बताना चाहता हूँ गुरु का शारीरिक अवस्था उतना अच्छा नहीं मालूम है इसलिए मैं आपको थोड़ा पहले बताया था हम गीता लेखन, सम्पूर्ण गीता लेते है। 1 करोड़ लोगों को देखे हम लोग गीता लिखाएंगे तो गुरु महाराज का जो शिष्य लोग होता है आप लोगो को ये मिनट किया जाता है। आप लोग 1 गीता लेखन संकल्प कीजिए ये पीछे टेबल लगा हुआ है। 1 फॉर्म फिल करके आप लोग हर रोज 2 दोस्त लोग लिखेंगे 2 पूर्ण हो जायेगा मायापुरी में राधा माधव को और अंत में समर्पण 1 पेज है उधर आप लोग लिखेंगे। 2 ऑप्शन है टी भी पी जो गुरु महारज का हृदय है गुरु महाराज इधर रोक गए टी ओ को ओपनिंग करके जायेंगे तो उसके बारे में फिर बाद में आपको ब्रज ब्लास प्रो बतायेंगे गुरु बहुत बड़ा विलास है और सेकंड ऑप्शन है आप प्रार्थना करेंगे मैं गीता का फल को अर्पण करता हूँ हमारे गुरु महाराज सा सुस्त होकर दीर्घ जीव हो के भगवान की सेवा में रह सकेंगे और हम लोग को दे सकेंगे जयसलप्रहुपादेखे go to rama.
Re krishna, thank you very much hisesbucipursoam simmharageso, we heard from him the important of the program, which is going to happen today so one humble request to the mataji, who are citing on the sofa on my levsitethos places और wentfॉrthe donors of the poterpetamso, the donors of the poterpetmtheare coming, then they are going to have their set, the if you want to have you re set there, it is very easy you have to just donate for one potherpetam, you don t for one poter petam, and you can very comfortably site that and also that place is ment for property cipleswivesof proper ciles, so they can actually take that place, they can sit there and rest of the place is men for the donors of the potherpetum so please keep that area free so that the downers can ocopiseniorledis also can set there so gennalyladis dont like to call them selsasenirs so anyway so, we have a r next speaker very eminent speaker, our sanयाcyand divoti s very dear to us shlprpadiplhesos bktivinvinsnsih महाराज की.
Om gञaनtmrndsaganan janaslkayacksur meltnnatsmasrgrve namah कृपा सिंधु बाई वच पठिथनमपभनेब्यो न वे प्यो नमो नम जय श्री कृष्ण चैतन्य प्रभु नित्यानंद, श्री श्री व सर गौर बख्तबंद हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम rama rama hare hare so i took darshan this morning in the krishna balaram temple and it was something, it was surprise to me। because when i first went in in front of gorny ti, there was not many people, but when i went to krishna balaram, there s many more people and of course, when we went to rude som sunder, we really fact talk a block.
सर.
बोल रहे है या.
कम है.
या बहुत.
So, this this indicates to us that generally people are not very forme year with gornita।
यह हम को दिखाता है कि लोग लॉरनायसीजयादापंचित नहीं and i did.
Proper very senior decide post ga communi probo। he related how sillaprubobat described why he bill krishna balaram temple in vrindavnशिलप्रवुपात के.
1 वरिष्ठ शिष्य थे गर्गमुनि प्रभु। उन्होंने उल्लेख किया कि प्रवुपात ने वृंदावन में क्यों कृष्णबलराम मंदिर का उद्घाटन किए।
We see every, where there many raja krishna temple, krishna balaram temple।
हम वृंदावन में साधारण तौर पर देख सकते हैं कि सब जगह राधा कृष्ण के मंदिर हैं, कृष्ण बलराम के मंदिर नहीं है, but.
Wanted krishna balaram temple, because by giving krishna balaram temp, then people will find out there will be introduced।
गोRnिथाIलेकिन प्रवपटकृष्णबल राम मंदिर का निर्माण करना चाहते थे, क्योंकि कृष्ण बलराम को देखने से और उनके माध्यम से लोग गौर निताय को जान सकते हैं।
ब्रजेंनससचसुतहे बाल so we know the identity of gornita that there not different from.
Krishna and balaram और गौर्नेतायका जो पहचान है, ये सब हम जानते हैं वो क्रिष्ण और बलराम से अभिन्न है।
We know। we know these things, but not the common people, dont know there, not noleg of this।
हम इसका भक्त और जो वैष्णव भक्त, गौडीय, वैष्णव भक्त हैं, हम ये जानते है। लेकिन जो साधारण जन है, वो लोग इस सच्चाई को नहीं जानते।
Props, वेरी, igt तो इंट्रज्यूस the people of the wor out to the message of sri catania mahaprभुशलशिला जो प्रपा है.
महाप्रभु के संदेश को इस पूरी दुनिया में परिचित करना चाहते थे, वो बहुत उत्सुक थे इस विषय में।
Gave us his pranam mantra, second name mantra is goravanipcारीnे.
का प्रणाम मंत्र है, उसमें दूसरा श्लोक है, उसमें बताया गया है गोरवाniprcrine।
Eger to preach the message of lord chatna to introduce the world।
महा प्रभु प्रापा जी, बहुत उत्सुक है चैतन महा प्रभु की वाणी को पूरी दुनिया में प्रचार करने के लिए, चैतन्य महाप्रभु को पूरी दुनिया में चैन महाप्रभु की जानकारी देने के लिए बहुत उत्सुक है।
वी नो छtnयmhaprbसमहाबडनाया वार, मोस्ट ऑफ़ द, वॉर डू नो नो।
हम जानते हैं कि चटनी महा प्रभु जो है वो महावदान्य अवतार हैं, लेकिन ज्यादातर पर लोग इस दुनिया में, इस विषय से परिचित नहीं है।
Nwerseing, now more and more people, come to vrindaven more and more people want to visit the holy land is an opportunit। तो जुकाम इंट्रज्यूसम, तो श्री चेतन महाप्रभु.
अभी हम देख रहे हैं, इस पावन भूमि वृंदावन में, ज्यादा से ज्यादा लोग आ रहे हैं। ज्यादा से ज्यादा लोग, यहाँ का मंदिर, सब देखने के लिए, आने के लिए बहुत उत्सुक है। ये हमारे लिए 1 स्वर्ण अवसर है। गौर नीता को, महाप्रभु को सबको परिचय कराने का, हमारे लिए यह बहुत मूल्यवान अवसर है।
We re enjoying chanting the holy name of gouranga, but the rest of the world, do not नो।
हम गौरंग के नाम को उच्चारण करके आनंद ले रहे हैं, लेकिन बाकी जो दुनिया है, इससे वंचित हैं, उनको मालूम नहीं है।
We want everyone to have the मेसी धन्य, महा प्रभु।
हम चाहते है की सब लोग महाप्रभु की जो करुणा है, इसका पात्र रहे.
सब सर मन। kabel on an de kanda, these to large catania anichananda are supremely, mersifolthey are giving a process, which is simply joyful।
ये 2 ही जन हैं, ये 2 लोग हैं। चाय तने, महा प्रभु, नित्या प्रभु है, ये सबसे करुणापूर्ण तार है, और उनका जो पद्धति है, वो आनंद से भरा हुआ है।
The many incarnations of the lord, but catania nityananda are the supremely mersofolforms of the lord।
भगवान के अनेक अवतार है, अनेक अवतार हैं, लेकिन चयतनेमहाप्रभु और नित्यानंद प्रभु सबसे करुणा में अवतार है, सब से करुणा में अवतार है।
So by placing the lot speed of lord chatanamahaprbu and the different places which he visited were able, तो गिव further education to the common people to अंडerstandmore the glories of लॉrdcेनिया।
इस पादचिननकोचायितन महाप्रभु के आये हैं वृंदावन में, उस कई जगहों में इसका स्थापित करके हम जो आम जनता है, उनको चायितनीमहाप्रभु के बारे में शिक्षा देने का हम अवसर प्रदान करते हैं।
I had the opportunity to go to ram kali। and i saw, the lot speed of lord chetan, there i went to can i nasal, and i saw a so, there, the lodespetofldnmaha pr महाराज बोल रहे.
हैं, उनका राम के लिए जाने का अवसर मिला था। वहाँ उन्होंने दर्शन किया था। चरमहाप्रभचरणचिन्न वहाँ स्थापित थे, उन्होंने कनैनटशालाभीकिया था, वहाँ भी चरितनमहाप्रभुकी, चरण, चिन्न स्थापित था।
But not many people no to visit these places, ramakalycnnasala some people never had।
लेकिन ज्यादातर पर लोग इस पावन जगहों के बारे में जानते नहीं हैं। राम के लिए और कन्या नाटशाला कोई कोई कोई ऐसा भी होता है, इनका नाम भी सुना नहीं होगा।
But vrindavan radegund under gram, this places, people are much more former with and paving, the lotus speed of lord chetana, there will help to give। मोर ब्लेसिंग तो दिस, लेकिन वृंदावन राधा.
कुण, नंदगाँव, ये सब लोग परिचित हैं। और कई लोग वहाँ जाते हैं इस जगह में महाप्रभु के चरण चिक स्थापित करके हम कई लोगो को महाप्रभु के बारे में बता सकते हैं, प्रचार कर सकते हैं।
That even some about the votes in china, have donated to put the lotus feet in some of the holy places।
मैं खुशी से बता सकता हूँ कि चाइना से भी हमारे जो भक्त हैं, उन्होंने दान दिया है, डोनेशन दिया है। महा प्रभु की चरण चिन्न स्थापित करने के लिए अनेक जगहों में elon, even.
The this time china to bodies, sad not able to get a visa to come to india, because of some political problems, but still the are contributing, they are harden money for the service of catania mahaprabusemis।
क्योंकि कुछ राजनीतिक कारणों से यहां वो लोग, चाइना के डिवोटी लोग यहां नहीं आ सकते हैं, क्योंकि उनको विशा इतना आसानी से नहीं मिलता है। फिर भी उनका मन में यह भाव भरा हुआ है। इसके लिए उनके जो धन है, उस धन से वो लोग महाप्रभु की सेवा करना चाहते हैं, अभी भी वहां रहते हुए भी ये सेवा करना चाहते हैं।
They understand this is a very important, very special service, can do they re playing a tiny part in the history of catania maha prebusemisin वो समझते हैं.
यह बहुत महत्वपूर्ण सेवा है, यह बहुत अद्भुत सेवा है। इस सेवा में वो लोग अपने छोटा सा जो भाग जो है, उसको वो निभा रहे हैं। ये वो अच्छी तरह से समझते है।
And in the future, we will have parikramas and take all of you around to visit all the places, where we place the lotus feet of jatana maha probo।
और भविष्य में इस चरण चिन्न स्थापित हुए। अनेक जगहों के चरण चिन्न परिक्रमा हो सकता है। वहाँ हम सब भक्तों को 1 जगह से दूसरे जगह परिक्रमा में लेके जा सकते है।
So we look fallr to having your association on that paricrmaतो।
महाराज सबको आमंत्रित कर रहे हैं, उस परिक्रम में आ के अपने संग लेने के लिए.
जा।
थैंक यू महाराज, थैंक यू फॉर वंडरफुल स्पीच महाराज को हम अपने कृतज्ञता बताते हैं कि उन्होंने इतने अच्छी तरह इस कार्यक्रम का मुख्य के बारे में बताया और उन्होंने हमको भी प्रसात किया। कैसे चाइना के भक्त भी यहाँ भाग ले रहे हैं। तो अभी सो वी वुड लाइक टू इनवाइट हिसोलनसकविचन्द्र स्वामी, महाराज टू स्टेज महाराज पुलिस कम। तो अभी तक हम इस काम के वरिष्ठ संन्यासियों के मुख मंडल से महाप्रभु की कथा और इस कार्यक्रम के मुख्य के बारे में सुन रहे थे। अभी हम यहाँ के जो गोस्वामी परिवार है, दादा दामोदर मंदिर के दामोदर चन्द्र गोस्वामी जी हैं, उनका मुख्य मंडल से अभी हम उनका वाणी श्रवण करेंगे। दादा दामोदर.
कृष्णाय वासुदेवाय हरि परमात्मने, पण क्लेश नाशाय, गोविन्दाय नमो नमहा गुरुवे गोर चंद्राय राधि काय तदालेय, कृष्णाय कृष्ण भक्ताइ्तदभक्ताई नमो नमहा जय रूप सनातन भट्ट रघुनाथ, श्रीजीव गोपाल भट्ट 10 रघुनाथ ए छौ गोशाई कोरिचौरोनेबंधन जा हुई।
त.
पुराण शीशी राधा.
की.
विदा वन चन्द्र की माधव की। चल चिकन की महाराज की.
जाई जाई।
श्री राधे निदाई, गौरव हरी बोल।
बहुत गर्व की अनुभूति हो रही है। जहाँ हम गौरिया वैष्णवों के लिए चैतन्य महाप्रभु, हम सबके प्राण है, हम सब के इष्ट हैं, हम सबके जीवन धार है और हमारे महाप्रभु है। चैतन्य महाप्रभु ने हम सब जीवों को सिखाया कि हम भक्त कैसे बने। महाप्रभु ने अवतार लिया कृष्ण के स्वरूप में और राधा के भाव में। राधा का भाव महाप्रभु ने क्यों सम्मिलित किया, क्योंकि महाप्रभु महसूस करना चाहते थे, अनुभव करना चाहते थे कि कैसे करके राधा रानी भगवान को अनुभव करती है। उस भाव को जानने के लिए महा प्रभु ने राधा भाव को लिया। महाप्रभु ने अपने 6 नुराइयों को विंदावन में भेज कर वृंदावन को पूर्ण तरीके से स्थापित किया। इस कलिकाल में छाए गोशाए जो रोजे कोल्लोबासराधा, कृष्ण नित्य, लीला कोरो, प्रकाश, इस वृंदावन कलियुग में पूरा पूरा लुप्त हो गया था, समाप्त हो गया था। इस वृन्दावन को पूर्ण तरीके से जो प्रकाशित किया, वो हमारे गोस्वामी पाद ने किया। आज हम जो राधा दामोदर लाल के इतना सुन्दर दर्शन कर रहे हैं, हमारे विश्व गुरु जीव, गोस्वामी पाद की कृपा से, आज हम राधा रमन लाल के दर्शन कर रहे हैं, हमारे गोपाल भट्ट गोस्व स्वामी जी की कृपा से, मदन मोहन लाल के दर्शन कर रहे हैं। सनातन गोस्वामी जी की कृपा से, तो आज उन सभी अनुभूति को पूर्ण करने के लिए, इस कार्यक्रम में हमारे महाप्रभु के जिस जिस स्थान पर महाप्रभु ने लीला किया है, दर्शन किया है, उस हर स्थान पर महाप्रभु के चरण पादुका का स्थापित किया जाएगा। यह हम सबके लिए बहुत आनंद का, हर्ष का, उल्लास का और गर्व का विषय है। और ये परमपूज्य जयपताका स्वामी महाराज के पावन सानिध्य में यह सम्पूर्ण कार्यक्रम हो रहा है, यह अपने आप में, हम सब के लिए बहुत ही कृपा और आशीर्वाद का विषय है।
रे.
महाराज जी के नाम पर ही पता का है। तो चैतन्य महा प्रभु का पताका महाराज पुरे विश्व में विचार करेंगे और राधा दामोदर। और इस कौन हम तो परिवार हैं, हम तो फैमिली है मेरे परम गुरुदेव बड़े बाबा नित्य लीला प्रविष्ट। आचार्य श्री गोरा चांद गोस्वामी पाद जी महाराज ने इसी भक्ति, वेदांत, स्वामी, शिला, प्रभुपाद, जी को राधा दामोदर मंदिर में आश्रय दिया। प्रभुपथ जी, राधा दामोदर मंदिर में 6 साल तक रुके। आप सबको पता है। भगवत गीता को एज, इटिस, इंग्लिश में ट्रांसलेट किया। राधा दामोदर मंदिर में भागवतम के फर्स्ट, कैंटो के 3 वॉल्यूम इंग्लिश में ट्रांसलेट किए। राधा दामोदर मंदिर में प्रपात जी ने भागवतम का 1 बैक टू गॉडहेड। मैग्जीन भी राधा दामोदर मंदिर से प्रपात शुरू किया और प्रवुपाजीकानित नियम क्या था। राधा दामोदर मंदिर में सत्य देवाले। जो हमारे मंदिर हैं, उन मंदिरों का नित्य दर्शन करते थे, यमुना स्नान करते थे, वृंदावन की परिक्रमा लगाते थे, ठीक 11 बजे लौट के आते थे, हाफेन आवर का विश्राम करते थे। मेरी बड़ी दादी के पास से प्रपा जी दामोदर जी का प्रसाद लेते थे। राजभोगनित्यप्रहुपा जी रात्रि के समय श्री रुप गोस्वामी जी के समाधि प्रांगन में सोनी की झारू की सेवा करते थे। हम जितना मंदिरों में, देवालयों में, जितना हम सेवा करते हैं, मार्जन करते हैं, उतना हमारा हृदय साफ होता है, उतना हम भक्ति में आगे बढ़ते हैं। हमारे चैतन्य महाप्रभु ने भी मार्जन किया। न जगन्नाथ जी के रथ के आने से पहले गुंडीचा मार्जन तो जितना हम मार्जन करते हैं मंदिरों में, उतना हम नाम भक्ति में आगे चलते हैं। महाप्रभु ने हमें क्या सिखाया, महा पूर्व ने हमें सिखाया नाम निष्ठा, महाप्रभु ने सिखाया, धाम निष्ठा, गुरु निष्ठा, भगवत निष्ठा और राधा निष्ठा, ये सारे निष्ठाओं को चैतन्य। महा पूर्व ने हमें सिखाया है। महाप्रभु ने सबसे बड़ा ज्ञान हमें शिक्षा से कम के आठवें श्लोक में जो तीसरा श्लोक हैं, तना, दपि, सुनि, चेना, तरोड़, पी, सह, सुना, अमारि, मान, देना कीर्तनिया सदाहरी, हम सब वैश्णव को विलम्ब होना चाहिए, आदर सम्मान करना चाहिए। और आज जब प्रभुपाद जी राधा दामोदर मंदिर में रहते थे, रात को प्रभुपाद जी झारू सेवा करते करते रोते थे, रूप गोस्वामी जी के सामने बिलखते थे, लोट पोट खाते थे और स्वामी जी से प्रार्थना करते थे। क्यूँकी रूप गोस्वामी पाद ने अपने 1 बहुत ही प्रसिद्ध ग्रंथ भक्ति रसामृत सिंधु नेक्टर डिवोशन में उन्होंने 1 वर्ष में बहुत अच्छी बात कही है। क्या विश् याचेजतोनोगोरादिग्राम सौरवशहवेमोननाम प्रचार तो इस पुरे विश्व में जितने देश हैं, जितने शहर हैं, जितने राज्य है, हर 1 राज्य में, हर 1 शहर में, हर 1 घर में, हर 1 जीव को क्या करना है।
हरे कृष्ण, हरे कृष्णा.
कृष्णा कृष्णा, हरी हरी.
हरी रामा, हरे रामा रामा रामा.
हरे हरे.
प्रभुपाद जी, रूप गोस्वामी जी से पूछ रहे हैं हे रूपा मैं यह कैसे कर के पूरा कर पाऊँगा, कैसे कर के मैं पश्चात् देश में जाकर नाम पचार कर पाऊँगा और राधा दामोदर मंदिर वह स्थान है जहाँ पर शिला प्रभुपाद जी को दिव्य ज्योति के माध्यम से श्री रूप गोस्वामी जी के दर्शन कृपा हुआ और प्रभुपाद जी नाइनटीन सिक्टी फाइव में राधा दामोदर मंदिर से जल दूध में करके कारगोशिपमें करके नियोक चले गए। अब मैं 1 प्रश्न पूछता हूँ जब प्रभु पा जी पाश्चात्य देश गए, क्या उनकी उम्र 20 साल थी, 70 साल थी, क्या प्रभुपाद जी बहुत स्वस्थ थे, हेल्दी थे, बीमार थे। क्या परवुपातजी के संग 10 20 लोग थे, अकेले थे। क्या जी के पास बहुत पैसा था, नहीं था 40 रुपए थे प्रभु पा जी के पास क्या था, प्रभुपाद जी के पास राधा दामोदर जी का आशीर्वाद था। प्रभुपाद जी के पास रूप गोस्वामी जी की शक्ति थी। प्रभुपाद जी के पास अपने गुरु का आदेश था। उसको लेकर प्रभुपाद जी पश्चात् देश में पहुँचे और पूरे विश्व में उन्होंने हरे कृष्ण नाम का प्रचार किया। आज प्रभुपाद जी राधा दामोदर मंदिर से नियोग गए। तभी आज आप सब यहाँ बैठे हैं तो आज नहीं बैठते आप.
आज.
होली। परमपूज्य जयपताका महाराज का स्वास्थ्य बहुत खराब है, जो मैंने सुना और इस उम्र में इतना स्वास्थ खराब होने के बावजूद महाराज महाप्रभु के इस सेवा को, इस प्रचार को निरंतर वो करे जा रहे हैं। उनके चरणों में कोटी कोटी प्रणाम है और राधा दामोदर जी उनको बहुत शक्ति दे, स्वस्थ रखे। इसी प्रकार वो प्रचार नाम भक्ति भजन हमेशा निरंतर करते रहें। ribodwncaklpatru vashiakipasindu bhi vaca ptitanampavni vashnavi bonmonamahren.
Re krishna thank you ety much man goswami। he explain the very close connection between radha damodar temple and shilaprapatand how in is early days, shilaprpapradfor radha prapt carry, the holy name sremantbagotm and mahaprabuswani to the whole world and also maharaj goswami he gave his blessings requesting the mercy so we have other goswami is also coming so we invite them on stage, प्लीज come up बजेलाsप्रबू प्लीस ब्रिंग दम टू स्टेज आचार्य पदमनाभ, गोस्वामी जी राधा रमन टेंपल आ रहे है so now we request hisolnesक so, now we request his solin kavichendrsimmaharage to speak a few words, maharagesvvery senior propardisiple preaching in america us tral singapur and many other places africa s japan maharaj so in many many places। so we are very fortunate to hear today from maharaj on this moment is ication to have is association, so maharaj will speaking english and i will try to translate oka।
Thank you very much krishna.
Everybody can.
Say that on cape, we heard quite ve already the lotus feet of lodjtaninconsevabl।
हम बहुत श्रवण किये हैं। भगवान श्री चित की जो चरण कमल है, वो अचिन्त्य है।
No different on the feet of krishna all of the mark or little different।
वो भगवान श्री कृष्ण के चरण चरणों से अभिन्न है, लेकिन उनके जो चिन्न है उसमे कुछ फर्क है।
So we learn first and second candle of the shrimad bogetumisalotesfeti a lord।
हम यह सुनते हैं कि भागवत की पहला और दूसरा स्कंद है, वो भगवान की चरण कमल है।
So bokisodanoserute, he wanted to install this foot prince of lord, chetna he did in many places and how we here or jivit swami is pushing and on so here in vrindavan didn⁇tstayvery long very.
When many places yah। तो भक्ति सिद्धांत सब सम ठाकुर प्रपात है। उन्होंने इस चरण चिन्न की स्थापना का आगमन किए थे। उन्होंने कई जगह में चरण चिन्न का स्थापन किया। अभी हमारे जयपताका स्वामी महाराज ने इस कार्यक्रम को आगे ले रहे हैं। चाटने महाप्रभु ने वृंदावन में अनेक दिन नहीं बिताए, लेकिन उन्होंने अनेक जगह में गए।
First thing, i was gallroundgoverdn।
उन्होंने पहले काम किया कि गोवर्धन परिक्रमा उन्होंने किया।
Is food print or actually all over? vrindavan there all over may?
उनका चरण चिह्न है, पूरे वृंदावन में है। जैसे उनके चरण चिन् पूरे मायापुर में है, वैसा उनके चरण पूरे वृंदावन में भी है।
So here we re going to get.
Reryputemvisibly, and many places, so that more more people can remember the lotus fed। यहाँ वृंदावन में, हम अनेक जगह में इस चरण चिन्ह का स्थापित करने वाले हैं। यह, क्योंकि इससे बहुत जनों को भगवान शिव चयतनेकीयेचरणकमल है, इसके ऊपर ध्यान करने का अवसर मिलेगा। इस डैंसिंवोमहाप्रभु सब समय नृत्य कर रहे हैं।
VeरीTरAvल he just dance in excess everybody one verse।
वो वो किधर भी जायेंगे, किधर भी वो पर्यटन करेंगे, सब जगह में वो आनंद से नाचते हैं। जब वो विग्रह को, शिव ग्रह, भगवान के शिव ग्रह को देखते हैं, फिर भी वो आनंद से नाचते हैं। फॉlलowहisfुtsेp डैंस, तो हम भी उनके जो अनुगामी है, और हमको भी आनंद से नाचना चाहिए।
So we have very very special, debodishere, much more than me।
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यहाँ बहुत वरिष्ठ वैष्णवन आये हैं उन्होंने, वो भी अपने वाणी विस्तार करने के लिए हैं, उनका सब वाणी सुनने के लिए हम सब उत्सुक हैं। हम यह भी देखते हैं कि इतना भक्त लोग यहाँ एकत्रित हुए हैं।
Said vysnavsavenamis sanket krishna charan visa, save and her name, sankaton very quickly, get the lot osed of krishna lot of seed of lochan।
लॉ चैतन्य ही सेट तन्या उन्होंने बताया है कि इस 2 माध्यम से, भगवान के नाम संकेतन करने से और वैष्णवों की सेवा करने से अधि शीघ्र भगवान श्री कृष्ण के चरण को पा सकते हैं, भगवान श्री चहतनेकीचरण को प्राप्त कर सकते है।
सो प्लीज डू द बॉडी न चाट.
तो होली name, तो आप स्प्रे होली आप दयापूर्वक ये दोनो काम कीजिये, भगवान की जो शुद्ध नाम है, भगवान के नाम है इसका प्रचार कीजिये और भक्तों की सेवा कीजिये।
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे गो रंगा.
रंग.
रंगा गो.
Ranga.
गो रंगा.
थैंक यू महाराज थैंक यू वेरी मुच अभी हम निमंत्रण करेंगे हरिदेव गोस्वामी जी को, जो हरिदेव टेंपल हरिदेव टेंपल के पुरुषोतम, हरिदेव टेंपल के पुरुषोत्तम, गोस्वामी जी को, अभी हम निमंत्रण करेंगे, उनके वाणी का विश्राम करने का लिए.
करोत दृर गोपाराम देव नाम गोपाराम थे सप्तबदरुपतुप्यम त्रि हर देवाय ते रात धरण की जय रात धरण की जय राज धन श्री हरदेव भगवान की जय चेतन.
मापुरी आगमन हुआ तो सबसे पहले जब गोवर्धन में उनका आगमन हुआ तो श्री.
हरदेव मंदिर में निवास रहा, हरदेव मंदिर में उन्होंने कीर्तन नृत किए, 2 दिन विश्राम किया, इसके उपरांत ही उनोंश्रीगोवर्धन की.
परम काली तो हरदैवमंदिर से गोरिया संप्रदाय या चेतना का पूर्व से काफी लगाव है।
अब.
स्थापित की यह 1 बहुत जरूरी.
थी जो उनकी स्मृति में माँ स्थापित हुई है।
तो मैं इतना ही कहता हूँ ज्यादा.
मुझे चेतन की जानकारी नहीं है इस.
मे विश्राम देता हूँ श्री हरदेव महाराज की जय जय हरदेव रात धरण की.
जाए जय थ्री जिनका लेक्चर हो जाए.
उनको अपनी जगह दीजिए.
हरे कृष्णा नो वी वेलकम karun gosswami और kisnablarmgosswamy from raधdamrttemple and we request करsणबlaramgos्वamy to speak a fयewwr्टsबोले।
शी राधा दामोदर लाल की हेलो गिर्राज महाराज की जय जय श्री राधे मुझसे, पहले आप लोगों ने राधा दामोदर और बाजी के बारे में पूरा व्याख्यान सुन लिया तो मैं उसको क्या दोहरा हूँ इसलिए क्योंकी अब जो है यहाँ पर.
जो मौका मिला है तो आभार प्रकट कर सकता हूँ।
कार्यक्रम में जो सम्मिलित हुआ हूँ बहुत स्वभाग्य वान हूँ राधा दामोदर मंदिर जिसको की रूपा जी ने द सेंटर ऑफ द स्पीचर वरल्ड कहा है।
और उन्होंने ये भी कहा कि अगर.
कहीं रूपा जी को साक्षात मिलना हो तो आई आलवेज इंटरनली रिसाइट ऐट द रूम इन श्रीराधा दामोदर टेम्पल।
तो कभी स्व रूप रूपा जी का.
देखना हो, उनका संग करना हो तो राधा दामोदर मंदिर में अवश्य आना पड़ेगा इस दिव्य कार्यक्रम के विषय में इतना कह सकता हूँ की राधा दामोदर मंदिर में भगवान श्री कृष्ण जी के श्री चरण स्थापित है। विश्व के हर वर्ग के लोग वहाँ जाकर दर्शन करते हैं।
तो आज के इस मौके पर मैं.
ठाकुर जी से प्रार्थना करूँ कि जहाँ जहाँ अब ये महा प्रमुख चरण पादुका विराजमान हो, वहाँ भी श्री चतर ने.
महा पूर्व के श्री चरण के दर्शन.
करने के लिए भक्त समूह पहुँचे और आज इतने भक्त समूह सामने है, आचार हमारे साथ है। उन सब से प्रार्थना करता हूँ की मेरे को आशीर्वाद दे ताकि मैं श्रीराधा दामोदर की सेवा निरंतर करता हूँ। जय जय श्री राधे जय राधा दामोदर।
Hare krishna now we in another very special personality, hes padman gosswami from radaramantemple, he is the head priest of radha man temple, and will be very interested to know that actually our head पुजारी grniाsp्rभु। he learned salegramshilapuja from him so, we are very very happy to invite him to speak on this occasion hari krishna, hes also very good friend of the top project and mayapur haribo।
हर पनमपनेपरतकलेशनासाय गोविंद आय नमो नमा वांछा कलपतरकृपासधपतिता.
नमो नम.
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे, हरे, हरे राम, हरे राम राम राम हरे हरे ये वास्तव में हम लोगों के लिए बड़ा सौभाग्य का आज दिन है, किस कृष्ण बलराम हाल में हम लोग सब एकत्रित हुए हैं। वास्तव में कलयुग में श्री चैतन्य महाप्रभु के द्वारा श्री राधा कृष्ण के युगल स्वरूप के रूप में अवतरित होकर मानव मात्र ही नहीं, जीव मात्र के कल्याण के लिए हरिनाम का प्रचार प्रसार समस्त जीव के लिए किया गया। महाप्रभु का जो कलयुग में अवतार हुआ, उस कलयुग के अवतार में जो विशिष्टता थी, वह विशिष्टता तीनों युगों के अवतार.
में.
देखने को प्राप्त नहीं हुई। महाप्रभु के द्वारा जो सबसे पहला प्रचार प्रसार किया गया, वह हरिनाम का प्रचार प्रसार सब जीव मात्र के लिए, इस पृथ्वी के लिए किया गया।
दूसरा.
महाप्रभु के द्वारा जो भक्ति की पूरी व्याख्या थी, जो व्यक्ति की पूरी कल्पना थी। ग्रंथों में, शास्त्रों में भक्ति के बारे में जो बताया गया, उसमें महाप्रभु ने जो 1 विशिष्टता प्रदान की, वह की प्रेमा भक्ति लव ऑफ डिवोशन प्रेम के द्वारा जीव मात्र का कल्याण, यह महाप्रभु के द्वारा इस कलयुग के जीव को दिया गया। तीसरी, जो सबसे विशिष्ट.
तत्व.
कलयुग के जीव को दिया, वह राधा की महिमा और राधा तत्व का ज्ञान, ये महाप्रभु के द्वारा इस कलयुग को जीव दिए गई। जुगल उपासना का जो स्वरूप है, वह राधा कृष्ण की जुगल उपासना का स्वरूप और राधा की महिमा, यह श्री चैतन्य महाप्रभु के द्वारा कलयुग के जीव को बताई गई। तो महाप्रभु का इस कलयुग में जो अवतार हुआ.
उसको.
शील भक्ति, विनोद ठाकुर, ने, भक्ति, विनोद ठाकुर, विवाद शील, भक्ति, श्रद्धा, सरस्वती, शील, एसी, भक्ति, वेदांत के द्वारा समस्त विश्व में उसको प्रचारित किया गया। आज विश्व के सैकड़ों देशों में.
महाप्रभु.
का इस हरिनाम संकीर्तन का प्रचार प्रसार, गली, गली, मोहल्ले, मोहल्ले और अनेक घरों में हो रहा है। शील प्रपात के द्वारा अपने जीवन के अंतिम 10 वर्ष में जिस प्रकार विश्व के अनेक देशों में राधा कृष्ण के मंदिर, राम, लक्ष्मण, सीता, श्री जगन्नाथ, बलभद्र, सुभद्रा, श्री चैतन्य महाप्रभु, नित्यानंद, प्रभु आदि की मंदिरों की प्रतिष्ठा की, वेजिटेरियन प्रसाद के रूप में गोविंद रेस्टोरेंट की स्थापना की। गाय का गौ माता की जो सेवा के रूप में गौशालाओं की स्थापना की, विदेश में रहने वाले जो पश्चात देश के भक्त हैं, उनके बच्चों के अध्ययन के लिए, शास्त्रों के अध्ययन के लिए गुरुकुल की स्थापना की, ऐसा आने वाले भविष्य में ऐसा व्यक्तित्व, ऐसी पर्सनलिटी असंभव ही है। यह अद्भुत कार्य श्रीमन महाप्रभु के आशीर्वाद से श्रीमन महाप्रभु और 6 गोस्वामियों के द्वारा उनके दिखाये मार्ग पर शील प्रपात के द्वारा समस्त विश्व में किया गया। जबकि ब्रज अपने आप में स्वयं 1 महत्वपूर्ण तीर्थ है, धाम है। बिंद्रावन को साक्षात भगवान कृष्ण और राधा रानी ने अपना धाम माना। आज भी इस विन्द्रावन में यह मान्यता है कि राधा कृष्ण के द्वारा नित्य रात्रि को रासलीला यहाँ पर संपन्न होती है। आज भी यह धाम भगवान श्री राधा कृष्ण की उसी प्रकार अनुभूति करता है जैसे द्वापर का युग हो। उस युग की जो महत्ता है, वो महाप्रभु के द्वारा प्रचारित कर। आज श्री जयपताका महाराज के द्वारा इस बृज मंडल में विभिन्न स्थानों पर श्री चैतन्य महाप्रभु की चरण पादुका स्थापित की जा रही है। इन चरण पादुकाओं के द्वारा महाप्रभु के हरनाम संकीर्तन का और प्रचार प्रसार होगा। इन महाप्रभु की चरणपादुका के द्वारा भक्त लोग और भी ज्यादा, महाप्रभु के प्रति उनका प्रेम, भक्ति का भाव उनके मन में उत्पन्न होगा। यह आने वाली पीड़ी के लिए जो हमारे और नई जनरेशन आ रही है, उसके लिए यह बहुत ही आवश्यक है। मायापुर में विशाल टीओवीपी मंदिर का निर्माण कार्य चल रहा है, जो कि अपने अंतिम चरण में है। वो टी ओ वी पी के द्वारा पूरे विश्व को 1 विशाल मंदिर के.
रूप में.
देखा जायेगा। और वहाँ पर जो भी भक्तगण वहां आयेंगे वो उस टी वी पी में 1 भक्ति की अलौकिक अनुभूति का अनुभव वहाँ पर प्राप्त करेंगे। वहाँ पर जो वाइब्रेशन है मैं गया। वहाँ पर वहाँ पर भी जो वाइब्रेशन है वो इतने पॉजिटिव है की जैसे झारखण्ड के मार्ग से महाप्रभु आये। तो जो बन के जंगल के जानवर थे उन्होंने अपने आप हरिनाम संकीर्तन का उच्चारण प्रारंभ कर दिया तो वो टी बी पी वो सेंटर होगा। यहाँ पहुँचते ही मायापुर में हरिनाम उच्चारण, हरे कृष्ण, हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अपने आप होगा। अब वह अपने अंतिम चरण में है। ब्रज विलास प्रभु अपने तन मन, धन और रोम रोम से उस टी ओ बी पी को पूर्ण करने में वहाँ पर रात दिन मेहनत कर लगे हुए हैं। मैं आज के इस अवसर पर आप सभी भक्तजनों का हार्दिक, आभार और धन्यवाद करता हूँ और कहता हूँ कि ये जो महाप्रभु का उपदेश है और महा प्रभु का जो मार्ग है, बताया हुआ और रूपा ने उसका अनुसरण आप सबको कराया उसी मार्ग पर चलते हुए अपने जीवन के भक्ति लाभ को प्राप्त कर सकते हैं।
धन्यवाद कृष्ण हरे कृष्ण थैंक यू वेरी मच गोस्वामी जी सो वे आर वी आलसो हैप्पी। तो वेलकम हम स्वागत करते हैं केशव पंडित जी, फ्रॉम, अन्य साक्षी गोपाल टेम्पल और हम इनको भी वेलकम करते हैं। राम खिलाड़ी जी और बाबाजी फ्रॉम बदवाल सो वर नेक्ट spीकremiनeंट speaker ही will.
Be.
आचार्य गोपिनाथ गोस्वामी जी, फ्रॉम राधा गोपीनाथ टेम्पल.
श्िराधागोपिनाजी महाराज की है। मधु स्नेह समायुक्त प्रेमा सख्त महाशयमवृं्दाबने रसरतन वंदे, श्री मधुपंडित, श्रीमान रास रसारंभवंगषीवटतटस्थि कृष्ण वेणु सुनेर गोपी गोपी नाथ स्तन, श्रीकृष्ण चैतन्य प्रभु नित्यानंद, शयददगदाधरशिवासादी गौर भक्त वृन्द हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे वृंदावन धाम की, श्रीमन महाप्रभु की गौर भक्त वंदगी, महाप्रभु चरणारविंद गी उपस्थित, समस्त वैष्णवगण, गोस्वामीपाद समस्त विरक्त जन सबको इस जीव का कोटिकोटि नमन। आज बहुत हर्ष का विषय है कि हम वृंदावन धाम के पंचकोषीय क्षेत्र में श्रीमन महाप्रभु के श्रीचरणों की स्थापना के उपलक्ष में यहाँ उपस्थित हुए हैं। श्िरोबकोसायपाद वृंदावन का परिचय बड़े ही सुख में देते हैं कि किम व्रंदावन वृंदावन क्या है। रुगोषोयबात कहते है कि नित्य राष्ट स्थली वृंदावन वृंदावन जो है। यह भगवान की नित्य राष्ट स्थली है। परन्तु कलि के प्रभाव से जो साधारण भक्त हैं, जो ज्ञान मार्ग से आते हैं, वो वृंदावन को अनित्य मानकर वृंदावन प्रवेश करते हैं। तो जो वृंदावन को अनित्य मानकर प्रवेश करते हैं, उनको अनित्य फल मिलता है। और जो वृंदावन को नित्य मान के वृंदावन प्रवेश करते हैं, उनको नित्य फल मिलता है। तो इसी नित्य रास स्थली में श्री वृंदावन में हमारे श्री बज्रनाभ भगवान के परपोते बज्रनाभ ने भगवान के 3 स्वरूप स्थापित किए। श्री गोविन्द गोपिनाथ मदन मोहन चैतनचरमृतके प्रथम.
में ही लिखा है।
जाए राधा जय कृष्ण जय वृंदावन श्री गोविंद गोपिनाथ मदन मोहन। 3 ठाकुर होई मोई नाथ। 3 ठाकुर कोरिया गोडिया के आत्म साथ। तो हम सब गोडिया लोग प्रविंद यहाँ पर आज उपस्थित हैं। श्रीमन महाप्रभु की कृपा से महाप्रभु ने सनातन को स्वयं बात को भेजा, वृंदावन जाइए आराध्य भगवान सतरोतदधामऔरवृंदावन। उसी क्रम में श्री गदाधर पंडित जी ने श्री मधु पंडित जी को भेजा और बाद में माँ जान। व महाप्रभु के इसी वृंदावन को अपने जैसे मेरे पूर्व 4 जी ने बताया। राधा कृष्ण के मिलित स्वरूप को सम्पूर्ण करने के लिए पहले गोपिनाथ अकेले प्रकट हुए थे, गोविन्द जी अकेले प्रकट हुए थे, मदन मोहन जी अकेले प्रकट हुए थे। तो जो महाप्रभु ने राधा तत्व प्रकाश किया। परन्तु इस कली जीव के लिए कोई स्वरूप नहीं था। जानबा देवी ही गोविंद गोपिनाथ। मदन मोहन के लिए ये 300 राधानी स्वरूप लेकर आई और तब गोपिनाथ हो गए राधा गोपीनाथ, गोविंद हो गए। राधा गोविंद और मदन मन हो गए। राधा मदन महल बोलो मा। जानना देवी की यह जानना यदि हम जायेंगे तो नितांत प्रभु के बाद यह हमारे गोरियों की आचारण हुई। वहीं ऐसी हमारा गोड़ी संप्रदाय हमारा शुरू होता है। तो शिवनवहाप्रभुकी कृपा ऐसी महाप्रभु के 3 सिद्धांत को मा जानमाने। इस वृंदावन में आज हम दर्शन कर रहे हैं, समस्त देवालय में जाते हैं तो हम 3 चीजे हमको 1 समान मिलती है। पहले क्या है यह महाप्रभु के द्वारा किया गया। हरि राम, हरे कृष्ण, हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण, हरे हरे, हरे राम, हरे राम राम राम हरे हरे फिर द्वितिय हमको वस्तु महाप्रभु की मिलती है की भगवान का ये बंगसीधारीस्वरूप यहाँ पर वृंदावन में भगवान की अनंत लिला हुई है, उसमे स्वरूप है। यही सर्वग्राही सब को समझते देखने मिलता है। और तृतीय श्री भगवान का प्रसाद हम सब गोरी है, भगवान की मंजरिया है उसमे सब प्रसाद को ग्रहण करते है। और यही हमारे गौरी में मा जानना होगा की 3 कॉमन चीजें बताई गई है। तो बहुत उल्लास की वस्तु है की आज हम यहाँ उपस्थित हुए हैं। यह अनिवार्य इसलिए है क्यूँकि इस कली के प्रभाव से वृंदावन यहाँ तक सीमित नहीं है। पचीस किलोमीटर दूर तक चला गया है। वृंदावन रोज अखबार खोलिए वृंदावन सर्वत्र जहाँ पर नया नया, नया नया जो जो कॉन्क्रीट का बन बन रहा है, उन समस्त गाँवों को वृंदावन बोला ही जा रहा है। तो बड़ा आवश्यक है कि कली का जीव जो आयेगा उसको इस पंच कोसी वृंदावन के बारे में पता लगे कि यही वास्तविक है, वृंदावन है जिसको महाप्रभु ने अपने पदार्पण से इसको प्रकट किया है। इसलिए हम सब इसका भगवान के चरणों का आश्रय है। और भगवान प्रार्थना करूँगा की महा प्रभु के इस सिद्धांत को सदा भगवान की स्थापित होंगे, वो हमको विनम्र करे और समभाव से प्रेम भक्ति प्रखंड राधा गोपी महाराज।
Re krishna, thank you very much so now, we have many iscon leaders, who have assembled here, we are very happy to welcome pncgoutaprabuthe को pरेसिdent करिs्nबोलाम, mandir we are very happy to welcom sुddhkertiprbु the fvrtsefsilaprpat, we are very happy to welcom mukund prbuhethe head pujryofkisnablaram, mandir we are very nordby, the प्रेशंस सून will बी कॉलिंग them नाव, we have a वेरी वन्डरफुल प्रोग्राम and to lead this program, i call our fevoret, supari manager.
Mariciprabo.
Mariciprabogi for this very very special program, which will be लीडिंग they are asking me to nosbrisifrobis from which country, hes from argentina hes from malesia hes from mayapur hes from.
Vrinda.
From gola.
Mariciprabuisfrom everywhere so, he take supari of diwotis from every, there, so he s going to lead a very very special program on behave of or guru mharाजhesoljeprta, say maharaj march prb, thank you so.
Much.
Mydirhriletaprabu it today first i want to glorify organizer the leader, hotissaparijatra the gas of on, or his codenet, jayapataka swami all the son leaders and second also get on all the goswamis indavenwho.
Are here pressin today, तो आज मैं हमारे सफारी के लीडर कैप्टन और आज के मुख्य गेस्ट चीफ गेस्ट बुखयातिथिइश्वर ने, जयपताका स्वामी महाराज के प्रशंसा करना चाहता हूँ और इस प्रोग्राम को आयोजित किया, ऑर्गेनाइजर की प्रशंसा करना चाहता हूँ और 1 गोस्वामी मंदिर के जो आचार्य गण यहां प्रस्तुत हुए हैं, उन सबको मैं इनवाइट करना चाहता हूँ.
लाइक।
तो.
Press punch prabhu on the stage and prabusutakiyprbu you please come on the.
Pabu.
Thank.
Lets welcome puncgoprbondsuta kirti prbुwthbighdibo.
Train.
Thank you.
Thank you from elite micro वं prmpraprपmemm microfone, yelling vidhu.
Okay i going to just to talk very briefly after we have a special gift for the goswamis ofrindavan, तो हम वृंदावन.
के गोस्वामी मंदिर के आचार्य के लिए 1 बहुत स्पेशल गिफ्ट हिसोलजेव्ताक स्वामी महाराज की ओर से यहाँ लेके आये है.
First want to mention, what is e pores?
10 प्रोग्राम पहले हम ये बताना चाहते हैं, आज के जो कार्यक्रम है इसका मकसद क्या है?
Ilabgisaswatitakur in the ear of नinतीntrथीवंट। तो कूरमदश इन आंध्र प्रदेश in kurma on the ट्वेंटी सिक्स ऑफ दिसम्बर नाइनटीन थर्थी एंड ही इंस्टॉल पुट प्रिंस ऑफ लोड शैतानिया महाप्रभु ट्वेंटी सिक्स, दिसम्बर नाइनटीन.
टी को बक्तिसदानस्मठाकुर गोस्वामी ने, वहाँ कूर्म देश आंध्र प्रदेश में गए थे, वहाँ उन्होंने पहले महाप्रभु के चरण चिनका स्थापित.
किए थे ही सेन अनआदवांसपार्टी everything was really for to install and the next day on the ट्वेंटी सेवन और दिसम्बर ही went to simhाछलमटेmपल एंड ही आल सो इंस्टॉल other से फूट प्रिंस ऑफ.
लॉ तानिया, mahाprबoतो उन्होंने 1 अडवांस पार्टी पहले भेजा था सब कुछ आयोजन करके रखने के लिए, और दूसरा दिन ट्वेंटी सेवन को उन्होंने सिंहाचलम में वहाँ भगवान की चता के चरण कमल का स्थापित.
किया and to the later on the twenty nine of timber, he went to the miti place of lord catania, mahaprabuwith ramanand n, he also instal another set.
रामानंद, जहाँ रामानंद, राय और चायतानयमहाप्रबु मिले थे, वहाँ भी उन्होंने 1 चरण स्थापित.
किए थे मंगल गिरी.
तो उसके बाद नसिमा टेम्पल मंगल गिरी है, वहाँ भी 1 चरण चिन्ह उन्होंने स्थापित किए शाला.
रामकली.
कनइनरशालयमें और राम के लि में जहाँ रूप, सनातन और लॉ चाटना भेंट हुआ था, वहाँ भी उन्हों is biographi.
Describe that he wanted to install ne hundred at put princ of लocेनियामहाpरभु इन.
डिफरेंट प्लेसेस ऑफ इंडिया उनका बायोग्राफी में उन्होंने। लिखा है कि उनका इच्छा था कि 100 8 जगह में महाप्रभु का चरण चिन्ह का स्थापित होगा।
न 10 प्लेस चैतन्य महाप्रभु परफॉर्म किसी.
वहाँ महाप्रभु ने अपने नीतिलिलारचाये थे बात ही इंस्टॉल ओनली, लेकिन उनके समय काल में खाली 8 चरण चिन्न स्थापित किए.
इंस्टॉल न।
तो उसके बाद उनके शिष्य हैं और 4 और 5 जगह में स्थापित किए थे।
सो नो दिस स सी प्लस प्रभु स्वाती कूड़ तो इंस्टाल फुतप्रिंसऑफ़लॉटचैतान या महाप्रभु इन द डिफ्रेंस फॉस वृंदावन वर्ड लोड चैकटानियामhाप्रूव.
ये अभी जेता स्वामी महाराज ने अपने मकसद बनाया है कि वृंदावन के साथ जगह में उन्होंने यह जो चरण चिन्न स्थापित करने के लिए।
तो यर्स बिफोर टू टू इन कार्तिक the फुट प्रिंस ऑफ़ लोड चैतानिateवर्ड इंस्टॉल.
न रदर कुंड 2 साल पहले कार्तिक में भगवान शहितनेकेचरणचिनन रादर कुंड में स्थापित हुआ था।
HribokaniकAgsaमी ही आर सो contribu for this instolatiनकानिका।
सो कनिका गोस्वामी फ्रॉम राधा दामोदर ही एक्वालली कॉन्ट्रीब्यूटेड आलसो फॉर this instalation haribol.
So everyone com, they want is from vndaवnprtसस्टोरिकल।
इवेंट सब लोग इसमें भाग ले सकते हैं। हम वृंदावन के जो भत् वृंद है, उनको आमंत्रित करते हैं की इस अद्भुत जो घटना है इसमें अब सब भाग लें।
After thousans of rs, the wats from around the world, remember the will remember this।
हजारों साल के बाद जब भक्त वहां आयेंगे और चरण चिन्ह को देखेंगे, वो इस दिन को याद करेंगे, where the.
What is from brindavan, the goswami is आल ओवर द वल्ड कम, तो इंस्टाल फुट प्रिंस ऑफ़ लो।
इस दिन। इस महत्वपूर्ण दिन, जहाँ इस दुनिया के बहुत कोने से आये हुए भक्त, हमारे कान के वरिष्ठ नेता, कान के संन्यासी और गोस्वामी के गोस्वामी मंदिर के अचारियों, सब लोग, एकत्र मिलित हो के इस महान कार्य को आज किया है। इस दिन को वो लोग याद करेंगे।
You can see his coldinesbgipुn। स्वामी महाराज sीnirdesiplss swami distributing a gift for the same vidvan गुड महारा आज.
आप देखते हैं अभी मंच के ऊपर हमारे गुरुदेव हिशोलनजयवताकस्वामी महाराज के, जो बहुत बड़े सन्यास शिष्य है, जो भक्ति पुरुषोतम स्वामी महाराज, गुरु महाराज के माध्यम से गुरु महाराज की ओर से सब गोस्वामी गोस्वामी मंदिर आचार्यों को अपने भेंट प्रस्तुत कर रहे हैं।
You see set up even on ation tal, any one who want to contribute to install to mantain to bild all this little temples, were the port prince of lotstaniamahaprwe, will be install place, we bag all of you to contribute।
यहाँ मेरा राइटस में डोनेशन टेबल है, प्रभु जी खड़े हो रहे हैं। अब देखिये, जो भी इस महान कार्य के लिए अपने डोनेशन देना चाहते हैं, कुछ धन देना चाहते हैं। आप अपने दिल खोल के इस डोनेशन दे सकते हैं। प्रभु जी और माता जी उधर हैं। आपके जितना पैसा है, पॉकेट में, दिल में कितना पैसा है, सब लेने के लिए तैयार है। अब जा के दे सकते हैं।
Putin सो मै स्पोंसर न, आज हम.
16 बहाप्रभुके चरण चने को स्थापित करने के लिए जा रहे हैं। आप चाहते हैं तो आप 1 चरण चिना स्पोंसर कर सकते हैं हो।
So you see i can see devotes from all over the world, today we have the votes from woltmostseventy five tifr country।
आज यहाँ दुनिया के सेवेंटी फ फाइव देशों से डिवोटयहाइकतरिt है।
Haribol.
Yatra he brings today with one and five।
आज जेता महाराज अपने यात्रा में 1500 भक्त को लेके आने वाले हैं।
सो थैंक यू वेरी मuचwitinalसो, the moment, we plain get of an codinaसjकमीलकम।
सबको धन्यवाद, हम बहुत रोहित साथ ऐसी यहाँ देख रहे हैं की कब हमारे चीफ गेस्ट जयपताका स्वामी महाराज यहाँ आयेंगे सून। also.
फॉर इnसटolatनअभिषेक वुल टे प्लेस, आल यू टू पार्ट ऑफ़ दिस इवेंट प्लीस।
तो अभी अभी सीख रही, अभिषेक शुरू होने वाला है, सब लोग यहाँ रहे के सब लोग यहाँ इसमें शामिल हुई है।
इस प्रोग्राम में धन्यवाद, हरीकृष्णा, थैंक, यू.
वेरी, मच, अरी, बॉब, सो, नो, वी इनवाइट और इस का कृष्णा, बलराम को प्रेसिडेंट डा प्रभु, तो स्पीक फ्यू वर्ड्स अरे कृष्णा। shilprbupadki so were greatful aner, mayor cordination team a lot to render a little service। तो हम बहुत आभारी हैं कि मायापुर से ये भक्त आये हैं और हमको कुछ सेवा के मौके दिए हैं vrindavan and mayor, or one वृंदावन और mayapur, we have many exultidgoswamis in na was here and i afffrmmybinss all of them। यहाँ मंच में बहुत वरिष्ठ भक्त हैं और गोस्वामी मंदिर के आचार्य लोग हैं इन सबके चरण में, मेरा विनम्र नमस्कार में, data prpdbrochtanamha prbusmercithis guru porumprathismadba godiavisnofsumpdya in very quickly establish। this sencrtanyagaप्रउपा ने। इस गुरु परंपरा को यहाँ ले आये थे। मधु गोडी संप्रदाय के गुरु परंपरा को यहाँ स्थापित किए थे और महाप्रभु का पूरा अपने दुनिया में स्थापित किए थे।
We see the रैपिड ग्रोथ चेतन्य महाप्रभु.
सैंक्टम महाप्रभु के संकेतन आंदोलन बहुत तेजी से बढ़ रहा है, यह हम देख सकते हैं। and as you re were, were also doing major renevations and just creating more and more facility, so, we all can be together to chant the holy name of the lord। आप देख सकते है की इस मंदिर में हम बहुत फेसिलिटी का विस्तार कर रहे हैं और ज्यादा से ज्यादा फेसिलिटी बना रहे हैं, तो वक्त सब लोग इकत्रित हो सके और भगवान के नाम का जॉब कर सके। any in convenience, do to dust or renovation, please excuses। यहाँ के जो कार्य चल रहा है, उसके लिए कुछ धूल उड़ता है या कुछ सुविधा होता है, उसके लिए हम शमा तरते हैं। it is brugrugevrndaven dust, so as much। डस्ट inside, जितना ब्रज रज, आप अंदर ले सकते हैं ले लीजिए। soshilepropahe was very ken and developing my for brindavan and jypatakamaharage was further spreading। the the message on mercy of chana praboप्रहपाजी। बहुत उत्सुक थे मायापुर और वृंदावन का विस्तार करने के लिए, और अभी हम देखते हैं जायपताकस्वामी महाराज के इस मिशन को तेजी से आगे लेके जा रहे हैं। and we are all pin ears, we all have an opportunity to participate, then be involved in helping push and the sankor। तो हम सब को भी यह मौका मिल रहा है कि इस संकेत आंदोलन में भाग लेने के लिए और इस अंकित आंदोलन को आगे लेकर जाने के लिए। thank you again maha jipatakamaharag shilpa.
S.
Pro to speak few words about this moment ocation। thank you.
A man, so mayapur is.
Come to vrindavan मायापुर वृंदावन में या.
He.
Back, i was wishtel prove pad in his sitting room in miapornineten seventy.
Five में प्रभु के साथ थे और praba st r me at that time.
It was very big miapurafestival five hundred to odis from the west।
तो उस समय बहुत बड़ा मायापुर का फेस्टिवल हुआ था, 500 भक्त आये थे, सब, दुनिया के, सब कौन से भक्त आये थे, उस समय, वो बहुत बड़ा.
FेसTiवLथAsilprpat secretary said to probe put cas, so much money to being all these devoties from the west happy million dollars।
प्रपात के सेक्रेटरी बता रहे थे प्रपात भक्तों, सब को मायापुर लेके आने के लिए बहुत धन का खर्चा होता है, हाफ, मिलियन डॉलर का खर्चा होता है।
I should we be spending so much.
Money, क्या हम इतना पैसा खर्चा करके सबको यहाँ लेके आना है?
The secretary was ramanand maharaj।
तो उनके सेक्रेटरी थे ब्रह्मानंद महाराज उस समय prop.
He said, how much money has a cost to feduseanyouwere born?
प्रपात देख रहे थे और उनको प्रश्न किए, जब तक आप पैदा हुए, उससे अब तक आपको खिलाने में कितना पैसा खर्च हो गया?
Whatever a cost to spend to engage in is activities is nesesuryexpe?
तो ये सब कार्य कलापों में कार्य करने के लिए जो भी अर्थ उसको स्पेंड करना चाहिए, उसको खर्चा करना चाहिए, ये सब खर्चा करना जरूर he.
Called.
Me into is room, he said, i want to travel all around india as.
Catania did, तो प्रपा जी ने इनको अपने कमरे में बुलाए थे और उन्होंने बोला कि मैं पूरा इंडिया का भ्रमण करना चाहता हूँ, जैसे चयन महाप्रभु ने पूरा इंडिया का भ्रमण किया था, वैसे मैं भी भारत का भ्रमण करना चाहता हूँ।
That desire was there to follow lord chatani fit steps, he said, we go.
In jeep, तो वो वो इच्छा उनके मन में था, महाप्रभु के जो चरण चहा पड़ा है, वो सब जाने के लिए, वो बोल रहे थे हम जीप में जाएंगे।
Of course, i was very busy traveling, every or else in the world distributing.
Lochton mercy, ये भी सच है कि उन्होंने पूरा दुनिया भ्रमण कर रहे थे, महाप्रभु की करुणा का वितरण करते हुए, पूरी दुनिया को भ्रमण कर रहे थे।
Cypatakamaharag all of you has been ffilingselprop.
Desire, हमारे गुरु महाराज के माध्यम से हम सब लोग प्रापा के इच्छा को पूर्ण करते है।
I was ऑन गंगा सफारी प्रभु जी.
1 बार गंगा सफारी में गए थे।
Was twenty years ago, व 20 साल के पहले a two thousand and four.
And rishikesh टू थाउजेंड फोर में रिशी कैश श्वेता i had been संस तो स्कूल में आगे जा रहे थे, भरा के पीछे रहे थे, और पीछे पीछे से दवाई.
तो.
क्योंकि वहाँ बहुत लांच सब गिर गया था। स्टोन ये सब गिर गया था, इसके लिए तूफान की स्थिति था, फिर भी वो लोग कैसे भी वहाँ पहुँच गए.
But by crisis mercy we made it there and i was had the very good portion of bathing, right there, the confluence of bagaratiतो।
कैसे भी भगवान से हम वहां पहुंच गए और मुझे भी यह भाग्य मिला कि वो भारती की जो काफ्ले है, वहाँ स्नान करने के लिए।
So was a very christian as a range, when was very fortunate for me to get his association in that।
तो भगवान की कृपा से उस दिन महाराज के संग मुझे मिला था, वो मेरा बहुत बड़ा भाग में समझता हूँ।
So were very happy punch, o go to myself everyone here in vrindaban, have all of your association।
तो 5 गोरा प्रभु और प्रभु जी, सब लोग मायापुर से आये हुए भक्तों के संग से बहुत खुश हैं। haribo.
MhrाजKjगंGtैंK यू प्रभु वी आर आलसो.
Very very happy and very fortunate to have association of all of you in vrindavan, we are very grateful.
को नहीं.
सीधा जो है.
करेंगे re krishna were very happy। टू वेलकoमlोकेश कौशिक फ्रॉम लोहवन गोपीनाथ मंदिर हो हैज कम हेर थैंक यू वेरी.
मच हरे कृष्णा अभी तुरंत अभिषेक होने वाला है उससे पहले मैं 1 अनाउंसमेंट करना चाहता हूँ। जयपुर स्वामी गुरु महाराज का जीवन का पर 1 किताब प्रकाशित किया गया मिला किसे मायापुर मिलवाकी उनका जन्म स्थान था। तो इस किताब के पीछे 1 बहुत कारण है सत्यराज प्रभु बहुत अच्छा लेखक है। तो उनको स्वप्न में प्रभुपाद के बताए कि तुम जय तुम जय महाराज का जीवन का 1 ग्रंथ रचना करो। देखिये आप लोग सुने हुए प्रभुपाद ने जॉब गए थे उस समय श्रीनाथ पुल का पिताजी के पास पार्लामेंट के मेम्बर थे तुम जयपताका महाराज को इंडियन सिटीजनशिप दिला 2 तो उन्होंने पूछा था तो तुम्हारा इतना हिस्सा है इनको क्यों तुम इंडियन सिटिजनशिप देने के लिए बोलते हैं? तो प्रभु बोले वो पहले जन्म में पार्षद था इसलिए उनको इंडियन सिग्नल स्कूल होना चाहिए। तो प्रभुपाद ने ऐसा बहुत सी बात बताया और उनका लाइफ कैसे स्कूल में पढाई करते थे तब से कैसा टॉप ऐसे कैसे छोड़ कर अमेरिका छोड़ कर भारतीय लोग अमेरिकान सिटिजनशिप होने के लिए कितनी सारी कोशिश करते है लेकिन अमेरिकन सिटिजनशिप छोड़ कर भारत का सिटीजनशिप लि है। तो टॉप से 21 साल उम्र में सन्यास व्रत ग्रहण के प्रभुपाद ने बताया सिलो जयप महाराज को मैं तुमको मायापुर 1 भगवत धाम देता हूँ तुम इसको डेवलप करो इसका उन्नत साधन करो तब से सिलोजयपतको महाराज उधर बैठ के 1 छोटा कुटिया घर से शुरू करके आज जो कुछ आप लोग देख रहा है, उसका विकास कर रहा है, उनका लाइफ हिस्ट्री मिल रहा है हिंदी, इंग्लिश, बांग्ला, भाष समय आप लोग इधर से संग्रह कर सकते हैं।
HरAknahrekrisna so now whatever we are being wating for for such a long time, the abisek program is going to start very shortly, सो will make smanonसबेंट the अभिषेक इटसेल्फ सो बिफोर दैट we would like तो वेलकम विजय किशोर गोस्वामी फ्रॉम आचार्य विजय किशोर गोस्वामी फ्रॉम राधा मदनमोहन temple की जाय ओके सो नाउ वी आर गोइंग तो स्टार्ट द अभिषेकम प्रोग्राम अभी हम so before before the vice s going to start the is a very moments ocation today, because its a confence of many devotes so this ocation has to be captured for the posterity so that for what best way to do it, then to take a wonderful group foto so we invite all the proper sls is con sunasis all of them to come up on stage so that we can actually take a wonderful group foto with the acris from the god swami temple as the mark of excellent cooperation to take this mission forword so that the preaching mission can flurishso we request all the sannasisand property syples to come on stage please for the wonderful group photo as the group photo is गोंग on over iscon mayapur co director vregavalasprabu he s going to make a very very important announcement please and for his announcment।
नमम विष्णु पदाय कृष्ण कृष्णा यभूतलेशीमते भक्ति दांत स्वामी नीति नाम ने नमस्ते सरस्वति देवे गौर वाणी प्रचार ने निरवी सेस सुन्यवादी पास्ट शतारिनेअजानोलंबितौ बुझा कर का बदा तो संकेत कमला विश्व बरोदोजबरोयुगदरमपलो ने जगतप्रिय करो करुणावतार करुणावतार करुणावतार, krishna.
All i.
Would like to take the les of all, the some wise, nous the go samis from different temple, very very grateful that you had come for this program, and we also welcome mavishnomaharage and others, we are in great gratitud.
For all.
Of them coming here for the installation ceremony of the patpitmofctenamaha brabu सो, हम.
सब लोग बहुत कर्तज्ञ है कि आज हम सब यहाँ एकत्रित हुए हैं महा प्रभु के, जो पद पेट स्थापित करने का। आज सुबह अवसर में.
से इन शील प्रभु प्रणाम मंत्र, कृष्ण प्रष्टा भुले प्रणाम.
बोलते हैं, कृष्ण प्राय भूत ले सो.
ही कम ही तो एस्टाब्लिश कर। na on the space of this पाजी.
भगवान श्री कृष्ण को इस दुनिया में स्थापित करने के लिए आये थे, but.
The interesting fact is that.
The interesting.
Fact seiten mahaprabुadसend the six goswamis। तो es्tablिशthe lila places of krishna her।
तो चातने महाप्रभु ने अपने गोस्वामी को भगवान की लीला स्थलियों को स्थापित करने के लिए आदेश दिए थे।
तो esटaब्लिशhnmहाप्रभु ही से शीला टो स्टेब्लिश महाप्रभु, इन टाउन विलेज।
तो महाप्रभु को स्थापित करने के लिए, महा प्रभु को हर गाँव में और हर सगर में स्थापित करने के लिए भगवान ने प्रपा जी को भेजे थे। प्रभु।
तो एस्टाब्लिश मायापुर फ्यू, वोटिजटोस्टाब्लिश मायापुर, एस्टाब्लिश द लार्जेस्ट वैदिक श्रीधाम मायापुर प्रभुपाद जी.
ने मायापुर में बहुत अद्भुत मंदी स्थापित करने के लिए और मायापुर को पूरी दुनिया में प्रसिद्ध करने के लिए इश्वर ने जयपताका स्वामी महाराज और कुछ वरिष्ठ भक्तों को यहाँ भेजे थे।
That इस वाट दिस प्रोग्राम, इस वाट वी सी जय स्वामी महाराज establishing ten mahaprabुinevrton not ny building the biggest temple in the mayapur, but establisingthe later set of catena mahaplabुwerevr visited not wnlyrevrswisitd, but it will continue r प्रीचिंग महाप्रभु इस.
परेड तो हम ये देख सकते है की इसी कार्यक्रम के आज 1 अंक चल रहा है। यहाँ महा प्रभु की चरण चिन्, सब जगह में महाप्रभु किधर गए थे। सब जगह में स्थापित होने का कार्यक्रम किशोर स्वामी महाराज के द्वारा चल रहा है। ये महा प्रभु जहाँ गए हैं वहाँ ही नहीं और महाप्रभु का प्रचार होगा। सब जगह में महाप्रभु का चरण चिका स्थापित होगा।
ही जस्ट है फ्रॉम पद बना, गोस्वामी जी ही सेड, वृंदावन इस चिंता मानि.
दाम.
से सुने थे। वृंदावन चिंता है।
इसी चिंता में मैं आया, वृंदावन में.
सिर्फ चिंता लेकर आया।
ये मंदिर कैसे बनाएंगे? इसी में चिंता तो मेरे पास है, लेकिन मानी मेरे पास नहीं है, आपका.
पास है सो इन दिस चिंता बनी धाम कम सेम चिंता that how the temple of वेट p्laनitaरियm बी कम्पलीट आई ऑनली हैव द चिंता i dont have the many many is it you।
सो चिंता न मानी कम्स टुगेदर दैन वी 10 लाजस्टटेमपलवेदिग प्लानेट बिल्ट वेरी वेरी.
सुन चिंता और मानी, ये दोनो साथ में आयेगा। तो इस अद्भुत मंत्री इस चिंता में निदान में बनेगा सो वी आर डिस्ट्रिब्यूट.
2 फॉर्म्स तो आल ऑफ यू सरल ऑपर्चुनिटी यू कैन पार्टिसिपेट न, ब्रिंग चेतन, महाप्रभु निमाई लाला इनटु इस न्यू होम.
इन, श्रीदाम मायापुर अभी हम सबको फॉर्म डिस्ट्रीब्यूट किए है आपको दान देने के लिए बहुत अवसर हैं, जिससे प्रभु निमाई लाला को हमारे घर में मायापुर में लेकर आ सकते हैं। बड़े मंदिर में so please visit overbook.
Her and make sure today on this species, lets take a snculpanstablishi mahaprabuaswer establishing is later, n vrindavan establish the biggest temple in sea mayapur by two thousand and twenty six।
तो आज हम यह संकल्प लेंगे जैसा हाँ महाप्रभु के चरण चिन्ह स्थापित हो रहा है, तो हजार टू, थाउसन ट्वेंटी सिक्स में, महाप्रभु को मायापुर में, टेंपल में स्थापित करके ही रहेंगे। ये संकल्प आज हम लेंगे सो थैंक.
यू आल सो वेरी वेरी मच इस pramanoo, nouncingthename.
So now, there be group foto taking and after that will be announcing the names of the doner of the part.
HरेकरिSnaतोवी आर स्पेशल थैंक्स डोनर.
स्नेम.
थैंक्स फॉर ऑल, दी डोनर, 2, यू आर टेकिंग कॉन्ट्रिब्यूटिंग आंड पार्टिसिपेटिंग, डोनेटिंग ऑल, दिस सो, देर नेम्स और आज फॉलफअमोगोगोविंद, प्रभु आंड सुमति, विशाखा देवी दासी फौर, कुसुम सरोवर, भक्ति, राघव फरगोविंदकुंडा, चारो माधव दास, दामोदर, देश फॉर, बहुला वन ईस्ट लंदन डिवोटिज और सूर्य कुंड, गोरांगो प्रेम, स्वामी, महाराज, हिज ओलिनेस फर, भोजन.
थली.
गोरवानी, देवी दासी चाइना और रुद्र कुंड, हेमि गुप्ता फ्रम आदि के सब्जी मंदिर एंड इन द मेमोरी ऑफ़ परम सेविका शीणिवासदासफरभद्रावन इस्कान कोवई चन्द्र टेम्पुल फ्रम, तमिलनाडु फर, गोपी वस्त्रहरण चीरघाट, जय.
देवी.
दास पर, खेल तीरथ, जेएसएस, मुंबई, ग्रुप और एसआई, कविता अरोरा बरसाना कोलकाता, भक्ति वृक्ष ग्रुप फॉर, हरिदेव टेम्पुल, कृष्ण कुमार देवी दासी फ्राम, चाइना, सर्व पाप, हरिणी कुंड, कृष्ण, रामानंद दास पर सेतुबंध, सरोवर, कृष्ण कथा, देश यात्रा टीम, गानठोलीग्राम नारायण, स्वामी, आंडबस्चल्यराधा देवीदास महाविद्या, नरेंद्र, शेखर बापी, पटेल फैमिली, पर चरण, पहाड़ी निताई, चरणदास फर, मानसी, गंगा निताई, वाणी ट्रस्ट, ग्रुप फिसलनिशिलापदमनेत्र, प्रभु ब्रह्म घाट परीक्षित, प्रभु फर बंसी बट नारद दास प्रभु फर, इसी का वन प्रेम 4 दास प्रभु और खदिरवन राजी फ्रम न्यू जर्सी फॉर भूतेतफरटेमपुल राम झुरिया फैमिली और बेल वन रेवती कांत बलराम दास प्रभु लोहान, श्री राधिका माता जी भणडीरणश्रीणिवास गोरांगोदासडसुधाम, श्री देवी दासी और प्रेम सरोवर से सुशीला देवी फ्राम हैदराबाद गोकर्ण टेम्पुल उदार मुकुंद फ्राम बंग्ला बंग्लादेश फॉर मधुबन बाiकुंथपतिदास cod wilेज देन चैतन्य फ्रॉम हैदराबाद से गांव दैन फ्रॉम जें जी योंग फॉर, विश्रम बट हरे करिश्णा वी आर गिविंग थैंक तो आल दिस टीम eating more we are.
Are krishna, we are very very happy to invite a very very special guest jnadniwasprabo from may same marge was spos to come for the अभिषेक, but do to his health is an able to come for the abisek, but he has given a very very special message to all of us that he has very specially empower mukund prb from vndawnandjlniwas p्rabु फ्रॉम maयaपुrtodo all the abicekandall the formalities on behalf of him हरी हरी बोल हरी.
सो फ्यू मोर नेम्स फ्रॉम ब्रजवासी.
फरम.
हरिदेव टेम्पल पुरुषोतम गोस्वामी, एस पी गोस्वामी, डी पी गोस्वामी गोस्वामी के के गोस्वामी लोहान लोकेश कोसिक जी एंड हिज टीम फ्रॉम भद्रवन राम खिलाड़ी महाराज आंड हिजिडियर.
बाबा.
फ्रॉम साक्षी गोपाल मंदिर अनियार केस पंडित महाराज जी देन फ्रॉम लक्ष्मी बन kemcndsarmaandfrom bascavndanabihary maharaj so, we are giving special thanks, because all these places, we are there providing of the place for the temple for इंsटॉllingpatpीtms and we have to say big haribol for all these groups, and the will do the abisek, we have bad bitm, there so they will do the opisecthername aley call, the donersthebrgvasis and the goswami and the is co रeपरेजेंटेटivs सो बिग हरी बोल फॉर आल ऑफ़ देम हरे कृष्णा, हरे कृष्णा.
कृष्णा कृष्णा, हरे हरे हरे राम हरे.
राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा.
अभी विषय का कार्यक्रम शुरू होगा। अब इस कार्यक्रम में क्या कौन कौन भाग लेंगे ये हम बता देते हैं कि हमारे इस कांड के संन्यासी गन है और इस कांड के सीनियर टीटी प्रॉपर्टी साइकिल है वो सब अभिषेक में भाग लेंगे और गोस्वामी मंदिर से जो आये हुए आचार्य गन है वो सब अभिषेक में भाग लेंगे और इस चरण दिए हुए डोनर है वो लोग सब इस अभिषेक में भाग लेंगे और ब्रजवासी गन यहाँ आये है बहुत बहुत स्पेशल है जहाँ चरण चिन्ह स्थापित होगा उस है में स्थापित होगा वो भी अभिषेक में भाग लेंगे तो आदर्श जो बाकी लोग हैं अब शांति से जहाँ है बैठिए बैठ के कीर्तन का आनंद लीजिये और अभिषेक का आनंद लीजिये। इसके बाद प्रसाद का वितरण होगा, चरणामृत का वितरण होगा सबको मिलेगा अभी हम निमंत्रण देते हैं अभिषेक करना चालू अभिषेक तो अभी शुरू होगा। इस समय हम निमंत्रण करते हैं एस पी गोस्वामी जी हरदेव मंदिर से और 2 मिनट के लिए अपने वाणी का विस्तार करेंगे। अभिषेक विल गौण अभिषेक विल गो प्लीज गो विद अभिषेक ओम नमो भगवते श्री अरविंद ओम श्री महानंद मई चैतन्य मई मे ओम श्री चाय ना बोल चैतन्य महा प्रभु की बोल चैतन्य महा प्रभु की बोल चैतन्य महा प्रभु की बोल प्रवास स्वामी की बोल प्रवास स्वामी जी बोले हरदेव जी महाराज की बोल हरदेव जी महाराज की मैं। आज के इस अद्भुत और अनोखे कार्यक्रम जो जीवन में प्रथम बार मुझे दिख दर्शन हुआ उसके लिए मैं सबको यहाँ पर मंच पर उपस्थित, सभी के चरण में बंधन करते हुए, सभी ब्रजवासियों के चरणों में बंधन करते हुए, इस अद्भुत कार्यक्रम की जो आज कार्यक्रम हुआ वो इतिहास के स्वर्ण अक्षरों में लिखा जायेगा। इतना सुन्दर कार्यक्रम प्रथम बार मैंने जीवन में देखा हरदेव जी महाराज जो भगवान कृष्ण की जो 7 वर्ष की अवस्था में जिन्होंने गिर्राज पर्वत उठाया था और उनके प्रपौत्र हुए थे। श्री बजना बरजना ने 5000 वर्ष पहले 4 मंदिर में स्थापित किए हरदेव बलदेव के सब देव चौथा, भैया गोविन्द देव मानसी गंगा, श्री हरदेव कुंड कुंण चर्नामेंटलेव अपना जीवन जन्म सुफल कर लो तो हम उस भगवान कृष्ण की 7 वर्ष की अवस्था श्री हरदेव मंदिर के पुजारी हैं, सेवाएँ थे वहाँ पर भी जो चरण पद का स्थापित की जा रही है, शहर जो हम उसका स्वागत करते हैं और इस अद्भुत कार्यक्रम के लिए विशेष रूप से हम यहाँ के आयोजकों को भी धन्यवाद देना चाहते हैं और जिन्होने हमको यहाँ पर बुलाया आमंत्रित किया और उसके लिए बहुत बहुत धन्यवाद। बोल चेतन्य महापूर्व की बोल चेतन्य महापूर्व की हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण अविषय भी चल रहा है, अभिषेक चल रहा है सब लोग शान्ति से बैठ जाइए आप कीर्तन में पार्टिसिपेट कीजिए और हरिनाम के थ्रू अभिषेक कीजिए हरी बोल अभिषेक मिस गोइंग न एवरीबॉडी प्लीज सीडा यू हरे हरे हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे.
हरे.
कृष्ण हर.
हर.
हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हर कृषणा रे कृष्णा कृष्णा कृष्णा रहा रेहरे रामा हरे रामा रामा रामा नीताई गोरांगो निताई गो रांगोनागोरांगो निताई गोरांगो निताई गोरांगो गौर हरी दना गौर हरि गोरा गोरा गोरा गरी गोरा गोरा गोरा हरि कोरर निताई गोरांगो निताई गोरंगो नीताई निताई नीता नीत निताई गो रंगो नेता नेता नेता नेता, नेता गौरा निताई नेता नेता नेता नेता गोर गोर रे गौरहरि गौर गौर गौर हरि गौर गौर गोरहरि गौर हरे किशना हर किशना किशना किशना हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे रकशनकशनाकिशना किशना हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा किशना हरे हरे हरे राम राम राम राम हरे हरे किशना कृष्णा केशना हरे.
रे किस ना.
अरे किसना हरे रामा हरे रामा रामा रामा रे हर रचना.
को निवेदन है.
क्या ही कचनार कृष्ण हरे हरे कृष्णा.
भी जा.
राम राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कितना रिकिता केतना हरे हरे रामा हरे रामा रामा हरे आर रामा रामा रामा रामा हरे.
Request.
Have.
अभिशेक दे सो प्लीज जी.
सो iकesटiंग.
हाल.
लिया प्रसाद.
क्वेस्ट प्रसाद.
Living on.
अरे इस समय मान के हेल्थ के बारे में अपडेट है। गरमाना का हेल्प आज सुबह थोड़ा सा दिया था और भी बहुत कम हो गया। अभी भी महाराज थोड़ा थोड़ा रेकॉर्ड हुए है तो अभी जी जाने का प्रोग्राम है और जल्दी जा के उसके बाद गर्व 2 में सबको मिलेंगे अभी अभिषेक चल रहा है। इस समय सब लोग की में पार्टिसिपेट कीजिये और हमारे इस अभिषेक कार्यक्रम की प्रार्थना भी कीजिये। की जल्द ही सुस्त हो जाए और हमारे साथ सफारी कर दे। प्लीज.
हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे.
हरे.
राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृषना कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा रामा हरे रामा रामा रामा हरे रामा रे कृष्णा अरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे रे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम रामा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कशना हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कितना हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे किसना हरे कुशना किसना किसना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कितना हरे का कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कितना हरे कितना कितना कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा का हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हर रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष् हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कितना हरे कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अरे कितना हरे के हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कितना कितना कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कितना हरे कितना कितना कितना हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अरे कितना हरे कितना रे राम राम अरे कितना हरे कितना रे रामा रे राम राम राम रिहारहरेकितनाहर कितना हरे हरे राम राम राम राम हरे हरेक रे किशना कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे क्रिश्ना हरे किशना कृश्ना कृष्णा रे हरे राम हरे राम राम राम हरे कृष्ण हरे कृष्णा के हरे हरे राम हरे राम राम रे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे हरे राम राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम हरे हरे हरे हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृशा हरे कितना कितना हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कितना हरे का हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे राम रे रामा हरे कृष्णा हरे तुष्मा तुना कृष्णा हरे राम रामा रामा रामा हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे रे हरे राम राम राम राम हरे हरे राम हरे राम राम राम राम हरे हरे राम राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे राम राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृश्ना कृष्णा राम राम राम हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अरे रे हरे रामा हरे रामा राम राम हरे कृष्णा कृष्णा का कुषनाआरेअरेआरे राम रे राम राम राम हरे हरे अरे किशन रे रे अरे अरे राम रे राम राम राम अरे अरे हर हर रे राम राम राम हरे हरे हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष् हरे का हर रे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे कृष्णा रे रे अरे राम रे राम राम राम आरे ह हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण हरे रामा रे राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे रागो रम राम रे हरे मिताई गो रंगो मिताई गो रा निताई गो रांग गोरांगो नेता नेता गोरांग गोरांगो निताई गोरांगो, नीता गोरांगो, निताई गो रांग नीता गोरांगो, जय गो रा रे। गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा रे दन गोरा रे दन गोरा रि गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा नित गोरांगो गोरांगो गोरांगो नीता गोरांगो गोरांगो नेता नेता गोरांग नेता नेता नेता नेता गोरांग गोरा गोरा गोरा नेतानेता गौरागौजयचचननदना गौरव रेजयचचनादना गौरहरि गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गसचनननगोराबरिगोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गौरा गौरा ह रे दन गौरहा रे मायर परनाना बरह रे.
सच.
माय रहा रे गोरा गोरा गोरा रि गोहरा गोरा गोरा हा रे हर हर गोरा रे हर हारे नदिया बिहारी गोरा.
हो रे.
ओ न दिया बिहारी गौरव रे कृष्ण बिहार गोरारी गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा गोरा निताई गो रांग रागों नेता नेता नेता नेता नेता गो रंगो नीता गो रंगो निताई गो रंगो नीता नीत नीता नीत गो रांगों ताई गो गो गो रंगों गो रांगों अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम रे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे आरे आरे राम रे राम राम रे आरे आरे दनोआ केतेनाकेतनाकेटेना अरे पार राम रामा रामा रामा हरे रे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा रे रे रे राम हरे राम राम राम रे कृृषनaआरृशना देखना रे राम हरे राम राम राम कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम राम राम राम रे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे अरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे राम हरे राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे रे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कुशन कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम.
हरे हरे.
हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे.
कृष्णा.
राम राम राम राम रे हरे हरे कृषना रे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा.
हरे.
कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे अरे राम मारे रामा रामा रामा हरे हरे कृष्णा अरे कृ हरे हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम रे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम रे राम राम राम अरे अरे कृष्णा रे अरे राम अरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम राम राम राम आर कृषना आर re re ram हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे हरे कृष्ण हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे रे कृष्णा हरे कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा रे आरे आरे हरे राम रे राम राम राम रे रे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा कृष्णा हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे कृष्णा अरे कृष्णा कष्णा कृष्णा हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे कृष्णा हरे कृष् ना हरे हरे हरे रामा हरे रामा रामा रामा हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे राम हर.
नाम संतान.
जगह शुल श्री वनदावणथामह.
मेरे लाइफ से.
यह.
हरे कृष्णा किसी का मोबाइल है.
ले ले जा.
They want his from sufatiadekrisna after proshadamsafady the votes we made in this cole okay by to tart we going together the bus ka by to teri, so please come back to this cole by to teri we walking to the bus di bol.
अरे कृष्णा.
किसी की गाड़ी का चाबी है, सचिन प्रूफ है तो लेके जा सकते।
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Вот русский перевод текста песни «Любовная песня матери Лорри своему сыну Джею»


