A short devotional talk by Jaya Pataka Swami delivered at the Santipur Festival (May 2025). The speaker (mixing Bengali, Sanskrit and some Hindi/English) discusses prasadam distribution, household offerings (milk, yogurt, sweets), installation of deities/plates (mentions numbers like 108), and devotional figures such as Chaitanya Mahaprabhu and Jagadish/Goswami. The tone is instructive and reverent, focused on worship practices and festival observances.
शुद्धियों वाल्ड़े। सारी वाल्ड़े। सारी वाल्ड़े। वाल्ड़े। इकेने जो पसादा आये जोनो कराये शिलो, जो समगरी, ग्रहम, कलार पाता, इराकों समस्तो चार-पास्ता घर-घर मिले शिलो। एइ भाबे समस्तो सबजी, हुन्याना आइटेम, छोटो-छोटो घरेर में में चिलो, अने घर। अनेग घहर। दूद, दोही, अनेग छिलो। एक राकों मिष्टी छिलो, तार नामजे चिपी टॉक। आम्या चिपी ताक क्यों जाने ना? अम्या जानते परेछी एं मिष्टी सिले ते पहाजार? अम्या जाने ना अम्या अध्वाईजा परस्थाई जन्मस्तान आवरते। उन्ही जानता ना जे अद्धायत गोशाये जे जन्मस्तान से ता हमला पेछी। एकने जोकोन आयजन करा इचलो तकोन चोईतन महापरु उन्ही इसे चलेन। खुणिजा उन एक मानुसे दारा साम्भाव नाई। शिव अवतार। उनी स्वाइम शिवेर अवतार। खुणिजा वे से जन्मावी। प्रसाद पे इच्छे। एवा होज्जन। एइ थिथी। एइ स्थाने। जे प्रसाद पाई। आर गविन्द भक्ति हार। पुसार नापे के जावन नाँ। Everybody should take पुसार. सवाई पुसार कामें। आमी बोल चेलां बात्ते जुणार बच्चारी नहीं हो रहा हाँ हो रहा हाँ गुरू। आमी बोल चेलां बोल चेलां बोल चेलां बच्चारी नहीं हो रहा हाँ हो रहा हाँ गुरू। आमी बोल चेलां चेलां बोल चेलां बो तीनी बेबिर्णों दिके उन्हें बहापूरु पादो पाद मोधी चे स्थापन करते चाहिए इशिलन? तीनी 108 ता तीनी इंस्टॉल करेचिलन निजे? तीनी 108 ता चाहिए इशिलन ता मोधी तीनी 8 ता करेचिलन? और आमना चेष्टा करची बाकी ता कराज जोनन? आजगे आमरा सेवाइतेर सहजगिता चेतन महापर्भु, मित्तनन्द पभु एबंग अद्धवित अच्छा जगशामी पादपद्म स्थापन करलाम। साइटनु महारु बोलच्छा। साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु बोलच्छा. साइटनु महारु अभ्दोयत आचार जो गोषा मेखने सालो ग्राम सिलाते गंगा जल एबाँ तुलिशी मंज़र दिये पुजा करते हैं यही भावे तीने उपुवास करते हैं भगवाने जोने कान्णा करते हैं जाते चेतनु महामुर्व एइ धराधामे आशे मेरे अच्छे अद्दोईतो गोशामी दाखे। मामा आभून, मेरे अद्दोईतो गोशामी दाखे। मामे आभून, खाजी होलो ना। अमे आगार बेसे कुछ बोलबो ना। आगार अमे शाजा, खाँजा, खाँजा एवा। माहराज़ के साल कुछ चोइतन चरते में तो सेप देगान। खाँजा। අපි ස්තූතියි ස්තූතියි ස්තූතියි ස්තූතියි ස්තූතියි ස්තූතියි ස්තූතියි.