हर प्रश्न का है उत्तर, भगवद गीता में |Bhagavad Gita has answer of all Questions || 26.11.2017

The video is a devotional discourse that asserts the Bhagavad Gita contains answers to every human question. The speaker weaves together scriptural citations, personal reflections, and practical advice, emphasizing that true understanding arises through bhakti (devotional) yoga, regular chanting, and daily study of the Gita. He recounts the dialogue between Arjuna and Krishna, highlighting how Krishna’s guidance resolves existential dilemmas, and stresses that the Gita’s teachings are applicable to modern life—whether in personal conduct, societal service, or spiritual upliftment. The talk also mentions past conferences, the role of community propagation, and urges listeners to read the Gita consistently, engage in devotional service, and share its wisdom widely. Throughout, the tone is persuasive and enthusiastic, aiming to inspire commitment to the Gita’s path.
Chapters
हाया कृष्णा आप सब भगवतों का हाथ एक समागर ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नमो भगवते वासुदेवाया ओम्नम ہمارا مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی مہربانی जाई श्रीकृष्णा शेतन्या भभू विद्धानन्दवा शिवत्वित्वत्वाद्धरः शिवासाधिवोर्वत्वित्वाद्धरः हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा कृष्णा हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्ण کہ کچھ دنوں میں بہت ہی شب آفسر آنے والا ہے. کیا ہے وہ? گیتہ جہلی جی. وہ کب ہے? 30 سال پہلے. 30 سال پہلے. ہم نے سوچا کہ گیتہ کی مہمہ کی اوپر چڑچا کی جائے. ایسے تو گیتہ میں پورے ویڈکس آسمان سہار ہے. پرابا جی نے ایک پتھل میں لکھا कि वेडिक साहितिया इतना विशान है कि आप दिन रात पढ़ोगे तो भी जीवन समाम्ति दर थोड़ा ही पढ़पाओगे तो वो ही वेडिक शास्म असार भगवत घीता में है और घीता का सार अथारवे अध्याय में है पर हम घीता पढ़े ये मान लेना चाहिए हम نے रिग वेदा, येज़ूर वेदा सब पढ़ लिया. घीता का निर्णे क्या है? कौन मताएगा? मूल संदेश क्या है? घुआन का सबस निकलें के क्या हो शक्ता है? भक्तियाम्माम। भक्तियाम्माम। वो अंसपश कहते हैं. अच्छार वेद आयें पच्छण सलोप में भक्ति के माध्यम से जान सकते हो। यही निर्णे है श्रीवत भगवतम का। वियासदेवने वेरिक सासों की रच्णा की सार को प्रस्तुत किया विदांतर संस्रमने। जब ही विदांतर संस्रमने वह लग रहा था मेरे कार्या में कुछ खमी रह गई है। वो विचार कर � وہاں اُن کی گروہ ناظر مولی پھونچ ہے جو نے کہا کہ اُن نے شدھ بھکتی پر بھکی دیا جس کے پڑھ شاد اُن نے ہمیں کونسا قرآن دیا شریف مولا بھاگو سلام تو بھگوڑ گیتہ ہمیں بڑے دھیان سے پڑھنا چاہیے گیتہ کے دوسری ادھیائے میں ارجن اکیا کا ساتھ پہ چھوڑ دو ہے کریشنا مجھے یہ سمجھ نہیں آرہا میرا کیا کرتبہ ہونا چاہیے وہاں کہتے ہیں لڑو ید میں اور ارجل کہتے ہیں میں کیسے لڑوں سامنے کے سینہ میں وہ اُبستد سینہ پتی اُبستد ہے جنہیں میں نے اتنا عادر دیا تو ارجل نے کہا میں آپ کی شننڈ لیتا ہوں اور مجھے سکھ شالید میں اٹھاروے ادہائے میں بھگواں نے ارجن سے پوچھا کیا تم نے یہ سندھیش جھان سے سنا ہے کیا تمہاری اگیانتہ اب دور ہو گئی ہے اور ارجن نے کہا اب میری اگیانتہ دور ہو گئی ہے میں موم آیا سے بچ گیا ہوں پھر میں تیار ہوں آپ کے آدھیش کے انصار کاریہ کرنے کے لئے तो ये होना चाहिए हम सब का भाव हम पलते हैं उस वातरण में जहांकी ये सिक्षा दी जाती है ये बहुत एक सुखी जीवन का लक्ष है खाओ, पियो और जीओ हम पूगे ये बहुत एक समाच का नियम चापलूसी करके کسی نہ کسی روپے دھن لاؤ. دھن کی اونچہ یہ دھن مادیاں بنتا ہے. इनद्या दिप्तियों बहुत एकसुर्था। और अधिहाद्विंग विशे की चर्चा कोई आवशक्त है नहीं। आजकला आप अधिहाद्विंग विशे की चर्चा करो। लोगों को नीन आ जाती हैं सच बात हैं आपको भी नीन आ जाती हैं पर कोई बहुत ही कुछी की चर्चा करो वो भी उच्चा से सुनते हैं तो भगवान अर्जुन ने क्या कहा मेरा मो जो था अब दूर हो गया जैसे की सूर्य की रोष्णी से अंधेरापन दूर हो जाता है तो हम हैं अन्धिरे पन्द में नहीं मानना हम हैं भोधी गीती से अन्धे पर घ्यान की आवश्यक्स हैं शास में कहा गया है कृष्णा सुर्य समा माया अंधिकारा जहां कृष्णा ताये नहीं माया अंधिकारा माया अंधिकारा जहां रोश्नी होगी وہاں اندھیرہ پن پر پروباو نہیں رہتا جیسے ایسا میں روشنی ہے اسی بقا جہاں کریشنہ ہے وہاں مایاں کا پروباو نہیں رہتا تو ہم سب کو یہ نرنے کرنا چاہئے کہ ہم نے کریشن بھگوائی کی سکھشا کے ادھار پر جیون کو بیٹھا لائے ایشورہ پارمہ کریشنہ اچھی دندہ بھگ رہا नाने राजर गोविन्दा सुर्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्वार्व वे केवल मेहा निर्णे नहीं हरीता देरा वाला हुए हासा नहीं है सब सद्धापा निर्णे हैं। किर्षनाती हूँ भगवान स्वयां। तो कई व्यक्ति हम समायन में सोचे हैं। हर लोग सोचे हैं। अपने व्यक्ति प्रिचारों के अनुसार आप आगे बढ़ सकते हों। खृष्णा के सिधान के में साथ एक समय प्रावपाजी अमेरिका में एक conference में थे जिसमें यूगी भजन अब तो जनुदा प्रिवान्द हो गया और कहीं भारत के संथ महादमा थे तो सब अपना अपना उगलेश दे रहे थे लाक्षा विश्व की शान्दी प्रावपाजी ज एक भगवान, एक ग्रांध, एक मंत्र पिर आप अस्ति शान्दी पास करते होगे एक भगवान यह हमारी कलपना नहीं है ये तो शासन नहीं है शीमत भगवन द्वारा क्या प्रकट होता है ये भाव भगवान भगवतम के जैसे इस कंड में भगवान की अनेक अद्बूत इलाउं का दर्शन आप लेते होँ है न हम जो दर्शन ले रहे हैं किस पका भगवान ने इतना राक्षिशी का बद किया किस � विशाल फर्पत गौधान को उठाया हां बायान की चोड़ी हुँगी नाकुन के बलपा केसमा का बहुतान ने मूख खोला माने क्या देखा? क्या देखा? ब्रह्मान का धर्शन तो कोई बहुती बहुती व्यक्ति को जब ये सब आप बताओ वो कहेगा ये तो मूर्ख हैं क्य मुँ खोलो विश्वा का ब्रमन मिलेगा क्या समभव है एक पाल साल का लड़का मायां के उंग्री के बस पर चोटे उंग्री के नाकुन के बस पर बड़ा परवद उठाया और आज तो आप गौवधान जब देखते हो चोटे कत का है तो भवान पूर्थी पर थे गौवधान اور اس کو بھگوان نے اٹھایا اور جب تیجی سے بارش برس ہوئی تھی کیونکہ بھگوان ہے اچھنٹیا اچھنٹیا کا مطلب is inconceivable جس کی کلپنا آپ بھوتک بدھی سے نہیں کرسکتے بھوتک مارڈ کے دوالہ آپ ایسے نیلاوں کو سمجھنا پریاز کرو گے रिहासन देव जी ने जानद मुझकर इन नीलां का वडन बैस विसकन में किया है क्यों जब व्यक्ती वहाँ पहुंचेगा इसके बाद में कोई शंका नहीं लगी परन भगवार कौन है तो हमारे हम बक्तों इसकों के बक्तों में कोई शंका नहीं परन भगवार कौन है एक समय खागुर जी का स्वागत कर रहे थे दर्शन आरथी में प्रापा ने दर्शन के परिशाल कहा गोविन्द महादी पुरुसम अमाम हामजा में हम अस्ति भगवान की पूजा कर रहे हैं इसकी कलपनाक से भगवान को इसे बनाया तो भगवान घीता के हर स्लोग का बड़ा महत्रपुन संदेश है। पर आपने कहा कि अगर आप एक स्लोक को ये ध्यान से समझ दो अपका जीवन सफल हो सकता है। आज समार्ण की स्थिति क्या है। सुखी या दुखी। चेतन चतन विदा में आप पढ़ते हो। एक औरत थी जिसका नाम था दुखी तासी। मह اتنی خوش ہو گئے مہا پھر میں نے اس کے نام بدل گیا سکھی داسی کر گیا ہم سب جب اسکول میں جھڑنے سے پہلے دکھی داس اور دکھی داسی ہیں اسکول میں جھڑنے کے پسچاد شکشہ کا پالن کرنے کے پسچاد آپ کیا بن جاتے ہو سکھی داس سچ بات ہے یہ جھوٹ ہے آپ سکھی بنے یا نہیں بنے نہیں بنے تو آپ کا دوش ہے جو دوائی دی جا رہی ہے اس میں کوئی کمی نہیں ہم جو دوائی لینے والے محریج ہیں ان میں کمی ہے ہم کئی بار سوچتے ہیں یہ دوائی لیں گے اینام یہ سب کیا جلدی ہے ابھی تاں بہت زمین ہیں ہمیں بہت ایک جیون بھی چاہیے دھیانک جیون بھی چاہیے तो फिर एवावड आएगा, तो कभी सुखी दास आओगे, कभी दुखी दास. बन्याद में उच्छा आएगा, तो उसे बस सुखी बन जाओगे. तो कीता में, भगवान हमें सिक्षा दे रहे हैं, क्या करना चाहें, क्या नहीं करना चाहें. इसे भगवान कहते हैं, यद करो� यर जो हो सीदे राथ ही हैं। यहां पत्तर दुद्धवस्वस्वस्व कौन दिया हैं। यहां कुरिश्यों मना हैं। जो भी तो हम करो। हर भक्त जो है सहवा में उपस्तित है। कुछ तो कुछ कर रहा है। अब क्या करते हो। नोकी करते हो। कोई पढ़ाई करता है। कोई � میں لے کر رہو جو دان دیتے ہو جو بھوجن کھاتے ہو جو کاریہ کرتے ہو یہ اس کا بھاہ ہونا چاہے کہ ہم بھوگاں کی لے کر رہے ہیں کھیں بہت بھی دھیارتی پوچھتے ہیں ہم کیا اور تعلیم پرات کر سکتے ہیں ہم کہتے ہیں جیتی تعلیم پرات کر نہیں کرو کوئی بندہ نہیں. کےول یہ ودیشے ہونا چاہئے کہ اس تعلیم دور آپ کیا ثابت کرو گے؟ کہ بھگوائن کی اچھا گوئنہ ڈھیاس کا پتہ بھی نہیں ہو سکتا. سہوا کارنا کارنا. تو کسی لئے کسی ماڈیم سے ہمیں پلم بھگوائن کے اشارے میں گھٹوانا ہے. आज सुबह हम कारगर में लेक्शर दे रहे थे जिस लोग के नाराद मुनी प्रछीनो बड़ी शल्माना से कह रहे थे कि भक्ति योग में जुड़ोगे तो ही बहुती पासती से बच पाओगे। दूसरे शब्दों में जो भक्ति योग में आप जुड़ते हो तो क्या होता है آپ کے شد، مند، اندھیاں شد بننے لگ جاتی ہیں اس وقت ہم روگی ہیں پیڑے تھے ہم جب اِس کو ہمیں جڑتے ہیں اس وقت ہمارا بکھار ایک سو آٹھ ڈگری ہوتا ہے مرنے کے بعد ایک سو آٹھ میرا جیمن ختم ہو جاتا ہے بہت اوچھا بکھار ہوتا ہے بہت ایک بکھار پھر آپ جب بھکتوں کے سنگ میں آتے ہو ہائی نام شروع کرتے ہو شاست پڑھنے آرام کرتے ہو بکار ہستے ہستے بہت دیکھ بکار کم ہوتا ہے بہت دیکھ بکار ہوتا ہے تاکہ بھکتی مہدی کے مہین سن نے کہا ہے جیو جاگو جیو جاگو گھوڑا چندہ بولے چیتن مہبرو کہنے ہیں اے جیو آتما تُم جاگو! ادھیا دیکھتے ہوئے روح چھیلو! مایاں کی گودھ میں سو رہے ہو انادی کال سے آپ کہو کہ ہم تو جاگے ہوئے ہیں موت ایک دشتے سے جاگے ہیں انادی دشتے سے کھرونٹے لے رہے ہو تو جاگو جاگنے کا ارض کیا ہے یہ سمجھو کہ سمیں بڑا کہمتی ہیں سمجھ گئے کہ تُو کوئی نہیں کرنا چاہے بھاگو گیلے میں بھاگو آن کہتے ہیں Time I am the destroyer of everything سمجھے ہیں ہر چیز کو کیا کرتا ہے نشک کرتا ہے آج آپ Miss India بن گئے Miss World بن گئے پھر سمجھے کے ساتھ کیا آج Miss World بن گئے 10 سال میں اُلٹا بن جاؤ گے سب سے بدصورت آج سب سے خوبصورت ہے کل بدصورت بھی بن جاؤ گے आज स्वास्क अच्छा है कल कम्जूर भी हो सकता है समय है हर चीज को नश कर दे जाएगे विदेश्ट मराज ने कहा इन विश्व का एक आश्ट्रे की बात यह है हम देखते हैं कि चारो तरफ क्लेश ही क्लेश है दुख ही दुख हर चीज़स था ही हम सोचते हैं हम एक सुख क अगर आप वो सुक चुईएं भगवित गीता को अपना ही हैं गीता का संदेश भगवानें दिया है मानव समाच के सुधार के लिए और ये संदेश अंतरास्थ संदेश है हम बीजा प्रदापिता हैं हूं सब यूडियों का क्या पिता आज परुप्रापजी की गीता का अनु ہمارے سارے وشہد میں لوگ گیتہ پڑھ رہے ہیں کیوں گیتہ میں ہے ہر پریشان کا ہوں پائے ہر پریشان کا ہوں تر گیتہ دوارہ آپ کی جان پر آپ کرتے ہو اسی نو بیدھیائے میں ایک بڑا پرسید سلوک ہے جنہوں نے بھگوان کہتے ہیں راج آبیدیہ راج آبیدیہ सब ज्ञानों में ये सबसे महत्रपूर ज्ञान है। शिर्ण प्राभवपाद हमारे संसाभग चाये के इच्छा थी कि गीता का संदेश महाणशाला में चोटी आयू से दिया जाएं। गीता का संदेश दोगें तो चोटी आयू से। बच्चे पलेंगे अध्याद्मिक वातर और तुम पच्छन से समझ पाएंगे क्या है जीवन का लाथ है तो घीटा हमें पढ़नी चाहिए केवल आप जानते हों घीटा में प्रचार के सेवा अभी बल दिया गया है घीटा में ही नहीं श्रीवन भागवता में भी उधानन के लिए नाद मुरी ने प्रछेदस को कहा अ तो थीन चीज़ों क्या हो शक्ता है? क्या? धयाया सर्वापतेशु सन्तुष्ट गेन केनवा परिवरिन्दे पाड़शान के चार पूरिशाचाईशु जनादना नादविन ने कहा धयाया सर्वापतेशु सब योनियों पर क्या कीजें? धया धया का क्या अर्थ? ये सिक्ष जिसके द्वागा जन्म मृते के बंदन से आम मुक्त को सदो। ये हैं जीवन का अस्ती लाख्ष। इंकलेश्यों से शुरृकारा प्राप्त नहीं है। हम सोचते हैं कि किसी परकार से धन प्राप्त हो जाए तो समस्या हल हो जाएगे। हम सोचते हैं किसी परकार से अ ہم سوچتے ہیں کہ یہ اگلی چیز پرابت ہو جائے تو وہ سُکھ پرابت ہو جائے گا۔ پھر انت میں یہ نرنہ کیا ہوتا ہے؟ نرنہ یہ ہوتا ہے آپ اپنے آپ کو بہتے کاریاں کے دوارہ کبھی بھی سنتوش نہیں کرسکتے۔ اس لیے گیتہ میں بھگوان کہتے ہیں بھگوان کے سیوہ کرو، بھگوان کے کاریاں، بھگوان کے سیوہ کرو۔ گیتہ میں بھگوان کہتے ہیں यग्या दाना तपस्या कोई तियाग नहीं सकता कौन साथ शलोग कही है अठार भी अध्यादे आए पाँचा शलोग भुमान कहने यग्या दाना तपस्या कोई तियाग नहीं सकता चाहिए हम आत्मा ज्ञानी हो वो भी उसे भी नहीं तियागना चाहिए تو کیا ہے یگیا کا سانن؟ یگیا کا سانن ہے بھگوائن کی ناموں کو پچھانا ستیق میں یگیا کا سانن تھا بھگوائن کا چنتن اور ساٹھ ہزار سال تک بھگوائن کا چنتن ہوتا تھا کرپاتو دلو پھر کونسا یق تک ستیق کے بعد ستیق کے بعد کونسا یق آیا ستیق میں کیا سانن تھا بڑے بڑے یگیاں جس میں شدھ برامنا کیا ہو شکتہ تھی؟ اور ساتھ میں شدھ گھی، دودھ اتیابی اور دوابریگ میں کیا تھا؟ آج میں کہتا ہوں کہ گھینوں کے ساتھ سیوات آج یہ سمبھو ہے آپ کو کہا جائے بھگوان کا چندن کرو آپ کہو کہ مجھے منت اتنا پھٹکتا ہے کہ چندن نہ کریں گے हम बोले यगय करो आम करोगे स्वावी जी मुझ को दिदो घर का खर्चा चलता है अभी आप करोगे दो किलोग दूद दो किलोग पिव अश्वद घीर लाओ ब्रामिन लाओ जिनको दक्षिन नहीं दोगे बोलता काम कर देंगे श्राब देंगे आपक پھر ایک چھوٹا سونا ضرور دانا بابا کے لئے وہ بھی سمجھنے کے لئے تو گیتہ کے نساء اس کا لکمہ کیا ہے یہ کہ گسانہ یہ ہی نام لے گیا گیتہ کے دوالہ یہ سندیج دیا جا رہا ہے صدا من کو مچ ملاؤ من جو ہے ہماری اندیوں کا کمانڈر ہے کیا ہے हाँ इसलिए भवान बार बार क्या कहते हैं मन को क्या करो बन्दू बनाओ अच्छी ने तो कहा ए क्रिश्ना मन को वश्मिलादा वायू को वश्मिलाने से भी ज़्यादा क्रिश्ना संचली मना क्रिश्ना तो आप कहोगे اگر ارجون کی احسستی تھی، ہماری بات ہی چھوڑوں۔ ارجون نے کہا من ڈھیت ہے، چنچل ہے، بے چین ہے۔ پھر بھگوان نے آگے کیا کہا؟ بھاکتیوں کی ودیوں کے پارانسے یہ من مجھ میں آ سکتا ہے۔ تو من کو آپ بندو کیسے بناو گئے؟ کیسے بناو گئے من کو بندو؟ بھگوان کے آدش کا پالنے کے لئے بھگوان کے میلاں کا سمانن پڑھو اُن کی اُبدیش کا سمانن پڑھو سکھشا کا سمانن پڑھو جب بھگوان نے اپرکٹ ہوئے اُن کے سناتھی سناتھ ڈھکی ہو گئے اِن شدھ بھگتوں کے لئے بھگوان کے بینے ایک پلک رہنا بھی کتن تھا پھر جب ارشد نے بھگوان کی گیتہ کے سندیج کا سمنن آنام کیا تو انہیں ایسے لگا جسے بھگوان سوئے میں وہاں پہست ہیں ان کی نیران آشہ دل ہو گئی تھا پھر رابا جی کہتے ہیں اسی طرح سمنن میں کیا کرنا چاہیے گیتہ کے سندیج کا سمنن کرنا جائے ہمیں کئی بھگت ہیں جو روج ایک سلوک سیکھنے کا پیار کرتے ہیں کانٹس کرنے کا پیار کرتے ہیں शलोको काण में निकलेते हैं ये साना दिन पढ़ते रहते हैं तो घीता के संदेश का पालन कठिन नहीं है असंबव नहीं है और संबव है अगर हम प्रयाज करने हैं रभाण कहते हैं सद्विदी प्रारिपतिना ज्याद्वि ज्ञान अनकूर करो कि सद्विदी महात्मा के तो आप सब भक्त जानते हो कि हर साल घीना जेनत के उपलक्स वहने भक्त क्या करते हैं? क्या करते हैं? Distribution क्या Distribution? क्यों? गुआन अठार्वे अध्यार में क्या कहते हैं? यहाइ नंपार्मं भुगुयों सब भक्तों में सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबसे प्रिया कौन हैं? सबस जब आप प्रचार की सेवा में जुड़ते हो तो वो प्रचार की सेवा इती सरल नहीं है। आप जाते हो प्रचार करने कई लोग कहते हैं, हाँ मुझे सची बात है हर सल आप हरे किषने में आ जाते हैं, हमेरे घर किती कीता लें, हम बोलो, आप बोलते हो सो लो کہیں آپ کو گھالی بھی دیتے ہوں گے تو پرجاں کی سیواں کھٹین سیواں ہیں اور آپ ایک کھٹین مستقی میں کیوں جڑ رہے ہو ہمار کی آدیش کو پالن کرنے کے لیے دیکھو پراپت جی کا ادھارن لگ بک ستر سال کی آئیوں میں کیول چالیس بے کے سال ब्राज को छोड़ कर खारगो के जहाज में तयार हो गए कान जाने के लिए गुमने के लिए उनकी मुझे ये विचार था परिजों को उदहार कैसे किया जाये तो एक समय था जो प्रावापाद स्वयाम जंतों का नुवार कर रहे थे बिर्ना उनसे दिली आते थे کتابوں کو چھاپنے پھر دھانی کھڑا کر کے ان کو پرکاشل کردے تھے پھر ان کا بیتن کردے تھے. One man army. ایک بیٹن کی سینہ پھر آساس سے بھوڑا نے परवपज्जी को अच्छे बाद करे लिए जिसके दुआरा नेक बक्तों ने उन्हें सुव्योग दिया. तो आज जब हम ग्रंथ कुछ सेवा करते है ہمیں تیار گرنٹ پرابت ہوتے ہیں اچھی quality کے لئے تو اگر ہمار میں اُنساں رہے گا تو بہتر تکہ بھاو رہے گا اور یہ بھاو رہے گا کہ ہم نے لوگوں کا اُتھار کرنا ہے یہ سیوہ ہے دیا پرچار کی سیوہ یہ اصلی دیا ہم سوچتے ہیں سکول کھول دیں گے بہت ایک سکھشہ دے دیں گے یہ ہے دیا اصلی دیا ہے ربوں کو یہ گھیان دینا جس کے دوارہ وہ جنہوں نے ملتے کے بندن سے مخصوص ہوئے ہیں یہ اصلی دیا ہے اور یہ دیا ہم نے پہلے اپنے اوپر کرنا ہے Shri Adi Bhikshu Dutt Home سنا ہے آپ نے وہ یعنی ہم نے اپنے جیون کو سدھارنا ہے یہ نہیں ہم دوسروں کو ابدہش دیں اور سویہ ہم مہیاں پھی رہے ہیں تو آپ سب دھرم پریمیوں سے نمیدن ہے کہ آپ سب اس پرچار کے سیوہ میں اُچھا کے ساتھ جھڑ گیا ہے اُچھا رہے گا تو آپ دوسروں کو پرابہویت کر سکو گئے मیں एक अमेरिका में भगत हैं, American भगत. मैंने उनके कई साथ पहले पूछा, अब भग कैसे बदेगी? उसने कहा कि, मेरा एक मित्र, मुझे अपनी मोटर में पिठाकर, लिफ्ट दे रहा था. और उसने देखा कि पीछे, एक भगवत गीता पढ़ी है, तो इसने मित्र से पूछा, मैं गीता मांग सकता हूँ, can I borrow it? मित्र से ने कहा, why borrow? Take it. मांगते क्यों? देलो, मेरे इस किता में कोई रूची नहीं। तो इसने पूछा, रूची नहीं थी तो आपने क्यों करीला? तो इसने कहा, एक हरे कृष्णा संस्ता का बड़ा उच्साहि जिसने कहा गिताब लो इतना उत्साइत था कि मैं कुछ इनने ही नहीं कह सका तो मैंने गीता ले ली तो हाँ आप उत्साइत होगे तो कई योंको प्रभावित कर सकोंगे। प्रापा जी कहते थे प्यूरिटी दे फोर्स आपने सुनाये पहले विर्तता ही बल है विर्तता कैसे आची साथना है जब हम ग्रंदों की सेवा कर रहे हैं सुभाँ हमें आची तरह जाप कर लेना चाहिए सुभाँ बड़े दियान से जाप करना चाहिए उड़ना चाहिए और भी जब अध्याने उच्छा हो जब प्रचार के सेवा जान चाहिए यह जो प्रचार के सेवा है यह ह پہلے مہان اچاریہ تھے جنہوں نے اندر آشتہ پرچار آلام کیا انہوں نے ایک گرانٹ لکھا تھا مہاں پربھو کے اوپر جو کہ انہوں نے پرسید مہاں پرچار آلام کو بھیجا ہے تو بھکتی سیناندہ جی ہمارے پرم گروہ انہوں نے بھی یہ ادھارن دیا اور پراوباد کو جب وہ ملے تھے نادا کن میں 1935 میں उन्होंने एक मिर्दंगा की तस्वीर कीजी और क्या कहा भगवान चबे कुछ सुविदा दे तो ग्रंधों को अनुवाल करना और प्रकाश्यत करना और वित्र करना और इस सेवा का नाम क्या था? क्या था इस सेवा का नाम? हाँ? क्या? ब्रिहाद ब्रिहाद का अर्द है सबसे बड़ा बिलनगा तो आप जानते हूँ क्यों? ग्रंथों की इतना इतनी शक्ति है आज आप मुम्मे में ग्रंथ पाटगे उसका अधियन हो सकता है एक ग्रंथ में तो आप सब धर्म देवियों से ये निवेदन हैं एक तो आप � हर साह मैं आप से पूछता हूँ ये प्रशन कितने भक्ते हैं जो की रोज गीता पढ़ते हों और कितने भक्तों जोंके घर में गीता हैं सब के बास गीता हैं गीता है सब के घरों में एक नहीं, दो, तीर, चार, दस का भी होगी کتنے भक्तों के बाद एक से ज़्यादा गीता है गहर में लगबक सब के बाद जब आप पूछते हैं कि कौन भान रोज पढ़ता है तो बीच पढ़िश्य लोगों ने हाथ उठाया जब पूछते हैं गीता किसे के बाद है सब के बाद है तो अनेक भक्तों के घहरों में एक समय आप निकालना चाहो तो निकाल सकते हो। सच बात है? इंग्रिज में कहावत है एक निर्णे ये लीचेगा कि 2007 गीता चेंद के होगी कि आप गीता को रोज पढ़ोगे। जब आप गीता को पढ़ते हो भगवान बड़े प्रसन होते हैं। भगवान कहते है ये भाक मुझे समझना चाता है मेही वानी को पढ़ रहा है तो मुझे इसे बुदी दे लगे जो जिसके दौरा उसे समझ आये मैं क्या कह रहा हूँ तो और फिर गीता पाटो भी आप गीता पाटने जाते हो कोई आप से पूछेगा गीता का क्या मूल संदेश है और आप बोल गीता को पढ़ रहे हैं और प्रचार में जुरिये हैं जब आप प्रचार में जाते हों जैसे मैंने कहा कई सात देंगे पर कई आपका विरोध भी करेंगे आजकल जी एश्टी की कृपा के कारण उन्हें किताबों की कीमत भी बढ़ गई है हम कह रहें क्या جیسے آپ کاغج کریتے ہیں انہوں نے بھاو پڑھا دیا جہاں کتابیں چھاپتے ہیں انہوں نے بھاو پڑھا دیا تو لوگ یہ بھی کہہ سکتے ہیں اتنا مہنگا کیوں بیچیں موس میں کیوں نہیں دیتے ہم دو خوشی سے موس ملیں اگر ہمیں کاغج اور شپائی موس میں ملے تو کہنے کا تعداد بھئی یہ ہے کہ اگر ہمیں بھگوان کی کرپا چاہیے अगर हम अन्ध्यात्मिक जीवन में परिवार्तन करना चाते हैं तो भाकती योग एक माध्यम हैं जो की भागवत गीता का संदेश हैं भागवत गीता का संदेश क्या हैं भाकती योग और गीता हमें रोज पढ़ने चाहें इस साथ में बात ना मिल चाहें हम कई बार प्रचार جب کتابیں بگتی ہیں تو ہمارا اُتسہ بہت اُچھا رہتا ہے. جب کوئی کئی گھنٹے کتاب نہیں لے تو اُتسہ کم ہو جاتا ہے. سچ بات ہے؟ آپ کی بھی یہی ستیتی ہے؟ مومن والوں کی؟ اگر ہر ویڈیو کی لائن میں آئیں، مجھے تو کی تھا، میں نے پہلے ہاتھ اٹھایا تھا. جیسے شراب کی دکانوں میں ہوتا ہے نا، بھیڑ. کتاب بڑے خوش ہو جاؤں گے. اور جب آپ دو دین گھنڈے کھڑے رہتے ہوں تیبل میں اور تیبل میں کھڑے رہنے کا مطلب کیا ہر بھی اگتی جو آئے تیبل میں اُسہ سے اُسے ہم گیتہ دکھائیں تو خوشی کی بات یہ ہے چاہے کوئی خریدے یا نہ خریدے آپ اگر پریشان کر رہے ہو گی پریاس کر رہے ہو گیتہ کو باٹھنے کے لئے آپ کو بھگوان کی پوری کرپا ملے گی ये भक्त आठ गंडे दूप में खरा रहा ने प्रिचार के लिए पर इसका ये अर्थ नहीं कि कल से आप प्रिचार में जाओ वो ग्रतनों को नहीं बातो केने का तात पर यह है चाहे आप किताओं में बातो या ना बातो आप जो प्रियास कर रहे हो उसकी आपको पूरी क श्रीरार स्वामे कहते हैं भाक्ति में इतनी शक्ति है आप आंक बन करके दोड़ोगे तो भी गिरोगे नहीं तो भाक्ति योग में लाब ही है जो विक्ति गीता लेता है विक्ति गीता लाब है पिछने साथ आपके बोमे के मंदर कितने गीता बाड़ी थी कितने जगवग दोला की ता बाड़ी थी और ये साल भी वोई ही योजना है आमेंसे कितने भग जुड़े थे पिछते साल मेराथान में बस आज भग मेराथान में गए होई हैं हाँ जो असली प्रचारक है वो तो युद की विदाद में गए होगे हैं तो आप सब जुड़ोगे हैं इस सेवा में किने भग तयार हैं ये साल घर घर जा कर लोगों पर भीग मांगना कीता लीजे कौन कौन तयार हैं केम्रामें सब की फोटो लो लोगे तो आपको भवाण की कृपा मिलेगी नहीं लोगे ग्रांतों को नहीं बाड़ोगे तो कृपा का मौका है वहाँ से पिछल जागा आप सबका बहुत बहुत शुक्रिया घीदा पढ़िये घीदा का क्यान दूसरों को लीजे इसमें कार जीवन सुखी बढ़ेगा हाई क ہلے کریشنا ہلے ہلے
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