Meditation to heal gut health | Health talk

In this bilingual (Hindi‑English) interview, Dr. Priti Nanda Sibal talks with nutrition intern Puja about how meditation can be used to improve gut health and overall wellbeing. They explore the concept of "food meditation"—mindfully engaging all five senses while eating—to channel positive energy into the digestive system. The discussion weaves together Ayurvedic ideas of chakras and energy transfer, the importance of morning and evening rituals, gratitude practices, and the shift from conventional allopathic treatment to functional, food‑based healing. Practical tips are shared, including short silence retreats, chanting, avoiding heavy or violent media at night, and using YouTube resources for guided meditations. The conversation emphasizes that consistent, simple practices can have a profound impact on mental health, gut‑brain axis, and daily life.
Chapters
hello everyone and welcome to the next session on over chanel food, medicine and lives as you know this channel was started in two thousand and eighteen with kovid just to tell you the truth about medicine and you would be thinking it meditation in guilin। इसमें क्या ट्रुथ बताने वाले हैं आज? so first of all i want to tell you guys that all those you no me। they know that i am a medical doctor, but the second thing which you dont know may be is that through my studies and research, i have relive at energi play a huge role in over hl, why does det happen? हमारे आर्युवेद में भी always mention, अगर पेट ठीक है तो सेहत ठीक है हमारे nsestrtheyalwas used to focus on aur gotheltthey use we have different frente pregnant women we difrent did for t? फ्रॉम जो हमने देखा भी नहीं है, हमारे ग्रैंड पेरेंट्स के, ग्रैंड पेरेंटस पैरेंट्स के जमाने की मैं बात कर रही हूँ, बट फिर क्या हुआ हम भूल गए वो सब कुछ और हो पैटीने बोला जी 1 क्रोसिन खाओ, 12 लो खाओ और मौज मनाओ ठीक है एंड कुछ साल हमने उससे मौज मनाई भी बट अगेन इतनी लाइफस्टाइल डिजीजेज लास्ट फिफ्टी यर्स में हो गई है सेवंटी फाइव परसेंट प्लस इन टू thous ट्वेंटी
नाव
वी आर बी एफ डॉक्टर टू रीड एंड गोइंग टू डेट एंड फाइंड आउट यह लाइफस्टाइल डिजीज का कारण क्या है? एंड वन वे गोंग अफकोर्स गॉट हेल्थ इज वेरी वेरी इम्पोरटेंट आरोप गट हेल्थ के लिए क्या इमपोटंटहैगटहेल्त के लिए हमारे मूडज़इमपटहैहमारी सोच इमपोर्टंट है, हमारी स्लिप इम्परटंटहैहमारी एनर्जी का फ्लो इम्पार्टंट है, हमारे हारमोंस इन सब चीजों पर डिपेंड करते हैं। एंड सो मच मोर सो इस देश के। sat i will want to welcome puja on my channel today puja, ivemthैंकयू so
much for having me here thank you,
thank you puja and something about puja। you know me puja को intrvuseकryaachla ne who is interning with me for nutrition and she s a very sweet girl she said man। मेरी न क sister है caznहैanshedosinergy healing, because i was talking bout got tel to one of my patients, said, i want to speak to her and then i spoke to puja, you know her story real real, really motivated and टोल्ड मुझे अपने you tube पे पूजा से कुछ सबके लिए सीखना है। र सो पूछा इज एडवोकेट और मेरा बेटा एडवोकेट है। इसलिए मुझे पता है की जो हमें आई आई टी और मेडिकल में नहीं सिखाया जाता वो हमें लॉ में सिखाया जाता है, हमें लॉ में सिखाया जाता है। ट्रुथ क्या है, फेर क्या है, असर क्या है, झूठ क्या है, उसको पकड़ना कैसे है? र एंड देन पूजा टेल्स मी की सडनली टू थाउजंड सेवन में शी हैज क्लीमेन पास कुछ पॉवर है हीलिंग की एंड टू थाउजनसेवनहरयउएसपी इस की वो आपको बहुत मुश्किल काम नहीं बताती है वो आपको वर्क लाइफ बैलेंस करना सिखाती है, छोटे छोटे कदम लेना सिखाती है जैसे की 1 माँ, 1 बच्चे को चलना सिखाती है न वैसे ही पूजा, हमे ये जिंदगी जीना सिखाती है राइट सो विद दिस आई विल वन टू, हर फ्रॉम पूजा पूजा शेयर समथिंग अबाउट मेडिटेशन ने आपकी लाइफ कैसे चेंज की सो
आई स्टार्टेड जोनी समर टू थाउजंड सेवन टू थाउजंड सेवन तक, मैंने बहुत कुछ अपनी लाइफ में देखा था। i seen, डेप्रेशन वेरडेन, problem, शूज सब कुछ। whatever think about a go to। टू थाउजंड सेवन सो, उसके बाद बा स्टार्टेड लर्निंग अबाउट हीलिंग क्या होती है? i can t। मैंने first अपनी क्लास ली थी i got i went to so much of change that for three days, i could not get up from my bed, it was on like smokupsetwomets, i was completely was going cas, they was so much in my body that needed that। क्लूजिंग क्लिंजिंग कुड नॉट हैप्पन फॉर लोंग टाइम सो दैट फर्स्ट सेट ऑफ़ mेdिtaशonndopning up शकराज तो वो जब शुरू हुआ तो वो 3 दिन म गाइड हैड ऑलरेडी टोल्ड मी के 2 दिन दिन बहुत डिफिकल्ट हो सकते हैं एंड दैट क्लिंजिंग जो 3 दिन चली was वेरी वेरी डिफिकल्ट क्लिंजिंग, लेकिन उसके बाद ऐसी द इनर्जी स्टार्ट ओपनिंग अप तो धीरे धीरे आई स्टार्टेड लर्निंग लिटल, मोर फिगरिंग आउट लिटल, मोर तो आई हैव नेवर हैड सो आई डू टैरो रीडिंग आलसो आई डू काउंसिलिंग आलसो बहुत लिमिटेड मैंने सीखा है। 1 चीज जो सीखी है जहाँ पर मेरे लिए मेडिटेशन का मतलब इस नोट वैर यू हैव तो सिट न गिव वर्स तो मेडिटेशन, but it can be something as simpalisedwile doing your work in chanting something so, basically is what has worked mostly for me mera rutin hot, hectic i have a three years, got all the house in my channel and everything s। usually it is mostly about that chanting that i do while। डूइंग मई वेरी simple, but i think has पोटेंशियल तो चेंज लाइफ वाह सो
पूजा मुझे नहीं पता यूनिवर्स ने आपसे मुझे कैसे मिलाया है, अचला को भेजा बट नeथhिंगआईहैर कॉमन है मैंने रेकी में मास्टर की टू थाज सेवन में अमेजिंग दैट वाज माई फर्स्ट जर्नी टू वर्ड स्पिरिचुलिजम डॉक्टरों के वो चीजें समझ में आती नहीं है, बसोली मेरा भी कुछ ऐसा ही एक्सपीरियंस था एंड देन सिक्स यर्स पहले मैं बुद्धिज्म में मेरी 1 फ्रेंड ने मुझे इंटरड्यूस किया तो मैं थोड़ा और आगे बढ़ी। फिर मैंने बहुत सारे हेल्थ के पेशेंट में काम किया, मतलब इन लास्ट थ्री थ्री अंडा हाथ, मेरे खयाल से मैं 507 सौ गट हेल्थ पेशेंट पर काम कर चुकी हूँ। सिर्फ गट हेल्थ पे और मैंने देखा की कैसे गट जब खराब होता है तो डिप्रेशन होती है, डी एच डी होता है, ऑटिज्म होता है, टाइप वन डायबिटीज होता है, रूमेटाइड राइटर्स होता है, गुस्सा आता है, रोना आता है, मोटापा होता है, डायबिटीज होती है। तो मेरा इसमें खेत बढ़ता ही गया एंड मेरी ट्वेंटी पर मुझे पता है मेरा वैदानथाएक्सपोजर हुआ, मैं आनंदाज गयी, स्पेशली आई थिंक, वो भी 1 कॉलिंग थी, कहाँ में एडवेंचर करने वाली लड़की थी, ठीक है, झूले झूले स्पीड पर गाड़ी चलाओ एंड वहाँ ऐसी तुम मेडिटेशन करने जा रहा है, अपनी ट्वेंटी फिफ्तनिवर्सिटी पे तो कुछ बदल रहा था। ठीक है एंड अफकोर्स आप जैसी स्पीड की जर्नी नहीं हुई है बढ़ आई थिंक जो भी मेरी जर्नी रही है। 2000 7 से अब तक
आय एम
डिफ्रेंट पर्सन आल टूगेदर। इसमें 1 क्रैटिट्यूट का बहुत रोल रहा है। पूजा मेरी लाइफ में जिस दिन से वो करना और लिखना शुरू किया, मेरी जिंदगी बदलने लगी बोट स्पीड ऐसी तो आपको उसको लेकर क्या कहना है?
ग्रैटिट्यूट बहुत बड़ा रोल प्ले करता है ऐक्चवली एंड बेसिकली बड़ा रोल, इसलिए प्ले करता है क्यूँकि वे क्रिएट और रियलिटी हम अपने कांशस सब कांशस से अपनी रियलिटी क्रिएट करते हैं। और जब हम क्रिप करते हैं, जब हम नेगेटिव होते हैं, वो सारी चीजें जो है क्या हमारे पास नहीं है, क्या नहीं हो रहा है वो सारी चीजें हमारी कम्प्लीट एनर्जी सिस्टम पर काम करती है ऑल आर चक्राज एंड गट इस बिग पार्ट ऑफ़ सो वहाँ पर जब वो एनर्जी काम करती है वी अट्रैक्ट सिमिलर नर्जी नेगेटिविटी नेगेटिव सिचुएशन डिफिकल्टीज अट्रैक्ट करते हैं बट सिम इमिजेटली। जब आप ग्रैटिट्यूड पर शिफ्ट करते हो तो समथिंग बिग चेंजेज इन साइड विकस आप वो सारा एनर्जी सिस्टम जो आपके साथ आपके, आस पास आपने क्रिएट किया है ब्रेक थ्रू इट आप उसको कम्पलीटली चेंज कर देते हो यू टेल द यूनिवर्स व आर यू थैंकफुल आई ऑलवेज यूज ऑन ग्जामपलहरकीजब। कोई हमें गिफ्ट देता है कोई और, हमें वो गिफ्ट मिलती है और हम बोलते है अरे कुछ और दिया होता ये गिफ्ट अच्छी नहीं है इसकी जगह वो दे दिया होता द परसन स्टॉप्स गिविंग स गिफ्ट, क्योंकि उसको लगता है की ये क्या है मतलब कुछ भी तो खुश तो होता ही नहीं है ये इंसान बट देन वी से थैंक यू गिव ग्रैटिट्यूड यूनिवर्स इसी सेम तरह ऐसी यूनिवर्सिटी एनर्जी हमारे साथ वॉक करती है एनी थिंग वी हैव फ्रॉम बॉडी टू आर life इस गिफ्ट फॉर स और जब हम उसको लेके थैंक यू बोलना शुरू करते हैं happy person पर्सन मोर change the life सो पूजा अगर
मैं साइंस माइंड से बोलूँ थी है तो क्या आप एग्री करोगे मेरे साथ एनर्जी वहीं जहाँ हम थॉट देते है एनर्जी वहीं फ्लो करती है व एनर्जी फ्लो देर सो इफ यू फोकस ऑन वन थॉट टू यू गॉट अप लाइफ टुडे मॉनिंग वन लैक्स ऑफ़ पीoपल डिड नॉट गेट अप इन द मॉर्निंग देवर डेड उसी चीज पर आप इतना थैंकफुल हो सकते हो उसके बाद तो आपके साथ जो भी हो रहा है वो बोलने से 7 गुरु जी से सुना मैंने मेरी मतलब मैं सुबह उठती हूँ मैं अपना पैर जमीन पर रखने से पहले थैंक यू बोलती हूँ की मैं उठ गयी, मेरे हाथ चल रही है, मेरे पैर चल रही है, मेरा दिमाग चल रहा है, मैं चल रही हूँ मैं मुस्कुरा सकती हूँ मैं हाथ जोड़ती हूँ, स्माइल करती हूँ और एनर्जी को शो करवाती हूँ अगर पूजा करते है इसके साथ तो दिन शुरू तो ठीक
करती हूँ, बिल्कुल एब्सलूट करेक्ट करती हूँ। दिस इस वन थिंग जो में अपने बहुत सारे लाइन्स को बोलती हूँ वेन्यू गेट अप इन द मॉर्निंग एंड यू स्टार्ट की आप हो और उसके बाद यू नो वेन्यू ब्रश टीज वेन यू गो टू वाशरूम। हर 1 वो चीज जो किसी के पास शायद नहीं है इफ यू कीप से थैंक यू टू दैट वो आपकी लाइफ में इतना मल्टीफोल्डहोके आ सकता है एंड आपकी एनर्जी को दिस इज आलसो मेडिटेशन एक्च्वलीएवरीथिंग दात हाप एंड टू कनेक्टेड विथ वाट यू डू इट एक्च्वली इम्पैक्ट से गट क्यूंकी वो आपके बेस है दैट इस रूट दैट द बेस ऑफ द बिल्डिंग। तो जब आप अपनी अच्छी एनर्जी डाल रहे हो तो वो वहाँ से आपके इंटरनल हेल्थ पर भी काम कर रही है वो अच्छी एनर्जी से, क्योंकि आप
का गट तो मत का ही है एबसोलूटलीराट। तो आपने 2 वर्ड्स बोले पूजा अपनी कॉन्वरसेशन में अभी तक 1 बोला गॉट हेल्प की मेडिटेशन हेल्प करती है उसको थोड़ा लिबरेट करो एंड सेकंड आपने बोला चकरा बैलेंस होते हैं, चकराजएनर्जीस्लो करवाते हैं आरोप वो गत पे जा के कैसे इम्पैक्ट करते हैं। तो मैं मैं बहुत ही क्यूरियस हूँ जानने के लिए लिटल मोर ऑन दिस ओके ओके सो।
हमारी बॉडी में बहुत सारे एनर्जी पाइंट्स होते है उन एनर्जी प्वाइंट्स को हम बोलते हैं क्रास तो उनमे सेवन स्ट्रोंगर एनर्जी पाइंट्स होते है जो हमारी बॉडी में नीचे से ले कर ऊपर तक वो कंटिन्यू फ्लो होता है उनका और यूजुवलीदेआरआलवेज एट वैरी इम्पोर्टेंट पार्ट्स ऑफ़ बॉडी। तो कहीं हमारे फिजिकल साइंटिफिक कनेक्टिविटी भी है क्यूँकि ये हमेशा शकराज बनी ही है जहाँ जहाँ हमारी बॉडी का बेसिक इम्पॉरटंट पार्ट है जैसे बेस ऑफ़ द स्पाइन या नेवल से 2 उंगली बचे जहाँ पर आपका सारा रिप्रोडक्टिव सिस्टम आ जाता है पर जहाँ पर आपका सारा गट हेल्थ आ जाता है। हाथ ये आपका पिटिथरीग्लांटतो सारा कुछ चकरा के एनर्जी वर्क पे चलता है। अब हाऊ इट इज रिलेटेड दैट एनर्जी रिलेटेड टू गट। 1 बहुत सिम्पल एग्जाम्पल सी समझाउंगी। जब कई बार हमारे पास कोई बुरी न्यूज आती है तो खाना रखा रखा भूख लगी होगी, बहुत ज्यादा खाना रखा रखा बुक मर जाती है यू डोंट फील लाइक ईटिंग और कभी जब हम बहुत खुश होते हैं कोई अच्छी न्यूज़ आती है वी आर फॉल्ट इन स्टमक बट वी फील लाइक टिंग समथिंग। क्यूंकी हमे अच्छा लग रहा है वह स्ट्रेस सीटिंग लोड ऑफ़ पीपल स्ट्रेस होता है, गुस्सा आता है, इरिटेशन होती है, खाली बैठे हैं। तो बिक दैट ऑल एनर्जी फ्लो। तो हमारे जो सबसे बेस्ट चकरा होते है जो रूट चक्र होता है जो हमारा बेसिक रूट लेवल ग्राउंड लेवल पर कनेक्ट करता है हमें और उसके ऊपर के जो 2 चकरा होते है सेक्रल सोलप्लेकसजोआप बोल सकते हो की स्वादिष्ट थाना और मूल धारा चकरा वो चकरा जो है वो 3 हमारे बेस्ट है, स्तंभ हैं अगर मैं बोलूं क हमारे पूरे सिस्टम के वो स्तंभ हैं जिन पर हमारा पूरा सिस्टम चलता है, जो ऊपर के चक्र है वो उसी के बेस पर चलते हैं। अगर वो स्टेबल हुए तो अभी ठीक होगा। अगर वो अनस्टेबल हुए जैसे कई बार कुछ क्लाइंट्स आते हैं। हू हैव, हैडिक्सहैडिक्स, क्यूँ है नोट हर नोट, हर स्टार्टिंग फ्रॉम, दैट गुड। वो। वही बेस पे ही आपके गड़बड़ है जहाँ से आपको हेडेक्स हो रहे हैं तो वो लोअर। अगर आप अपना बैलेंस करते हो तो आप पर अपने आप बैलेंस होता है। दैट इज वैर आप क्या अपने मतलब, क्या आप फील कर रहे हो? क्या आप खा रहे हो? क्या आप कर रहे हो? क्या आप सोच रहे हो? एवरीथिंग इम्पैक्ट सब पूजा, पूजा।
जैसे मैं बोलती हूँ की जो न्यूट्रेशन है या खाना है वो सिर्फ खाना नहीं है, कैलरीज नहीं है वो हमारी जी कैसे काम करती है। उसको बदलने का जरिया है दि न्यू साइंस पी जेनटेक्स बट सेकेंड जो आपने बोला मेरे पास मुझे बहुत साल माइग्रेन होता था, हर हफ्ते 3 दिन में सिर पर पट्टी बांध कर घूमती थी एंड, बहुत दिन मैंने बेकार किए है उसमे एंड। फिर मुझे समझ में आया की माइग्रेन का मेजर रीज़न गॉट हेल्त। अब मैं लोगों का पेट ठीक करती हूँ और उनके मायग्रेन खत्म हो जाती है और बोलते हैं यार किया क्या सो सो हैप्पी टू नो की एनर्जी में आप भी वही बात बोल रहे है जो हम साइंस में बोल रहे हैं। एंड अमेजिंग 1 तो इंट्यूटिव पॉवर है जो बोल रही हैं आपके तरफ ऐसी और 1 पूरी रिसर्च है जो मेरी तरफ ऐसे बोल रही है। बट बाद दोनो से बोल रहे हैं।
एब्सोलूटलीएब्सोलूटली वाह।
तो मेर को इतना एक्साइटिंग लग रहा है, ये विज्वलाइज भी कर पाना। अगर नीचे के 3 चकरा। इसीलिए मेरे पास कोई डिप्रेशन का पेशेंट आता है, ग्जाइटी का आता है ए डी, एच डी का आता है। स्टफ्रीनियतकाआता है कोई भी मेंटल हेल्थ का केस आता है में मेंटल हेल्थ नहीं करती, उसकी क्यूँकी नोट साइट एट्रेस बट मैं बोलती हूँ अपनी हेल्थ पर काम करवाओ मेरे साथ। एंड जब गत हेल्थ पर काम करते हैं तो मेंटल हेल्थ ही नहीं लगती। आर्टिस्ट बच्चों में, ऑटिस्टिक बच्चों में आप गटहेल्टपेकाम करते हो, उनकी सिमटम्स कम होने लगता है। हेल्थ मेडिटेशन का लिंक थोड़ा पूजा और समझाओ थोड़ा कर मुझे समझ आ गया
सो गट, हेल्थ मेडिटेशन का लिंक। जैसे मैंने बोला की हमारा जो गत है वो ब बहुत ज्यादा रिलेट करता है। हमारे इमोशन्स के साथ क्या फ्लो हो रहा है हमारे माइंड में, उसके हिसाब से हम खाते हैं, उसके हिसाब से हम फील करते हैं। तो जो हम जो, हमारा क्यूंकि, जो भी हमारा खाने का इच्छा है या जो हमारे मूड स्विंग्स हैं वो सब जो है हमारे फूड को, हमारे डाइट को, हमारे गट को, हमारे इमोशन को, कम्पलीटली इम्पैक्ट करते हैं। अब मेडिटेशन क्या करती है, मेडिटेशन बेसिकली क्या करती है हम हमारा जो हूमन बॉडी बनी थी वो इसलिए बनी थी की फ्लाइटें फाइट मोड जो है वो कभी कभी एक्टीवेट हो, यूजुललीहमेएकनॉमल सर्कम स्टांस में रहे, वो साफ़ दिखा तो वो फ्लाइटें फाइट एक्टिवेट हो जाए और हम भागे। अब हमें वो साफ़ हर जगह दिखते हैं, चाहे वो टारगेट हो, चाहे वो सोके उठना हो, चाहे वो स्कूल जाना हो, चाहे वो हमको करना हो, चाहे अपना काम करना हो। एवरीबरआरस्नेक हम हर वक्त वो फ्लाइट एंड फाइट मोड में रहते हैं जब हमारी बॉडी हर वक्त फ्लाइट फाइट मोड में रहेगी तो हमारा जो गत है उसमे बहुत ज्यादा बन है हमारे लो और चक्राज में बहुत ज्यादा बदन है क्यूँकी हम हर वक्त डरे हुए हैं। देर इस फेयर और फेयर कहाँ रिसाइट करता है फिर फर्स्ट थ्री चक्राज में रिसाइट करता है तो और मेजरली जो गट के आस पास 7 के चक्राज होते है सोल सैक्रल वहाँ पे डर डिसाइड करता है अब मेडिटेशन क्या करती है मेडिटेशन आपको 1 ब्रेक देती है फ्रॉम दैट फ्लाइट एंड फाइट मोड मेडिटेशन आपको वो 5 मिनट व 10 मिनट वो पंद्रह मिनट जो भी आप दे सकते हो वो देती है जब आप ऐक्चवली में डर नहीं रहे हो, आप भाग नहीं रहे हो, आप 1 जगह बैठे हो आप खुद को खुद की, खुद की, एनर्जी को जस्ट फ्लो करने दे रहे हो तो वो जब आप फ्लो देते हो तो वो आपने क्या किया आपने ऐक्चवली भागते हुए एनर्जी को वो 2 मिनट दे दिए जब सांस ले सकते हैं जब आप सांस लोगे जब आप वो मेडिटेशन करोगे आपके अन्दर वापस एनर्जी फ्लो होगी आप फिर से अपने रूटीन पर अपने वर्क पे आप अपनी चीजों पर वापस जा सकते हो और जब आप रेगुलर फोकस करोगे मेडिटेशन पे तो कहीं आपको वो चेंज समझ में आना शुरू हो जाता है की ये फाइट फ्लाइट इतना नीडि नहीं है एंड यू गेट टू दैट बैलेंस लाइफ स्लोन ग्रैजुलीजहाँ यू एक्च्वलली अंडरस्टैंड यू नीड टू लिव आलसो
मुझे इतना मजा आ रहा है मैं 56 साल से लोगो को सपटिकऔरपारोसमपटिक सिस्टम समझा रही हो फाइट और फ्लाइट मोड समझा रही हूँ पता मेरी 1 ऑब्जर्वेशन क्या है पेशेंट आता है मेरे पास सामने बैठता है एंड 5 10 मिनट बाद न मैं समझ जाती हूँ ये ट्रस्ट नहीं कर रहा बिकॉज वाट आई डू फंक्शनल मेडिसिन एंड फंक्शनल मेडिसिन आपकी फंक्शनिंग पर वर्क करती है और इंडिया में बहुत पॉपुलर नहीं है तो लोगों को पता नहीं है यह है क्या ठीक एंड आई टेल दम तो ब्रीड थी और मैं आपको बता नहीं सकती नाइंटी नाइन नाइन परसेंट लोग सिम्पिटेटिक सिस्टम में ब्रिज कर रहे होते है मतलब वो जो ब्रिज कर रहे होते हैं मुझे पता चलता है उनके पीछे कोई शेर भाग रहा है आप स्नेक बोलती है मैं शेर बोलती हूँ बट मुझे पता चलता है ए टेल देम लंबा सांस ले रहे हैं बट पेट अन्दर दबाया हुआ है सो बी दिन करेंगे तो पेट अन्दर दबाया टेल देम लून को नीचे से पिचका 2 अब ऊपर से हवा भरो और मुझे बलून फुला कर दिखाओ कभी भी नहीं सुनेगा न दिस सिमप्रतेटिकशेर आया शेर या सांपला सांपला। राइट एंड सारे एक्टिव होना पेट के लिए बड़ा जरुरी है। अगर आप कहीं भी पढ़ेंगे तो हम साइंस में पढ़ते हैं रेस्ट एंड डायजस् aबसोलूटलीमतलब मतलब आप अच्छा खाना खा तो सकते हैं पर क्या अच्छा खाना खाना काफी है आपको उसको चबाना है, उसको डायजेस्ट करना है, उससे न्यूट्रीशन लेकर ब्लड में जॉब करना है तब जाके आपका प्रोसेस पूरा होता है राइट जब आप पूरा टाइम शेरआयाशेराया कर रहे हो तो रेस्ट डायजेस्ट तो हो ही नहीं रहा एब्सलूट फिर क्या होगा आपको ऐसे डिटी होगी, आपको कान सीपेशन होगा, आपको डायरिया होगा, आपको रिफ्लेक्स होगा, आपको गर्ड होगा, आप डॉक्टर के पास जाओगे और बोलेंगे एंड कॉपी कर गो एंडेस कॉपी में कुछ नहीं आएगा फिर आप वापस आओगे और बोलोगे या खाया नहीं जाता ही जाता है रोना आता है नींद नहीं आती है पर ये देश है उसका रेस्ट एंड डायजेस्ट में इतनी हैप्पी हूँ न और मैं हैप्पी इसलिए हूँ बिकज कई लोग साइंस में बिलीव करते है और कई लोग एनर्जी में, पर हर इंसान दोनो में से 1 चीज में तो जरूर बिलीफ करता है आबसोलूटल हंड्रेड एंड। अगर हम दोनो ही सेम चीज बोल रहे हैं तो मुझे काफी उम्मीद है की हम वो मेसेज जो लोगो तक पहुँचाना चाहते हैं वो पहुँच रहा है तो पूजा आप क्या बताओगे व्यूवर्स को की वो अपनी लाइफ में। जैसे आपने बोला कि सुबह उठ के वो कर सकते हैं, नहाते हुए कर सकते हैं, ब्रश करते हुए कर सकते, चैटिंग कर सकते हैं। जो बड़ा 1 अच्छा सा किस्सा है मेरे पास, मैं आपको बताऊँगी अगली थोड़ी देर बाद तब तक मैं आपसे सुनना चाहूंगी की आप क्या एडवाइस करते है लोगो को उनको क्या करना चाहिए।
देखिये आजकल हमारी सबकी लाइफ सुना बहुत फास्ट है हम बहुत ज्यादा कोविद ने फिर भी थोड़ा सा 1 हमें 1 सेट बैक दिया है की अपने बारे में सोचो इम्म्युनिटी बढ़ाओ सो, इट इज अ बिग पुश, एक्ली बिग शिफ्ट जो हुआ है उसके बाद बात हम सब की लाइफ बहुत फास्ट है वेरी फस्ट हम एवरी डे, वी, आर, रनिंग, फ्रॉम, वन पिलर पोस्ट, वही फ्लाइटें फाइट। तो उसमें सब ने मैंने ये फिगर आउट किया है की बहुत छोटे छोटे मोमेंट्स होते हैं हमारे पास जहाँ पर हम अपनी हेल्थ को बैलेंस कर सकते हैं, बहुत छोटे छोटे चेंजेज ऐसी जैसे फॉर एग्जाम्पल जब हम जब सुबह उठते हैं उठ के ये बोलने की जगह की मैं लेट हो गया या मैं लेट हो गयी। ऐसी थैंक यू एंड आई, एम और मैं सब कुछ कर लूंगा, मैं सब कुछ, सब कुछ। बहुत अच्छा है, सब कुछ बहुत वंडल। 1 अच्छी लाइन अपने आप को बोल 2 या जैसे थैंक यू की मैं, हूँ, मैं, जिंदा, हूँ, विच, ब्यटीफुल, क्यूँकी अपने आप को 1 अच्छी लाइन बोल रहे हो। उसके बाद हम सब डेफिनिटली। आज के टाइम में न क्या हो गया है। वाश रूम जाते हैं, फ़ोन फ़ोन साथ में लेके जाते है और लगे रहते हैं वाशरूम के अन्दर भी। तो वो करने की जगह में अपने क्लाइन को बोलती हूँ। जब हम वाशरूम में बैठे हैं तो हम क्या कर रहे हैं? हम लेट गो कर रहे है। एनी थिंग इज वेस्ट इनसाइड स, वी, आर, ऐक्चवली रिमूविंग फ्रॉम बॉडी तो वहाँ वहाँ पे बैठ के इफ यू जस्ट से द में जो भी चीजें एनर्जी मेरे लिए अच्छी नहीं है, नेगेटिविटी नहीं है। आई लेट गो फॉलुफदैटआपफिजिकली भी वही कर रहे हो और आप मेंटली भी वही कर रहे हो। तो 1 तरफ आप अपनी फिजिकल बॉडी को क्लीन कर रहे हो, दूसरी तरफ अपनी मेंटल बॉडी को क्लीन कर रहे हो। सो बोट क्लिंजिंग कैन कैन happen वाई यू आर इंटू द वॉशरूम बेदिंग बेदिंग इज वेरी वेरी ब्यूटिफुल, जहाँ पे आप एक्चुअल में जो पानी आपके ऊपर गिरता है, यू कैन फर्स्ट फ्यू कप यू कैन सी आपकी बॉडी और अंदर जितना भी जो भी आपके आरा में, जो भी एनर्जी नीडेड नहीं है, इट इज गोइंग इन प्लैनेट अर्थ और वहां से वो अच्छी एनर्जी में तब्दील हो रही है। विकास अर्थ को भी हम क्लटर नहीं कर सकते। एंड देन इन द लास्ट फ्यू कप्स यू कैन जस्ट इमेजिन की ये पानी आपको एनर्जाइज कर रहा है, आपके औरा को बेटर कर रहा है। सो फर्स्ट चीज, थ्री स्टेप्स और डन। अब ट्रैवल करते हैं लोग। लगभग लोग अपने वर्क के लिए ट्रैवल करते हैं। वाइल ट्रैवल रातदिन फ़ोन पे करने के। यू कैन जस्ट चैट एनीथिंग अपने क्लाइटस को बोलती हूँ नर्सरी राइम गालो इट आल सो वर्क्स तो रीफोकस है न,
मेडिटेशन में जो मुझे समझ आया है, आपको किसी 1 चीज पर फोकस करना है, बिना स्ट्रेस के आप ब्रीडिंग पे करो, आप चांटिंग पे करो, आप गायत्री मंत्र बोलो आप अपना नाम बोलते रहो
एप्सोल्यूटली एप्सोलूटली क्रक्स की आपके माइंड में नेगेटिव थिंकिंग नहीं चलनी चाहिए। दैट्स द होल ट्रक्स ऑफ मेडिटेशन मेडिटेशन आपको नेगेटिव थिंकिंग से परे ले जाने के लिए होती है, तो आप कुछ भी करो कुछ वक्त। अगर आप सोच नहीं रहे हो कि इसने मेरे साथ क्या किया, उसने मेरे साथ क्या किया, ये क्या होगा? वो बॉस क्या बोलेगा, सासु मां ने क्या किया? ऑल क्लोज तो योर इनर्जी है, हम
नॉर्मल आई लाइक व जस्ट लाइक एग्जैक्टली
वी डू सुबह खाना बनाते हुए भी और थिंकिंग के जब शादी हुई थी तो ये नहीं दिया था।
सारी पूजा यहाँ पे न मुझे चोरी याद आ गई है। आपकी परमिशन से बोलूं क्या भूल नहीं जाऊँ थैंक। यू तो ये स्वामी रामा हैं जिनका मेडिटेशन हमने किया, पीछे और मैंने थ्री डे साइलेंस भी किया। स्कॉपियो एक्सप्लोर करने की आदत है है एनर्जी नहीं उतना करती हूँ कुछ है अंदर जो नैचुरल है तो उनकी बुक में 1 स्टोरी थी। वो चोरी कुछ ऐसे कहती है की स्वामी रामा किसी के घर गए खाना खाने के लिए, अपनी डिसाइपल के। जब वो खाना बना कर लाई तो उन्होंने खाना खाने से मना कर दिया। तो डिसाइबल ने पूछा स्वामी रामा, आप रोज खाते हो, पहली बार तो नहीं मेरे खानाखाने तो आज क्यों नहीं खा रहे हो। कोई जना गैस करना पाया चाहेगा कि ऐसा स्वामी रामा ने क्यों कहा की आज वो खाना नहीं खाएंगे, एनीबडी फ्रॉम द, व्यूर्स कोई गैस करना चाहेगा, सो मैं यह सबको न अपनी फूड मेडिटेशन के लेक्चर्स लेती हूँ। मैं उसमे बताती थी बट ये स्वामी रामा की स्टोरी ने तो उसका 1 अलग ही एंगल दे दिया। मुझे स्वामी रामा ने बोला जब मैं आपके घर घुसा आप अपने डॉक्टर को डांट रहे थे और कर्ची चला रहे थे। वो जो एनर्जी अन्दर गई है वो ही खाना खा के मेरे अन्दर जाएगी और मैं इतने लोगो की लाइफ इम्पैक्ट क करता हूँ मैं ये खाना नहीं खा सकता। तो जब आपने मुझे ये बात बोली की हम सोचते रहते हैं। शादी पर हुआ था। सास ने बोला उसने किया आज मेट नहीं आई तो कहीं हम ये भूल जाते हैं की वो सब तो अलग बातें आरोप जो हम कर रहे हैं
उसका क्या एब्सलूटलीआबसोलूटली सारी पूजा प्लीज और
बताइए मैंने आपको इंटरव्यू किया बिक इस चोरी में चाहती थी की मेरे व्यूअर्स जाने, हमारे व्यूवर्स जाने कई बार कहानी जो चीज समझा जाती है वो उससे बातें नहीं समझा पाती है।
एब्सोलूटली एबसोलूटलीइवजबैंक बिकज दिस ऐक्चवली रिलेट। तो वे आपकी जो एनर्जी है वो कैसे 1 विशेष साइकिल में चली जाती है। क्योंकि आप खाना खा रहे हो इस गोइंग इन गट। अब क्या इमोशन लेकर क्या फील खाना आपके गट में जा रहा है, क्या एनर्जी लेके एंड देन वो आपके और आप को भी इम्पैक्ट कर रहा है सो इट इस ऐक्चवली फिज़िकल मेंटल स्प्रिचुल इमोशनल ऑल फोर टाइप, ऑफ़, थिंग इमीडिएटली इम्पैक्ट हो जाती है।
आपने अपनी पूरी हेल्थ बना ली या
बिगाड़ ली येस एब्सोलूटली एब्सोलूटली एब्सलूट वाह और हमेशा बोलती हूँ मैं अपने चाहे क्लाइंट से है चाहे मेरे फैमिली मेंबर्स है, चाहे मैं खुद करती हूँ आई ऑलवेज मेक पॉइंट की जब आप किचन में हो या जब आप कुछ भी कर रहे हो, क्लीनिंग कर रहे हो, कुछ भी कर रहे हो। यू कॉंटिन्यूसली चैंटिंग माइंड ताकि आप 1 अच्छी एनर्जी जैसे मैं मंत्र बोलती रहती हूँ या अभी देर आर सम चैंटिंग जो हम कर रहे हैं तो मैं बोलती रहती हूँ। सो दिस इज ओनली बिकज यू आर पुटिंग इन दैट एनर्जी यू आर रीसाइकिलिंग दैट एनर्जी। वो आपके बॉडी में जाती है, आपके सिस्टम में जाती है और वही जहाँ पे आप रिलेट कर रहे हैं उससे एबसोलूटलीरिलेट होती है क्यूंकि वो आपके गट से आपकी स सारे सिस्टम में जितना भी आपका मेंटल इमोशनल फिजिकल जहाँ पर भी है जा रही है तो आजकल सबसे बड़ा नुकसान है, क्या है, टीवी देखते हैं और खाना खाते हैं। बहुत बड़ी प्रॉब्लम है बहुत बड़ी इटिंग फूड इस मेडिटेशन ऐक्चवली। अगर आप कुछ फूड को मुँह में लेते हो और उसको उसको महसूस करते हो उसका टेस्ट कैसे वो आपके अंदर जा रहा है। इफ यू गिव ट टाइम इफ यू चोट नाइसली। अगर आप फूड पर फोकस करते हो तो बहुत ज्यादा इम्पैक्ट होता है उसका आपकी हेल्थ पे इन वेरी वेरी पॉजिटिव
मैनर तो इसपर न पूजा फूड मेडिसिन लाइफ जैसे जो हमारा चैनल है जिस पर अभी हम हैं। यू ट्यूब पर फूड मेडिटेशन पे। बहुत वीडियोज मिलेंगी 11 घंटे की होंगी, फॉर्टी फाइव मिनट की होगी और अभी टाइम नहीं है बट आपने बहुत ही बढ़िया बोला है पांचों सेंसिज यूज कर के अगर हम खाना खाते हैं
तो
हम 500 गुना ज्यादा फायदा ले पाते हैं उसी खाने से। जब में फंक्शनल मेडिसिन में आई थी न पूजा सिक्स रस पहले तो आई थिंक फर्स्ट हाफ में हर स्कूल में टीचर्स को जाके फूड मेडिटेशन समझाती थी और सिखाती थी 10 हाऊ आई स्टार्टेड जब मैंने अपनी एलोपेथी प्रैक्टिस छोड़ के मैं इसमें आई क्यूंकी मुझे लगा की बातें शायद लोगो को समझ नहीं आती पर खाना सबको समझ आता है। अगर उसमे मैंने ब्रीडिंग सिखा दी, उसमे मैंने पाँचों सेंस सिखा दिए, उसमे मैंने पॉजिटिव थॉट सिखा दिए तो शायद टीचर्स के अच्छे हो जायेंगे तो बच्चों तक भी बात पहुँच जाएगी।
एब्सोलूटलीमएबसोलूटली
थैंक यू एम सो हैप्पी दैट यू नो ऑल दैट सिंकिंग टुगेदर पूजा सुबह का तो रिचुअल मुझे समझ आ गया जो आप लोगो को करना चाहते हो। हां जी शाम के बारे में आपका
क्या ख्याल है शाम ऐक्चवली सबसे ज्यादा इम्पोर्टेंट है सुबह आप अपना दिन कैसे शुरू करते हो वो डिपेंड करता है की शाम को आप अपना दिन कैसे खत्म करते हो। क्यूंकी रात को जैसे अपना दिन खत्म करोगे। इस गोइंग टू हैव
पूजा पूजा ये तो आपने वही बात कर दी मुझे लोग कहते हैं रात सुबह जल्दी नहीं उठा जाता मैं बोलती हूँ ये इस पर डिपेंड करता है की आप रात को सोते कितने बजे हम जी तो फिर शाम को करना क्या है।
पूजा तो शाम का में यूजुवलीजोछोटी छोटी चीजे जो आप कर सकती हूँ बहुत सिम्पल सी जैसे शाम को यूज्वलीजबआप जो सबकी अपनी रुटीन होती है, कोई टीवी देखता है, कोई पढ़ाई करता है, कोई बुक पड़ता है यूजुवली अवॉइड की शाम को शाम के टाइम पे कुछ भी ऐसा हम अपनी फिजिकल हेल्थ के लिए भी अपनी विजिविजिबलहेलथ के लिए क्यूंकी कांशेस सब कांशस कनेक्टेड है और रात का टाइम होता है जब हमारा कांशस एक्टिव होता है रात का टाइम है जब आप एक्चुवल में सब कांशस एक्टिव होता है कांशस स्लिपिंग है आप सो रहे हो लेकिन आप बिट कर रहे हो तो आपका सब कांशस जो है वो फंक्शनल है और सब कांशस जो है दैट इज द क्रिएटर ऑफ़ योर रिएलिटी। तो अगर आप रात को राम पेट्रोल मारधाड़ न्यूज ऐसी चीजें खतरनाक देख रहे हो, वेरी हैवी फो आप बहुत हैवी खाना खा रहे हो। आपकी रात काली हो गई इसका मतलब और रात काली हुई तो आगे का दिन तो ऑटोमेटिकली उसी तरह इम्पैक्ट होगा। तो शाम को मैं हमेशा बोलती हूँ टेशन और सबकी रूटीन अलग होती है तो यू कैन टेल तने बजे खाना खाओगे क्यूँकि मेरा खुद का सब कुछ डिपेंडेंट है लेट चलता है बट 1 चीज जो अवॉइड कर सकते हैं नॉर्मल रुटीन में। 1 तो शाम के वक्त डोंट वॉच एनीथिंग जो बहुत वायलेंस हो जिसमे या जिसमें बहुत ज्यादा सस्पेंस हो इस तरह की चीजें देखने के लिए भी नहीं दूसरा हैवी फूड बहुत हैवी ग्रेवीज बहुत हैवी खाना जो है शाम रात के वक्त इफ यू कैन अवॉइड। रीजन बेंक आपका जो पूरा सिस्टम है वो एक्च्वलीमें शाम को रिन्यू हो रहा है। इट लाइक, एग्जैक्टली लाइक फ़ोन जो आपने चार्जिंग पर लगाया है और फिर आप उसको साथ में यूज भी करे जा रहे हो तो वो चार्ज एग्जोस्ट होता जा रहा है। साथ में होगा तो फ़ोन सही से चार्ज नहीं होगा, बैटरी भी इम्पैक्ट होगी सिमिलरली हैपन्स। वित और लाइफ। तो अगर हमारी बॉडी के साथ भी
वही होता है तो फ़ोन चार्ज नहीं होता। सही से और बॉडी डीटॉक्, स और रिपेयर नहीं होती।
सही ऐसी एप्सुलूटली नहीं होती, एबसोलूटली नहीं
होती क्योंकि बेचारा खाने पर जाने में ही लगी रहती है जो हमने इतना खा लिया होता।
एब्सुलूटली वन हंड्रेड परसेंट एबसोलूटलीएदैटइज वाई रात को। अगर आप थोड़ा लाइट, फूड लो और सोने से पहले 1 अच्छी प्रेयर ूजलीउसपेमैनैं एक्सरसाइज बनाई है यू ट्यूब पर। तो आई ूजुवलली गिव माई क्लाइन की। इसको सुनो और या मतलब 1 तरह से अपना पार्ट ऑफ़ लाइफ बना लो। बेसिकली what is लिट। अबाउट इस थैंकिंग everybody part of yours and relaxing helping to relax and sleeping with that thing and थैंkinगevरीथिंग। इस g्rैtiटूटयू स्टार्ट वित ग्रैटिट्यूटयू एंड विथ ग्रैटिट्यूट है। सो मच टू पे, ग्रैटिट् सो अगर रात को खाना और अपनी नींद जो है। आप ग्रैडिट्यूटऐसी शुरू करते हो। आई टेन लोट ऑफ़ माई लाइन जिनका टाइम नहीं होता है मेडिटेशन करने का टू, इट वाइल स्लीपिंग सोते वक्त रात को आंखे बंद करो अपने आप वो चैंटिंग एनर्जी महसूस करो, सो जाओ उस एनर्जी में दर इज नथिंग बेटर आपकी पूरी जिंदगी बदल सकते।
पूजा मुझे पता नहीं ठीक है कि नहीं, पर मैं क्या करती हूँ न रात को मेरे मेमरी कोच ने बोला अगर मेमरी तेज रखनी है तो आपको रात को 1 मूवी देखनी है। अब हूँ तो साइंस बैकग्राउंड की बंदी टू प्लस टू फोर ही होता हो या मूवी तो देखनी है। अब मूवी में देखूं क्या? तो में सोने से पहले कोशिश करती हूँ, रोस तो नहीं करती। आई थिंक 5 दिन जरूर करती हूँ। पूरे दिन में मेरे साथ जो अच्छी चीजें हुई होती है उनको सोचती हूँ, उनकी मूवी देखती हूँ। और फिर जो सबसे अच्छी लगती है उसको एंड में जीरो करती हूँ। यह सबसे अच्छी थी और सो जाती हूँ।
बेटीफुलमैमदैत्स डी बेस्ट मूवी वी कैन वाच
बज क्रिएट बोला यार मैमरी, रखेंगे तो काम कैसे करेंगे एब्स। और ये तो वन प्लस, वन इलेवन हो गया।
एब्सोलूटली एब्सोलूटली डबल, फायदा डबल फायदा, बिल्कुल डबल नी इलेवन टाइम, एब्सुलूटली एब्सोलूटलीआब्सलूटली डे वी आर, क्रिएटिंग मूवी फोर आर सेल्स।
यही तो पूरा दिन बिल्कुल क्रिएट होती है। पर हमारी प्रॉब्लम क्या होती है न। जब तक मैंने यह नहीं ठीक, पूजा उससे पहले सोने से पहले याद आता था कौन सा, क्लाइंट ठीक नहीं हो रहा किसने थोड़ी बदतमीजी कर दी, आज कहाँ गाड़ी खराब हो गई, आज कहाँ पैसे वेस्ट हो गए। अब वो चीजे आती नहीं है। दिमाग में पैसे वेस्ट नहीं हुए, किसी के देने थे, कभी दे दिए।
ऐब्सोल्यूटली कमाई तो ऐब्सोल्यूटली एबसलटलवउसकी किस्मत थी,
तुम अपना काम करो।
बिल्कुल हंड्रेड परसेंट हंडरेड
डेट इम्पैक्ट पूजा टेंशन होती ही नहीं है।
पिट चीजों की एब्सोलूटली ऐब्सोलूटलीएंडंड आफ्टर वाइल न इ बिकम सो नाच। तो अस जब हम रेगुलर प्रैक्टिस करते हैं ग्रैटिट्यूड। और ये अच्छी चीजों पर फोकस करना इ बिकम सो मच पार्ट ऑफ यू दैट यू डोंट हैव टू पुट एनी
नैचुरली कम उर्जा जो एनर्जी क्लाइंट होते हैं न मेरे पास वो ही क्लाइंट्स आते हैं और आते हैं न। तो बोलते है की हमें कहीं और जाने की जरुरत नहीं पड़ती डॉक्टर प्रीति, पता नहीं आप क्या करते हो, पता नहीं क्या करती हूँ, मैं सुबह सिखाती हूँ और शाम को पिक्चर दिखाती हूँ।
बिल्कुल है दैट्स द मैजिक मैजिक आप ऐक्चवली सिखाते हो यू आर लिविंग लाइफ थिंक। अबाउट यू आर लिविंग योर लाइफ जो हम कभी नहीं सोचते हैं।
ई थिंक टुगेदर हम सबको सचवाकई मानेंगे
एब्सोलूटलीबिगटाइम बिग टाइम रिकवायरमेंट। बहुत
पूजा बिल्कुल भूल गए पूजा शॉर्ट टाइम जाते जाते व्यूअर्स को क क्या बताना चाहते हो कि ये किया तो बस पंजाबी में बोले न। तो मोडजाईमह्जाआई थिंक
स्मॉल थिंग जो एक्च्वालीवाकईही में लाइफ को चेंज कर सकती है। इस एटिट्यूट ऑफ़ ग्रैटिट्यूट एंड रियलाइजेशन दैट यू आर अलाइव हाव ब्यटीफुल योर बॉडी इस होव बेटिल एवरीथिंग वर्क्स। मैंने बहुत थोड़े थोड़े समय से नोटिस करने शुरू किए कितनी छोटी छोटी चीजे की जैसे फॉर एग्जांपल हमारे जो सेंसिस है, हम अपना नाक बंद कर सकते हैं, बिना हाथ लगाए नाक बंद हो सकता है, मुँह बंद हो सकता है, आँखें बंद हो सकती है, कान बंद हो सकते हैं, क्या नहीं हो सकते वह बिक दैट्स वाट क्रिएट सस हम क्या सुन रहे हैं, ऐसी हमारी कंडीशनिंग होती है? अगर हम क्या सोचते हैं aब्सोलूटलीaब्सोलूटली और सोचिए की अगर हम अपने कान बंद कर सकते तो जब पेरेंट्स हमें कुछ समझाते या टीचर्स हमें कुछ समझाते और हम कान बंद कर लेते तो क्या कंडीशनिंग हो सकती थी? नहीं हो सकती थी। वी वुड हैव नो एनी थिंग और हम करते क्यूंकी ये नेचुरल टेंडेंसी है जो नहीं देखना है, आँखे बंद कर लो, जो नहीं बोलना है मुंह बंद कर लो। पर कान का क्या करोगे सो हावी ब्यूटीफुल बॉडी इस क्रिएटेड। अगर हम उस क्रिएशन को समझते हैं और वे गेट इन टू दैट एटिट्यूट ऑफ़ ग्रैटिट्यूड वॉर्निंग ईवनिंग एंड अंडरस्टैंड बेस है। इस पिलर दिस इस द बेस जिसके ऊपर सब कुछ निर्भर करता है। तो योर लाइफ कैन कम्पलीटली कम्पलीटली चेंज एंड इट इज वेरी इजी कुछ बहुत बड़ा नहीं करना है। जो सुबह की रूटीन बोली और जो शाम की बोली और जो मैम ने बोला की मूवी गुड पार्ट्स ऑफ़ द मूवी इफ यू ओनली डू दैट मच लाइफ कैन चेंज वन्डफुलीवंडफुली वेल थैंक।
यू पूजा आई थिंक। कोविडकेएकफायदा हुआ है की कोविड ने हमें मौका दिया ऑनलाइन आने का हम सब को सिखाया ऑनलाइन आना कहते हैं ये यू ट्यूब चैनल स्टार्ट कोड में हुआ जस्ट बिकाज कोविद में इतने सवाल आ रहे थे फ़ोन पर की समझ नहीं आ रहा था क्या कर सकते हैं हम? ठीक है बट टेकिंग दिस फॉरवर्ड आई थिंक सब किसी को ये तो समझ में आया की जिंदगी जीने का नाम है aबसोलूटलीएंड जीने के लिए मेडिटेशन करना मेडिटेशन को बहुत हवा बना के रखा हुआ है ये ठीक है पर आज पूजा तुम से सुन कर मुझे तो लगा की मेडिटेशन तो हो रही है
एब्सोलूटलीहैनहो रही है ऐसा कुछ नहीं है
की मुझे बहुत स्ट्रेस लेना है की आधा घंटा सुबह बैठना है आधा घंटा रात को नहीं तो पता नहीं क्या हो जाएगा ये तो आई एम शोर की आज जितने भी लोग हमें सुन रहे हैं बाद में भी जितने लोग हमें सुनेंगे वो आपका पूजा ये वाला रचल फॉलो करेंगे क्यूँ करेंगे बिकाज समें
कुछ करना ही नहीं है एबसॉलूटलीएपसोलूटली अरे
इतना सिम्पल आपने कर दिया मेडिटेशन के अब तो मुझे लग रहा है की मेडिटेशन कुछ है नहीं मतलब अगर आप जी रहे हो तो आप मेडिटेट कर रहे हो और अगर नहीं कर रहे हो तो आपकी बेवकूफी है कोई तरीका
नहीं है जन का ऐब्सोलूटली हंडरेड परसेंट अगर इफ लिविंग आप मेडिटेट कर रहे
हो और अगर आप मेडिटेट नहीं कर रहे हो तो आप जी नहीं रहे
एब्सोलूटली हंड्रेड परसेंट थउजंडटaबसो असली सेडान थैंक यू गुड वे टू पुटटकरॉसमआपको
में दिस सो ब्यूटिफुल एंड पूजा बिल्कुल पता ही नहीं चला है फोर्टी टू मिनट कैसे निकल गए शोर जो हमारे ऑडियंस भी है उनको भी नहीं पता चला होगा प्लीज अगर आप दोबारा सेशन चाहते हैं या कोई और चीज पर नॉलेज चाहते हैं शेयर करिए या यू ट्यूब लिंक शेयर करिए एंड जो पूजा ने बिल्कुल सिम्पल मेडिटेशन टिप्स दिए है वो बहुत सारे लोगो तक पहुँचाए बिकज आई थिंक अगर हम इस दुनिया में आये हैं तो जीना तो है ही आप बाकियों को भी जीना सिखाएंगे तभी हम दिल
खोल के जी पाएंगे एब्सोलूटली एब्सोलूटली एब्सोलूटली आई आई टेल माई क्लाइन मस्त रहो
तो स्वस्थ रहोगे बिल्कुल बिल्कुल जी बिल्कुल यू पूजा थैंक यू थैंक यू वेरी मच बीन प्लेशिर हैविंग यू न माई चैनल एंड थैंक यू फॉर शेरिंग प्रेशियस नगेट अगर आप म अपनी लिंक शेयर कर दोगे न थैंक्यू वाली जो आपने रात के लिए बनाई है तो हम नीचे डाल देंगे चैनल के डिस्क्रिप्शन में सो दैट पीपल कैन नो प्रैक्टिस इट
विल सेंड टो यू थैंक यू सो मच न्यू थिंग आई डोंट विद यू इस अबाउट हाऊ सिस्टम वर्क्स व द गाड एंड द चकरा सो आपके आपके साथ बात करके आई ऑल सो लंड सो मच की कैसे आप दोनों चीजों को सर्च एंड दैट डाउनलोड आप उनको कैसे मिक्स करके ऐक्चवली चेंज कर सकते हो सो थैंक यू सो मच थैंक
यू थैंक यू वेरी मच एंड बाई बाई व थैंक यू इट वाज नाइस
थैंक यू थैंक यू बाय बाय यू।
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