This transcript is from a multi-speaker Gurudev talk (likely Sri Sri Ravi Shankar) focused on the divine power of the Jyotirlinga—particularly the Somnath Shivling—and its spiritual effects. Speakers link the Jyotirlinga’s "magnetic" power to real-world miracles: reduced anxiety and suicides, healing and devotion. The talk includes a historical anecdote about invaders breaking the Shivling (stone turning into gold motif), a pedagogic analogy comparing divine wonders to gifts that inspire childlike wonder, and a long devotional bhajan/chanting segment (many speakers singing "बम बम भोला", "शिव शंकर", etc.). The overall tone is devotional, explanatory, and consoling; the piece urges practice (dhyan/satsang) as the true path to inner transformation.
Chapters
इससे पहले का देखा था कल ज्ञान.
न बैठ के किसी का भी कुछ भी पुराना पुरानी बात आगे की बात जान, क्षेत्र में ये सारी शक्ति निहित है। अक्सर शक्ति प्रदर्शन के लिए नहीं होता.
दर्शन मगर हमने देखा आज इतना अधिक लोगों में एंग्जायटी है, डिप्रेशन है उनको.
1 छोटा सा जलक, 2 दिखा दे।
भूत और भविष्य की तो हजारों लोग इन सालों में अपनी एंग्जायटी से, आत्महत्या से दूर हो। हत्या का खाली छोड़ दिया। ताकि उनको ज्ञान समझ में आये। मे कोई और जीवन को चला रहा है। यह बात समझ में.
तो चीज है। सोमा जी जोति जो हमारे सौराष्ट्र में.
रहा तो वो ज्योति लिंग के टुकड़े आप देखो।
सोमनाथ जी के दर्शन देके।
अरहर महादेव.
कुम्ब में आपको सोमनाथ जी का दर्शन हो गया। ज यह ऐसा लगता मैगनेट हाथ में पकड़े।
इतनी शक्ति इस शिवलिंग में हैं।
तो देखो सौ साल पहले उन्होंने कह दिया ऐसे ही 1 बहुत बड़े महात्मा.
होंगे बंगलुरु में, दक्षिण भारत में, वहाँ उनके हाथ में दे 2 तो वो आ गई।
शंकर जी.
इतना इसमें मैग्नेटिक पावर है।
कभी आप लोगों ने देखा, संगमरमर में.
मैगनेट जैसा, कभी नहीं देखा.
ऊपर, नीचे.
का नहीं, ऊपर छोड़ा दिखता न.
पूरा.
आकर्षण शक्ती.
बोल शंकर भगवान की.
है।
तुम्हारे पास कोई और विकल्प है क्या? मैंने छोड़ा ही नहीं तुम्हे तुमने कहा.
आज सबको दिखा दे। jevnjevntshiviling.
और ye siviligboks्पर्श नहीं कर रहा.
था कहते हे शिविलिंगआकाशमें, ऐसे हरा सुना है न।
तो कितने लोगों ने पढ़ा है इस बात को सपने कितने कितने को पता नहीं था।
अरे थोड़ा पढो तो बार मामदगजनीनेप्रहार किया.
उस मंदिर में, हर बार उसने सोना ना लेके तो चला गया, फिर सोना से भर जाता था। आखिरी बार उनको किसी ने कहा रे देखो इसके ऊपर जो पत्थर है, उससे उस पत्थर से कुछ भी छुएगा तो वो सोना बन जाएगा। तब उसने पहले शिवलिंग तोड़ी, फिर पूरा मंदिर तोड़ा। अब वो शिवलिंग के टुकड़ों को ब्राह्मण.
लोग, अग्नि होती लोग वहाँ तब ध्यान में जा सकते हैं।
या.
हा, वह करने से वो आश्चर्य मन को अंतर्मुखी करना है, करता है। तो अंतरमुखी सदासे।
तो ये सब जितने भी.
चमत्कार है, उसमें बहने जाना, उसको देख के उसके मूल पर जाना है। वो क्या हमारे चेतन व ध्यान के प्रेरित करने के लिए ये सब है। क्या?
दुनिया में इतने फसे हुए है न? मन उसके बारे में राजेश चाहिए? नहीं चाहिए इन सब से तुम्हें छोड़ा छुटकारा.
देने के लिए।
ये सब तरह तरह के चमत्कार होते।
चमत्कार की कोई कमी है?
क्या? आप बताओ कितने लोग जब से ध्यान करने लगे, तुम्हारे जीवन में चमत्कार होना शुरू हो गया।
वाह वाह देखो हो रहा है।
यह।
यही है सच्चा मार्गपथ, उसमें लगे रहो। sadnasेवastsng भी stसngाबजnocowaw चौंक कर ध्यान में जाना।
क्या?
1 बात सोचो भगवान ने क्यूँ इतने.
तरह तरह दुनिया को बनाया.
ताकि तुम्हे चौंका दे आश्चर्य। अब 1 शिशु आपको। 1 आप बच्चों को को तोहफा देते हो। मान लीजिये यही 1 तोहफा है।
वो तोहफा हाथ में रहे।
ऐसे lg g.
आप उनके जन्म दिन पर दिवाली पर कभी उनको 1 तोहफा देते हो। और जब तोहफा मिलता है तो बच्चा क्या करता है?
वह उसमें तल्लीन होता है कि नहीं?
ऐसे बच्चों में आश्चर्य चकित होने से परमात्मा को भी वही अच्छा लगता। तुम्हे इतनी तरह के फूल, पत्ते लोग, ये सब तुम्हें थाली में भगवान दे रहे हैं।
तोहफा में तुम्हें उपहार के रूप में.
उस उपहार को देख के तुम चकित हो जाते हो।
ईश्वर भी प्रसन्न हो जाता। तुम करते दुनिया क्या है?
अरे जिस दुनिया को तुम्हारे हाथ में दिया, उससे चकित हो।
आनंदित हो लिए। हमारे पनि सारी, सारा, संसार, आनंद से आनंद आनंदे जातानी। जीवन सब कुछ आनंद से उत्पन्न हुआ है और ईश्वर आनंद रूप है।
आनंद लेंगे मत भजन चलो.
टाइम क्या.
हुआ.
सेवन फोर्टी सेवन फॉटी व 1.
भजन करो.
बम बम भोला बम बम भोला.
भोला बम बम भोला बम बम.
भोला बम बम भोला बम भोला बम.
बम बोल शिमशिमशिमशिमशिमशिम शिव शिव शिव बम बम भुला हर हर हर हर हर हर हर हर हर.
हर हर हर हर हर बम बम भुला.
िशिविभोलाहरहरहर हर हर हर हर हर.
हर.
हर बम.
बम बोल शिवशिवशिविविशिव.
भूल ना तुम बटे.
शंगोशन पशुपति ना तुम पते शमभोशंकरपशुपते भोलेना.
तुमा पते शमभोषणकरपशुपते बोले ना तुम पते.
शमभोशंकरपशुपते भोले ना तुमा पते शम्भुशंकर पशु पते बोले ना तुमा पते शम्भो पशुपति.
बोले ना तुमा पते शम्भो.
भोले ना.
तुमा पते शमभोशकरपशुपते भोले न तु पते.
श्रमभोषनककशुपते बोले ना तुमापतेशेभोले ना तुम पते श्रम्भोषनकरपशुपते बोले ना तू मापते शिव शिव.
शिवा हर हर हर हर हरा शिव शिव शिवा शिव शिवा हर हरा हर हरा शिव शिव शिवा शिव शिवा हर हरा हर हरा शिव शिवा शिव शिवा.
रा हर हरा शिव शिवा शिव शिवा हर हर हरा हरा शिव शिव शिवा शिव शिवा हर हर हर हर हर जवाब भूला भूला बमबम भोला बाबा भोला भोला भोला भोला बम बम भोला बाबा भोला.
हरा शिव शिवा अमबरुतधara अमबुtधhara गुरु srtne्aयहाँहै अम््ब्ृतधारा अमरुद धारा अमरुद धारा गुरु स संग है.
प्यार.
छोड़ हम को जादू शरण में डाल दुखो की गठरी चरण में छोड़ हमें को जादू शरण में डाल दुखों की गठरी चरण में, इन चरणों ने सब को है तारा ha beti mt धaraअmतधaraअम्रत.
रो से.
प्यार कितने जन्मो से प्यासा तू कभी सधनार कभी गिरा तू कितने जमो सत्या सा तू कभी संभाली गुरु वाणी ने तुझ को पुकारा यहाँ बैठी है अम्रत.
धारा अम्बतधराअम्बरत धारा गुरु सत्संग है प्राणों से प्यारा गुरु ससंग प्राणों से प्यारा.
पीले क्षण में हो जाए कर वो की पल.
जहर तेरा.
विलक्षण में प्रलय हो जाए रमो के बल मे जहर तेरा.
मे.
हो जाए कर्मों के फल.
में.
हो जयरमोकेफलमेतूभी बन जा। गुरु का दुलारा यहाँ बहती है अमर गुरु का सही प्राणों से प्यारा.