7 Productivity Secrets I Actually Use To Run Multiple Businesses

Sandeep Sir shares seven strategies he uses to run multiple businesses: schedule every task in a calendar, automate repetitive work with tools like Notion, template recurring tasks, prioritize income-generating work first, time-block your day, measure output weekly with numbers, and eliminate low-value activities. Discipline and systems beat motivation.
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कई बार मुझसे ये लोग पूछते है की संदीप सर आप डिजिटल आजादी चलाते हैं, आप हरिओम होलसेल साडियों की 4 दुकानें चलाते हैं, वजर प्रोडक्शन भी आपके घर में सीरियल्स का प्रोडक्शन भी चलता है। ये इतने सारे बिजनेसिज, ये इतने सारे काम, ये इतनी सारी लर्निंग, ये सब आप कैसे मैनेज कर पाते हो? 1 इंसान इतना काम कैसे कर सकता है? अगर आप चाहते है की आप मुझसे वो सारी तकनीक सीखे की जिससे मैं यह सब कुछ बहुत ईजीली कर सकता हूँ तो यह देखना जरूरी है। आज मैं आपको बता रहा हूँ मेरी सुपर प्रोडक्टिविटी का फॉर्मूला वो 7 चीजें बताना चाहता हूँ की जो करके मैं अपनी जिंदगी में बहुत मल्टीपल काम भी कर पाता हूँ। मल्टीपल फ्रेंड्स पर ध्यान भी दे पाता हूँ और अपने लिए मल्टीपल सोर्सेज ऑफ़ इनकम बना पाता हूँ। मेरी सुपर प्रोडक्टिविटी के फॉर्मूला 7 फार्मूला है जो में प्रैक्टिकली अपनी लाइफ में यूज करता हूँ और इसी लिए मैं आपको बताने वाला हूँ। सबसे पहला प्रोडक्टिविटी का मेरा फॉर्मूला है की शेड्यूल सेड्यूल कर लो। इसका मतलब क्या है? जो सेड्यूल करोगे वो होगा, जो सेड्यूल नहीं करोगे वो हंड्रेड परसेंट नहीं होगा, जो भी आप सेड्यूल करोगे। जो भी आप अपने टाइम टेबल में लिखोगे वो शायद होगा। लेकिन अगर आप शेड्यूल ही नहीं करोगे तो वो हंड्रेड परसेंट नहीं होगा। मोटीवेशन से ज्यादा जरूरी डिसिप्लिन होता है जब आपका बिजनेस मोटिवेशन की वजह से चल रहा है, आप खतरे में हो। मोटीवेशन से किसी भी चीज की शुरुआत होती है लेकिन लंबे समय तक अगर उसे दौड़ाना है तो डिसिप्लिन बहुत ज़रूरी है। फॉर एग्जाम्पल, मेरे, फिक्स, टाइम, स्लॉट से मैंने कोंटेंट कब बनाना है, मैंने बिजनेस कब करना है, मैंने पढाई कब करनी है, ये सब कुछ फिक्स है। इसके लिए सिम्पल सा, टूल, गूगल कैलेंडर आप यूज कर सकते हो। आपके मोबाइल फ़ोन के अन्दर जो कैलेंडर है उसमें सेड्यूल कर लो। देखो रूल क्या है अगर कैलेंडर में नहीं है तो वो काम एक्जिस्ट नहीं करता। तो अगर आप कभी मुझे बुलाओ की सर शादी पर आइए बडडेपडडीपरआइए यहाँ आइए, वहाँ आइए, ये मीटिंग, वो मीटिंग, अगर मैंने उसे अपने कैलेंडर में नहीं डाला है तो मैं मेरी टीम उस काम को काम ही नहीं मानता। और अगर मुझे करना है और सचमुच, आई, वांट, टू, डू इट तो मैं उसे शेड्यूल कर दूंगा और सेड्यूल करूँगा तो नाइनटी परसेंट, नाइंटी फाइव परसेंट तो मैं उसे कर देता हूँ। कभी कभी ऐसा हो जाता है की चीजें बदल जाती हैं या अचानक से कुछ आ जाता है तो कुछ चीजें रह जाती है। वी आर ऑल, ह्यूमन मींस लेकिन द फर्स्ट, रूल ऑफ प्रोडक्टिविटी इज। ताटस्केड्यूलिंग अपना सेड्यूल बनाना शुरू कर दीजिए। अगर आप आने वाले समय में अपनी प्रोडक्टिविटी बढाना चाहते हैं तो स्केड्यूल करना शुरू कीजिए, सिम्पल एक्सेल या सिम्पल गूगल कैलेंडर पर अपना शेड्यूल बना लीजिये और कौन सा काम कब करना है उसे अंकित करना शुरू कर दीजिए। दिस इस नंबर वन नंबर टू इस ऑटोमाइजेट ऑटोमाइजेटअबइसकी थेयरी क्या है। तेरी यह है कि अगर कोई 1 काम है जो आप बार बार करते हो सेम काम रिपीटेड, बार बार बार बार बार बार वही काम तो आप अपना टाइम वेस्ट कर रहे है। आपका काम है सिस्टम बनाना, क्यूँकी सिस्टम काम करेगा आप नहीं, तुम नहीं काम करोगे, सिस्टम में काम करना चाहिए। फॉर एग्जाम्पल लीड आती है, उसे ऑटोमेटिकली मैसेज जाता है। कोई फॉर्म फिल करता है, ऑटोमेटिकली हमारे सीआरएम में एंट्री हो जाती है, फॉलो अप होता है तो उसे हम सेड्यूल कर देते है, फॉलो आप होता रहता है। तो जो काम आपको बार बार करने पड़ते हैं उसे ऑटोमाइज करना शुरू कर दीजिए। ऑटोमाइजेशन के जो टूल्स हैं वो हैं जेपी पब्लि और एन ए, एन पब्लि और एनएन डिजिटल। आजादी में आपको सिखाया गया है। जेपीअरपैब्ली का ही भाई है। थोड़े से बटन अलग दिखते हैं। लेकिन काम दोनों का सेम। इन टूल्स को यूज करके आप ऑटोमाइजिंग शुरू कर सकते हैं। द रूल से अगर कोई भी काम रिपीट हो रहा है तो उसे ऑटोमाइजकरो सिम्पल है। दैट जो काम रिपीट हो रहा है, बार बार हो रहा है। किसी फ्रीक्वेंसी में वीकली मंथली, बाई मंथली, क्वार्टर ले, सिक्स मंथ ली या हर रोज इस समथिंग, इज गेटिंग रिपीटेड, जस्ट ऑटोमाइजेट, उसके पीछे ऑटोमेशन लगा। 2 ऑटोमाइजकरना शुरू कर दीजिये। दिस इस सेकेंड थर्ड इज टेम्प्लेटाइजिट टेम्प्लेटाइजइट इसका मतलब क्या है हर बार सेम काम नए तरीके से मत करो। 1 काम अगर 1 तरीके से सही हो रहा है और अगली बार उसे करना है, दुबारा करना है, रिपीटेडली करना है तो उसकी टेम्पलेट बना लो, टेम्पलेट का सिम्पल मतलब है। 1 कागज बना लो, 1 सीड बना लो, 1 डॉक्यूमेंट बना लो जिसमें यह काम कैसे करना है, लिखो फॉर एग्जाम्पल, आपकी ऐड की कॉपी का टेम्पलेट, आपका हुक या रील बनाने का टेम्पलेट, आपके व्हाट्सएप के रिप्लाइज का टेम्पलेट जो रिप्लाई आपको बार बार बार बार देने पड़ते हैं, whatsapp पे उसके टेम्पलेट्स बना के रख। 2 आपका काम आसान हो जाएगा। इसके लिए आप टूल यूज कर सकते हो जैसे कैनवा अगर आपको बार बार कोई आड कॉपी का टेम्पलेट यूज करना पड़ता है तो कैनवा कर लो या टाइप कर लो या मेसेजेज सेव कर लो, व्hat्सapप कर लो। रूल ये कहता है की क्रिएटिविटी इज नौट, इक्वल टू, स्टार्टिंग फ्रॉम जीरो, हर बार जीरो से शुरू करके अलग अलग तरीकों से काम करना जरूरी नहीं होता। इट इज नॉट कॉल्ड क्रिएटिविटी आप टेम्प्लेटाइज करके अपना काम आसान कर सकते हो। तो रूल नंबर वन, व शेड्यूलेटरूलनंबr, to, इस ऑटोमाइजेट, रूल नंबर थ्री, इस टेmpलेटाiजेट, फोर्थ, स्ट्रैटेजी प्रायोरेटाइजेट और ये बहुत इम्पोर्टेंट स्ट्रैटेजी है। गाई आप बिजी हैं पूरा दिन काम कर रहे हैं इसका मतलब यह नहीं है कि आप प्रोडक्टिव है। तो आप देखोगे की पूरा दिन काम करने के बाद भी कभी कभी रात को हमें ऐसा महसूस होता है की यार मैंने आज शायद कुछ खास किया, नहीं कुछ हुआ ही नहीं। तो फिर आप पूरा दिन किस चीज में बिजी थे। होता यह है की आप बेवजह के कामों में जब समय देना शुरू करते हो तो आपकी प्रोडक्टिविटी जो है वो कम हो जाती है। मेथड क्या है मेथड यह है की रोज आप 2 से 3 कम लिखो, जो मोस्ट इम्पोर्टेंट है। आज के दिन सबसे जरुरी काम क्या है? 12345 लिखो, उसके बाद जिनसे पैसे आने वाले हैं वो काम पहले करो, जो आपके रेवेन्यू इनकमिंग वाले काम हैं, वो काम पहले करो, बाकी सब बाद में, तो हो सकता है कि आप में से कई सारे लोग टूडू लिस्ट बनाते हैं की भाई कितने काम हैं मेरे पास, तो आपको क्या करना चाहिए की उस टूरिस्ट को देख कर जिन कामों से ऐक्चवली पैसा अपने घर में, अपने बैंक अकाउंट में, अपने बिजनेस में आने वाला है, इनकमिंग जहाँ से होने वाली है उसे हाईलाइट कर लो और वो काम पहले करना शुरू करो। इसे कहते हैं प्राइवरेटाइजिंग, अगेन टूल चाहिए, नोशन यूज़ करो, गूगल डॉक्यूमेंट यूज करो, बाइंड मैप यूज करो, आपकी मर्जी है। ओके रूल, ये कहता है कि जो पैसा लाता है वो पहले होता है। ओके, तो प्रायरटाइज पांचवा है। टाइम ब्लॉक ट अपने समय के ब्लॉक्स बनाओ, ब्लॉक्स कैसे समझो अगर आप 1 समय पर 23 काम कर रहे हो, यहाँ पर टाइप भी कर रहे हो, सोच भी रहे हो, की मैं क्या करूँगा, टीवी भी देख रहे हो, खाना भी खा रहे हो, कुछ भी, अगर, 34 काम, 1 साथ कर रहे हो, आप गड़बड़ कर दोगे, एग्जांपल मैं कैसे अपना दिन प्राइवेटाइज करता हूँ, वो समझा रहा हूँ, प्रैक्टिकली अगर मुझे पढाई करनी है, कोई कोर्स कम्पलीट करना है, कोई ट्रेनिंग कम्पलीट करना है। सुबह 4 बजे से सुबह 7 बजे तक मैं लर्निंग करता मॉर्निंग, फोर टू मॉर्निंग सेवन 3 घंटे लर्निंग, 7 बजे से 9 बजे तक हेल्थ वॉक पर चले जाओ, जॉक पे चले जाओ, साइकिल पे चले जाओ, रनिंग स्विंग आजकल गर्मी या स्वीमिंग करो, कुछ नहीं तो टहलने चले जाओ, कुछ नहीं तो योगा करो, बिडिंग करो, टीवी पर देख कर, जुदा करो, कुछ भी करो, अपनी सेहत को डाल। 29 बजे के बाद मैं घर आता हूँ, नशा होता है, नहाना धोना होता है, सब होता है। 11 बजे से 2 बजे तक मैं सिर्फ ऑफिस के काम करता हूँ, इंटरनल ऑफिस के काम जो भी है, कोई मीटिंग है, कोई इन्स्ट्रक्शन है, कुछ बनाना है, कुछ किसी को देना है, डेलीगेशन है, कुछ चेक करना है, कोई वेंडर्स के साथ मीटिंग है। तब 11 ऐसी 2 के बीच में 2 बजे के बाद खाना बना होता है, थोड़ा आराम होता है। फिर 4 बजे से 6 बजे तक कॉन्टेंट बनाता हूँ, जैसे आज 4 बजे से 6 बजे तक में यह कॉन्टेंट बना रहा था की मेरी प्रोडक्टिविटी अच्छी क्यूँ है और मैं अपने स्टूडेंट्स को ऐसा क्या दे सकता हूँ की जिससे उनकी प्रोडक्टिविटी बेहतर हो, तो ये कॉन्टेंट मैंने 4 बजे से 6 बजे तक बना लिया, 6 बजे से 7 बजे तक मैं छोटा ब्रेक लेता हूँ और फिर 7 बजे से 9 बजे तक मैं डिलीवरी करता हूँ, मंगलवार को नसकल मीटिंग, बुधवार को रणनीति हैकेथोन, गुरुवार को डायमंड, सक्सेस मीटिंग, फ्राइडे को मैं, एल वन के विनाश करता हूँ लाइन से संडे छुट्टी, मंडे को भी छुट्टी तो टाइम ब्लॉक करना शुरू करो, इस समय में ये ही काम होगा। तो अब अगर कोई कहता न मुझसे की सिर आपसे मिलना है, आपके पास आना है तो 11 से 2 लेट्स एट 2 बजे के बाद में और मेरी पूरी टीम और मेरे पूरे ऑफिस को पता है की 4 बजे से 6 बजे तक सर्दी सर का फ़ोन साइलेंट हो जाता है, बंद हो जाता है। वो बैठ कर कॉन्टेंट बना रहे होंगे, मेरे घर में, परिवार में सबको पता है। 7 बजे से 9 बजे तक मंगलवार से लेकर शुक्रवार तक चलता होगा तो डिस्टर्ब नहीं करना, सब लोग आपके हिसाब से एडजस्ट करना शुरू करेंगे। अगर आपके लाइफ में रूटीन है, अगर आप भी ये कर रहे हो, वो कर रहे रहे हो, कभी जा रहे हो, आपकी लाइफ में कोई रूटीन नहीं है तो बाकी दुनिया कैसे एडजस्ट कर, सिम्पल टूल यूज करो, गूगल कैलेंडर बस अपना टाइम स्टेड्यूल कर, लो रूल यह है 1 टाइम पे, बस 1 काम करो, स्पीड दुगनी हो जाएगी। 1 टाइम पे, बहुत सारे काम करना शुरू करोगे, यू विल लूज, योर टाइम आप थका थका महसूस करोगे, आपका काम भी नहीं होगा, रिजल्ट भी नहीं आएगा, यू विल नॉट गेट, सर्टिफेक्शन प्लीज, 1 टाइम पर, 1 काम करो, स्पीड दुगनी हो जाएगी। ट्रस्ट ट्रस्ट द प्रोसेस, टाइम ब्लॉक कीजिए छटा है, ट्रेट जो मेजर होता है वो इम्प्रूव होता है, मैंने काम लिख के रखे है, लेकिन सिर्फ लिख के मैं भूल नहीं जाता। मैं मेजर करता हूँ की कितने ग्रीन है, कितने रेड है, कितने काम मैंने किए, कितने काम मेरे नहीं हुए, हर हफ्ते मैं देखता हूँ की इस हफ्ते मेरे 2 काम रेड है, इस हफ्ते मेरे यार 3 काम रेड हो गए। तो मैं अपनी प्रोडक्टिविटी को मेजर करता हूँ, तो मुझे पता होता है की इस हफ्ते मेरा फोकस कितना और फिर किसी हफ्ते अगर मुझे ऐसा लगता है की मेरा फोकस अच्छा नहीं था तो क्यों अच्छा नहीं था, इस हफ्ते क्या किया मैंने मैं लेट नाइट तक जागा। रात को 10 बजे पिक्चर देखने चला गया, फिर डेढ़ बजे आया, 2 बजे या फिर दूसरा दिन 4 बजे उठ नहीं पाया, फिर पूरा दिन बर्बाद हो गया। तो मुझे पता चलता है की मुझे क्या करना चाहिए, क्या नहीं करना चाहिए। फिर पिक्चर देखनी है तो सैटरडे संडे मंडे को जाओ, सुबह 10 बजे, 12 बजे दोपहर को 2 बजे इंजॉय करो। रात को लेट नाइट शो नहीं देखना है, क्यूँ लेट नाइट शो देखूंगा तो पूरा दिन अगला बर्बाद होगा, सिम्पल सिम्पल चीजें हैं, गाईज दी, सिम्पल सिम्पल चीजे। पर अगर आप अपनी लाइफ को ऑर्गेनाइज करोगे तो आपकी प्रोडक्टिविटी बढ़ जाएगी। तो मेजर करना शुरू करो। जो मेजर होता है वो इम्प्रूव होता है। ट्रैक करो कितना कॉन्टेंट का उटपुट डाल रहे हो, कितने लीड जनरेट कर रहे हो, कितना पैसा ला रहे हो, कितने टास्क कम्पलीट कर रहे हो, टास कम्पलीट कितने हो रहे हैं, ये सब ट्रैक करो। ट्रैक करने के लिए टूल चाहिए। गूगल शीट यूज करो या कोई न कोई हैबिट ट्रैक कर। जैसे मैं अपने डायमंड मेंबर्स को लेवल अप देता हूँ तो हमारे जो लेवल जो हमारे डायमंड मैंबर है उन्हें लेवल प नाम का 1 अलग सॉफ्टवेयर मिलता है जिसमे मैं उनकी हैबिटस्ट्रैक करता हूँ। यूजिंग कोई न कोई ऐसा सॉफ्टवेयर या फिर गूगल शीट बना लो जैसे मैंने बनाई है। रूल ये कहता है की गैस मत करो नंबर देखो। सर मैं बहुत काम कर रहा हूँ अरे कितना नंबर होना चाहिए न कि सिर। मैंने इस हफ्ते 20 इम्पोर्टेंट काम कम्पलीट किया सिर मैंने इस हफ्ते सिर्फ 5 इम्पोरटेंट काम कम्पलीट किया। अगर आपको आंकड़ा नहीं पता, नंबर नहीं पता, फिर नहीं पता। आप गैस मार रहे हो। मैं बहुत मेहनत कर रहा हूँ। सच में आप यह समझ पा रहे हो की जो मैं ऐक्चवली करता हूँ वही आप लोगों को करने के लिए कह रहा हूँ। ट्रैकिंग और सातवी चीज है एलिमिनेटेड नो दिस इस द मोस्ट इमपोर्टंट सातवां सबसे इम्पोर्टेट है। एलिमिनेटेड का मतलब क्या है आपकी जिंदगी में सब कुछ करना जरूरी नहीं है। डोंट डू vरythिंगexampl बेवजह की मीटिंग मत करो रैंडम अपने मोबाइल पे, बैठ के स्क्रोलिंग, मत कीजिए लो, वैल्यू के टास्क, मत कीजिए आई म सीइंग दिस आफ्टर लॉट ऑफ ेक्सपीरियेंस 1 टाइम पे 1 काम करो और हर काम करना जरूरी नहीं है। स्टार्ट एलिमिनेटिंग थिंग्स फ्रॉम योर लाइफ जो लो वैल्यू वाले काम हैं वो मत करो इस ओके कुछ नहीं खराब होगा अगर नहीं करोगे और इसका कोई टूल नहीं है इसलिए मैंने लिखा दर इज नो टूल अब इसका क्या टूल है बट दर इज अ माइंडसेट शिफ्ट आपका माइंडसेट शिफ्ट होना जरुरी है। रूल ये कहता है की प्रोडक्टिविटी काम कम करना, इज इक्वल टु सही काम करना है। मतलब अगर आपको आपकी प्रोडक्टिविटी बढ़ानी है तो काम कम करो और सही काम करो बेवजह के काम मत करो। दिस इस सेवेन स्ट्रेटेजीज जो में यूज करता हूँ। अपनी सुपर प्रोडक्टिविटी के लिए सेवेन इजी एंड प्रैक्टिकल सुपर प्रोडक्टिविटी हैक्स। अब मुझे चैक कॉमेंट में लिखकर बताओ कि इन सातों में से सबसे ज्यादा घंटी बजाने वाला आपके लिए कौन सा था।
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