A Hindi speaker shares advice for people moving to Canada, focusing on the mental and emotional challenges you'll face. He emphasizes adjusting to cultural differences, managing your ego, and using the move as a chance for personal growth.
तो जब भी आप कनाडा आने की सोचे आप ये बात जरूर सोचोगे सबसे पहले आपके साथ आपका माइंड आने वाला है और माइंड को समझा के आना देखो बेटा 2 साल तक कोई चूचू नहीं होनी चाहिए क्यूंकि 2 साल में दोस्त भी ही मिलेंगे यहाँ लोग टाइम पे सो जाते है इंडिया के जैसे पार्टी नहीं होती है रोज और काम करने के तरीके थोड़े अलग है, बहुत सी चीजें डिसप्ले है उसमे थोड़ा सा ढलने में समय लगता है और रोना आता है अरे मैं कहाँ आ गया कहाँ फंस गया उसके बाद आपकी के बोलेगी में क्या था, मैं क्या था चाहे कुछ भी नहीं हम बने लेकिन हम हमेशा अपने आप को कुछ समझते है की मै यहाँ पहुँच गया, सोसाइटी में इज्जत है, 5 लोग के सामने बैठते हो, यहाँ आओगे कोई इज्जत वगैरह नहीं है और कोई कर भी नहीं करता तो आपको कोई गैस स्टेशन में काम कर रहा है कुछ कर रहा है या अगर जॉब भी कर रह है तो छोटा जॉब कर हा है ऑंटरपरशिपभीकररा छोटा कर रहा सबसे पहले ईगो का टेस्ट होगा रेडी हो के आना की ईगो का टेस्ट होगा आपका उसके बाद लेकिन 1 बात है जब आप जगह से प्यार करने लगते हो अपने आप अपनी आने वाली ओपोर्चुनिटी से प्यार करने लगते जाते हो लोग जो आ रहे उनको ब्लेसिंग देखने लग जाते हो, लाइफ में चीजें बहुत जल्दी बदलने लग जाती है।